देश

खाड़ी देशों-पश्चिम एशिया में फंसे लोगों के लिए MEA ने की खास व्यवस्था, बनाया स्पेशल कंट्रोल रूम, जारी किए हेल्पलाइन नंबर

एमईए के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने X पर कहा कि बढ़ते तनाव के बीच लोगों की मदद के लिए विशेषकर एक कंट्रोल रूम बनाया गया है। आधिकारिक विज्ञप्ति के मुताबिक यह कंट्रोल रूम सुबह नौ बजे से रात नौ बजे तक काम करेगा। इस दौरान 1800118797 (टोल फ्री), +911123012113, +911123014104 और +911123017905 पर संपर्क कर मदद ली जा सकती है।

Image

खाड़ी देशों में फंसे नागरिकों के लिए हेल्पलाइन नंबर जारी।

Photo : ANI

MEA helpline numbers for Gulf Region: ईरान पर अमेरिका-इजरायल के हमलों के बाद खाड़ी एवं पश्चिम एशिया में लागातार बदल रहे हालातों के बीच भारत ने अपने नागरिकों की मदद करने के लिए खास व्यवस्था की है। विदेश मंत्रालय ने इन देशों में फंसे अपने नागरिकों तक मदद पहुंचाने के लिए स्पेशल कंट्रोल रूम बनाए हैं और हेल्पलाइन नंबर जारी किए हैं। एमईए के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने X पर कहा कि बढ़ते तनाव के बीच लोगों की मदद के लिए विशेषकर एक कंट्रोल रूम बनाया गया है। आधिकारिक विज्ञप्ति के मुताबिक यह कंट्रोल रूम सुबह नौ बजे से रात नौ बजे तक काम करेगा। इस दौरान 1800118797 (टोल फ्री), +911123012113, +911123014104 और +911123017905 पर संपर्क कर मदद ली जा सकती है।

इसके अलावा एमईए ने खाड़ी एवं पश्चिम एशिया में मौजूद अपने दूतावासों से संपर्क करने के लिए आपात नंबर भी जारी किए हैं।

बहरीन के लिए

+97339418071

ईरान के लिए

+989128109115, +98912810910, +98932179359

इराक के लिए

+9647716511186, +9647704444899

इजराइल के लिए

+972 54 7520711 / +972 54 2428378

जॉर्डन के लिए

+962 770 422 276।

कुवैत के लिए

+965 65501946

लेबनान के लिए

+961 76860128

ओमान के लिए

+968 98282270 (व्हाट्सऐप) / 80071234 (टोल फ्री)

कतर के लिए

+974 55647502

रामल्लाह, फिलिस्तीन के लिए

+970 592916418

सऊदी अरब (रियाद) के लिए

+966 11 4884697 / 800 247 1234 (टोल फ्री)

सऊदी अरब (जेद्दा) के लिए

+966 126648660 / +966 12 2614093

संयुक्त अरब अमीरात के लिए

+971 543090571 (व्हाट्सऐप) / 800 46342 (टोल फ्री)।

आधिकारिक अपडेट पर नजर रखने की सलाह

विदेश मंत्रालय (MEA) ने कहा कि पश्चिम एशिया और खाड़ी क्षेत्र में मौजूदा सुरक्षा स्थिति और क्षेत्र में बढ़ते तनाव को देखते हुए यह कदम उठाया गया है। भारतीय नागरिकों को संबंधित दूतावासों के संपर्क में रहने और आगे की सलाह के लिए आधिकारिक अपडेट पर नजर रखने की सलाह दी गई है। इससे पहले, भारत के महावाणिज्य दूतावास, जेद्दा ने मंगलवार को कहा कि वह पश्चिम एशिया क्षेत्र में जारी संघर्ष के कारण उत्पन्न क्षेत्रीय यात्रा व्यवधानों के बीच जेद्दा से विशेष उड़ानों के जरिए यात्रा कर रहे भारतीय नागरिकों को पूर्ण सहयोग प्रदान कर रहा है।

संचालित की जा रहीं विशेष उड़ानें

महावाणिज्य दूतावास ने बताया कि काउंसल जनरल फहद अहमद खान सूरी वरिष्ठ अधिकारियों के साथ किंग अब्दुलअजीज अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पहुंचे, जहां उन्होंने भारत के विभिन्न गंतव्यों के लिए गैर-निर्धारित (नॉन-शेड्यूल्ड) उड़ानों से रवाना हो रहे भारतीय यात्रियों के लिए की गई व्यवस्थाओं की समीक्षा की। ये विशेष उड़ानें भारतीय एयरलाइंस द्वारा संचालित की जा रही हैं, ताकि हालिया क्षेत्रीय यात्रा व्यवधानों के प्रभाव को कम किया जा सके और प्रभावित यात्रियों की वापसी सुनिश्चित की जा सके।

महावाणिज्य दूतावास के पूर्ण सहयोग का भरोसा दिलाया

महावाणिज्य दूतावास ने एक्स (X) पर पोस्ट किया, 'काउंसल जनरल फहद अहमद खान सूरी, वाणिज्य दूतावास के अधिकारियों के साथ आज किंग अब्दुलअज़ीज़ अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पहुंचे और जेद्दा से भारत के विभिन्न गंतव्यों के लिए गैर-निर्धारित उड़ानों से यात्रा कर रहे भारतीय नागरिकों से मुलाकात की। ये उड़ानें हालिया क्षेत्रीय यात्रा व्यवधानों को ध्यान में रखते हुए संचालित की जा रही हैं। उन्होंने जमीनी व्यवस्थाओं की समीक्षा की, यात्रियों और एयरलाइन स्टाफ से बातचीत की और उन्हें दूतावास के पूर्ण सहयोग का आश्वासन दिया।' सूरी ने यात्रियों और एयरलाइन कर्मियों से बातचीत की, जमीनी व्यवस्थाओं का आकलन किया और यात्रियों को महावाणिज्य दूतावास के पूर्ण सहयोग का भरोसा दिलाया। दूतावास ने कहा कि जेद्दा और मदीना के हवाई अड्डों पर उसका स्टाफ 24 घंटे तैनात है, ताकि आवश्यक सहायता प्रदान की जा सके और यात्रियों की समस्याओं का समाधान किया जा सके।

Alok Rao
आलोक कुमार रावauthor

19 वर्षों से मीडिया जगत में सक्रिय आलोक राव ने प्रिंट, न्यूज एजेंसी, टीवी और डिजिटल चारों ही माध्यमों में काम किया है। इस लंबे अनुभव ने उन्हें समाचारों की समझ, प्रेजेंटेशन, डिटेलिंग और न्यूजरूम डायनेमिक्स में असाधारण दक्षता प्रदान की है। राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय घटनाक्रमों में विशेष रुचि रखने के साथ-साथ जियो-पॉलिटिक्स एवं डिफेंस की स्टोरीज में इनकी खासी दिलचस्पी है। आलोक ने अलग-अलग माध्यमों में काम करते हुए समाचारों की समझ, प्रस्तुति और विश्लेषण में मजबूत दक्षता विकसित की है और अब तक 25,000 से अधिक आर्टिकल तैयार कर चुके हैं। तथ्यों की गहन जांच, मजबूत न्यूज सेंस और तेज निर्णय क्षमता उनकी पत्रकारिता की प्रमुख खासियतें हैं।

और पढ़ें
End of Article