AI Summit Protest Row: दिल्ली के पटियाला हाउस कोर्ट ने एआई समिट में प्रदर्शन मामले को लेकर इंडियन यूथ कांग्रेस ( IYC )के राष्ट्रीय प्रभारी मनीष शर्मा को अग्रिम जमानत दे दी। कोर्ट ने जमानत देते हुए आदेश दिया कि मनीष शर्मा कल पुलिस की पूछताछ मे शामिल होंगे। बता दें कि 20 फरवरी को शर्टलेस प्रदर्शन को लेकर यूथ कांग्रेस के कई कार्यकर्ताओं को हिरासत में लिया गया था।
इससे पहले कोर्ट ने आरोपी राजीव कुमार को 28 मार्च तक अंतरिम जमानत दे दी है। साथ ही अदालत ने उसे जांच में शामिल होने और जांच अधिकारी के साथ सहयोग करने का निर्देश दिया है।
विकास चिकार को भी मिली जमानत
इससे पहले पटियाला हाउस कोर्ट ने शुक्रवार को इंडियन यूथ कांग्रेस (IYC) के राष्ट्रीय महासचिव विकास चिकार को एआई समिट प्रदर्शन मामले में अग्रिम जमानत प्रदान की। दिल्ली पुलिस ने उन्हें इस मामले का कथित षड्यंत्रकारी बताया था और उनके खिलाफ नॉन-बेलिएबल वारंट (NBW) भी जारी किया गया था। अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश अमित बंसल ने जमानत देते हुए निर्देश दिया कि विकास चिकार कल क्राइम ब्रांच में जांच में शामिल हों। मामले की अगली सुनवाई 28 मार्च को होगी।
सुनवाई के दौरान दिल्ली पुलिस की ओर से ASG डी.पी. सिंह और एडवोकेट प्रशांत प्रकाश उपस्थित थे। उन्होंने कहा कि यदि विकास चिकार जांच में सहयोग करेंगे तो उन्हें अग्रिम जमानत देने में कोई आपत्ति नहीं है। विकास चिकार की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता तनवीर अहमद मीर के साथ राजीव मोहन, स्वप्निल त्रिपाठी, रूपेश सिंह भदौरिया और चितवन गोदारा मौजूद थे। वकीलों ने अदालत को बताया कि विकास चिकार जांच में शामिल होंगे।
15 आरोपियों को जमानत दे चुकी है कोर्ट
पुलिस के अनुसार, विकास चिकार 15 फरवरी को एक रेस्टोरेंट में अन्य आरोपियों के साथ हुई बैठक में मौजूद थे और हिमाचल सदन में भी शामिल रहे। वह 20 फरवरी को भारत मंडपम में आयोजित एआई समिट में IYC कार्यकर्ताओं द्वारा किए गए प्रदर्शन का कथित षड्यंत्रकारी भी बताए जा रहे हैं। पटियाला हाउस कोर्ट पहले ही 15 आरोपियों को जमानत दे चुकी है, जिनमें IYC अध्यक्ष उदय भानु चिब भी शामिल हैं।
