Gujarat panchayat junior clerk exam: रविवार 29 जनवरी को गुजरात में पंचायत जूनियर क्लर्क भर्ती के लिए परीक्षा होनी थी। लेकिन पेपर लीक के बाद एग्जाम को कैंसिल कर दिया गया है। इन सबके बीच राज्य सरकार ने फैसला किया है छात्रों को घर तक जाने के लिए राज्य सड़क परिवहन निगम की बसों में टिकट नहीं लेना होगा। लेकिन इस विषय पर सियासत भी शुरू हो चुकी है। दिल्ली के सीएम अरविंद केजरीवाल ने पूछा कि आखिर हर बार ऐसा क्यों हो रहा है। बता दें कि इस परीक्षा में 9.5 लाख से अधिक छात्रों ने पंजीकरण कराया था।
15 आरोपी गिरफ्तार
गुजरात पंचायत सेवा चयन बोर्ड, गांधीनगर ने कहा कि पुलिस को मिली सूचना के आधार पर एक संदिग्ध इसम को गिरफ्तार कर उसके पास से उपरोक्त परीक्षा के प्रश्नपत्र की कॉपी बरामद की गयी. आपराधिक पुलिस कार्रवाई और आगे की जांच की जा रही है। नील जोशी, एसपी, गुजरात एटीएस ने कहा कि पिछले पेपर लीक की घटनाओं से जुड़े लोगों पर लगातार नजर रख रही थी. वडोदरा से 15 आरोपियों को प्रश्नपत्रों के साथ गिरफ्तार किया गया है। सरकार ने परीक्षा रद्द करने का फैसला किया। आगे की जांच जारी है।
अरविंद केजरीवाल ने साधा निशाना
पुलिस के मुताबिक पांच आरोपी गुजरात के और 10 बाहरी राज्यों के हैं। पंचायत जूनियर क्लर्क के 3350 पदों के लिए भर्ती के लिए एग्जाम आयोजित किया गया था। पेपर लीक के खिलाफ छात्रों ने अलग अलग केंद्रों पर विरोध किया। दिल्ली के सीएम अरविंद केजरीवाल ने बार बार पेपर लीक होने की वजह से करोड़ों नौजवानों का भविष्य खराब हो रहा है। दिल्ली के डिप्टी सीएम मनीष सिसोदिया ने भी निशाना साधा। आज फिर गुजरात में भाजपा ने लाखों युवाओं की उम्मीदों पर पानी फेरतै हुए जूनियर क्लर्क की परीक्षा का पेपर लीक करा दिया ! पेपर लीक मामले में भाजपा ने अपना ही रेकोर्ड तोड़ दिया ! 9 लाख से ज़्यादा युवा इसकी परीक्षा देने वाले थे ! मगर उन सबके सपने भाजपा ने तोड़ दिए !
