Subrata Roy Son: सहारा समूह के संस्थापक सुब्रत रॉय (Subrata Roy) पंचतत्व में विलीन हो गए, लेकिन बिडंबना यह रही कि अंतिम संस्कार में भी उनके दोनों बेटे नहीं पहुंचे, सुब्रत की पत्नी अपने पोते के साथ भारत आईं और पोते हिमांक रॉय ने उन्हें मुखाग्नि दी, सुब्रत की पत्नी और उनके दोनों बेटों के पास मेसेडोनिया (Macedonia) की नागरिकता है।
सुब्रत रॉय ने भारतीय कानून से बचाने के लिए अपने परिवार के सदस्यों को Macedonia की नागरिकता दिला दी, लेकिन जिस परिवार के लिए सुब्रत रॉय ने इतना कुछ किया वह आखिरी समय में उनके साथ नहीं खड़े हो पाए।
फिल्म और राजनीति जगत की कई हस्तियां मौजूद रहीं
सुब्रत रॉय के अंतिम संस्कार के दौरान फिल्म और राजनीति जगत की कई हस्तियां लखनऊ में मौजूद रहीं वहीं सहारा इंडिया परिवार और सहारा समूह से जुड़े भारी संख्या में कर्मचारी भी मौजूद रहे, सुब्रत रॉय को उनके 16 वर्षीय पोते ने मुखाग्नि दी, लखनऊ में सहाराश्री सुब्रत रॉय सहारा को अंतिम विदाई दी गई गौर हो कि मंगलवार को सहाराश्री ने अंतिम सांस ली थी। इसके बाद लखनऊ के सहारा शहर में लोगों ने पहुंचकर सुब्रत रॉय को श्रद्धांजलि अर्पित की थी।
सहाराश्री को श्रद्धांजलि देने वालों का तांता लगा रहा
इससे पहले सुब्रत रॉय की पत्नी स्वप्ना रॉय 10वीं में पढ़ने वाले पोते हिमांक, भतीजी प्रियंका सरकार और परिवार के अन्य सदस्यों के साथ बुधवार को लखनऊ पहुंची थीं जबकि सहाराश्री का पार्थिव शरीर एक चार्टर्ड विमान से लखनऊ लाया गया जहां सहारा शहर में उनका शव अंतिम दर्शनों के लिए रखा गया था,उन्हें श्रद्धांजलि देने वालों का तांता लगा रहा देशभर से लोग उनके अंतिम दर्शनों के लिए लखनऊ पहुंचे।
