ET NOW Global Business Summit 2026 को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि पहले की सरकारो में रिफॉर्म मजबूरी में किए जाते थे। पीएम मोदी ने कहा कि जब देश पर दिवालिया होने का खतरा मंडरा रहा था तब 1991 के रिफॉर्म हुए थे। इसके साथ ही पीएम मोदी ने मुंबई हमले और पावर ग्रिड फेल होने के मामले पर भी कांग्रेस पर हमला किया।
जब देश का सोना रखना पड़ा था गिरवी
प्रधानमंत्री मोदी ने कहा है कि भारत में पहले की सरकारें अक्सर सुधार (रिफॉर्म) मजबूरी में करती थीं, न कि दूरदृष्टि के साथ। उन्होंने 1991 के आर्थिक सुधारों का उल्लेख करते हुए कहा कि उस समय देश पर दिवालिया होने का खतरा मंडरा रहा था और भारत को अपना सोना तक गिरवी रखना पड़ा था। ऐसे संकट के बाद ही बड़े आर्थिक फैसले लिए गए।
26/11 मुंबई आतंकी हमले का जिक्र
प्रधानमंत्री ने कहा कि यह पैटर्न सिर्फ अर्थव्यवस्था तक सीमित नहीं रहा। उन्होंने 26/11 मुंबई आतंकी हमले का जिक्र करते हुए कहा कि उस घटना के बाद ही तत्कालीन कांग्रेस सरकार को राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) बनाने की जरूरत महसूस हुई। उनका कहना था कि जब तक गंभीर संकट सामने नहीं आया, तब तक ठोस संस्थागत सुधार नहीं किए गए।
जब फेल हुए थे भारत में ग्रिड
उन्होंने पावर सेक्टर का भी उदाहरण दिया। प्रधानमंत्री के मुताबिक, जब बिजली क्षेत्र में हालात बिगड़ गए, ग्रिड फेल होने लगे और व्यवस्था चरमरा गई, तब जाकर सुधारों की बात की गई। उनका तर्क था कि जब सुधार Compulsion यानी मजबूरी में किए जाते हैं, तो न तो उनके परिणाम प्रभावी होते हैं और न ही देश को दीर्घकालिक लाभ मिलता है।
देश और दुनिया की ताजा ख़बरें (News in Hindi) पढ़ें हिंदी में और देखें छोटी बड़ी सभी न्यूज़ Times Now Navbharat Live TV पर। देश (India News) अपडेट और (आज की ताजा खबर) के लिए जुड़े रहे Times Now Navbharat से ।
