VIDEO: PM मोदी ने सोमनाथ मंदिर में की पूजा-अर्चना, मंत्रोच्चार के बीच आतिशबाजी से जगमगाया आसमान
- Edited by: अनुराग गुप्ता
- Updated Jan 10, 2026, 11:35 PM IST
Somnath Temple: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार को सोमनाथ मंदिर में पूजा-अर्चना की। 'सोमनाथ स्वाभिमान पर्व' के तहत पीएम मोदी ने सोमनाथ मंदिर में 'ॐकार मंत्र' के जाप में हिस्सा लिया। यह कार्यक्रम मंदिर पर 1000 वर्ष पहले हुए आक्रमण की पृष्ठभूमि में आयोजित किया जा रहा है। ये 'स्वाभिमान पर्व' आठ जनवरी को शुरू हुए और 11 जनवरी को समाप्त होंगे।
पीएम मोदी ने सोमनाथ मंदिर में की पूजा अर्चना (फोटो साभार: @BJP4Gujarat)
Somnath Temple: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार को सोमनाथ मंदिर में पूजा-अर्चना की। 'सोमनाथ स्वाभिमान पर्व' के तहत पीएम मोदी ने सोमनाथ मंदिर में 'ॐकार मंत्र' के जाप में हिस्सा लिया। यह कार्यक्रम मंदिर पर 1000 वर्ष पहले हुए आक्रमण की पृष्ठभूमि में आयोजित किया जा रहा है। ये 'स्वाभिमान पर्व' आठ जनवरी को शुरू हुए और 11 जनवरी को समाप्त होंगे।
श्री सोमनाथ ट्रस्ट की महत्वपूर्ण बैठक में मंदिर परिसर के इंफ्रास्ट्रक्चर अपग्रेडेशन, तीर्थयात्रियों की सुविधाओं में सुधार और सोमनाथ को और अधिक आकर्षक तीर्थस्थल बनाने के विभिन्न पहलुओं पर विस्तृत चर्चा हुई।
आतिशबाजी से जगमगाया आसमान
सोमनाथ स्वाभिमान पर्व के दौरान सोमनाथ मंदिर के ऊपर रात का आसमान आतिशबाजी से जगमगा उठा। प्रधानमंत्री मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर इस बैठक की जानकारी साझा करते हुए लिखा, "सोमनाथ में मैंने श्री सोमनाथ ट्रस्ट की एक मीटिंग की अध्यक्षता की। हमने मंदिर परिसर में इंफ्रास्ट्रक्चर अपग्रेडेशन से जुड़े अलग-अलग पहलुओं और सोमनाथ की तीर्थयात्रा को और भी यादगार बनाने के तरीकों पर चर्चा की।"
'सोमनाथ स्वाभिमान पर्व' भारत के उन अनगिनत नागरिकों को याद करने के लिए मनाया जा रहा है जिन्होंने मंदिर की रक्षा के लिए बलिदान दिया है, जो आने वाली पीढ़ियों की सांस्कृतिक चेतना को प्रेरित करता रहेगा। महमूद गजनी ने 1026 ईस्वी में सोमनाथ मंदिर पर हमला किया था, जिसके 1,000 वर्ष पूरे होने पर यह कार्यक्रम आयोजित किया गया है।
एक बयान में कहा कि सदियों से इसे नष्ट करने के कई बार प्रयास किए जाने के बावजूद सोमनाथ मंदिर आज आस्था और राष्ट्रीय गौरव के एक शक्तिशाली प्रतीक के रूप में खड़ा है, यह सब मंदिर की प्राचीन महिमा को बहाल करने के सामूहिक संकल्प और प्रयासों के कारण संभव हुआ है।
स्वतंत्रता के बाद सरदार वल्लभभाई पटेल ने मंदिर के जीर्णोद्धार का प्रयास किया। इस पुनरुद्धार यात्रा में सबसे महत्वपूर्ण उपलब्धियों में से एक 1951 में हासिल हुई, जब तत्कालीन राष्ट्रपति राजेंद्र प्रसाद की उपस्थिति में जीर्णोद्धार किए गए सोमनाथ मंदिर को औपचारिक रूप से भक्तों के लिए खोल दिया गया।
देश और दुनिया की ताजा ख़बरें (News in Hindi) पढ़ें हिंदी में और देखें छोटी बड़ी सभी न्यूज़ Times Now Navbharat Live TV पर। देश (India News) अपडेट और चुनाव (Elections) की ताजा समाचार के लिए जुड़े रहे Times Now Navbharat से ।