देश

मालगाड़ी चालक ने शेरों के झुंड को देखकर लगाए ब्रेक, ऐसे बची जान-Video

gujarat lions video: गुजरात के अमरेली जिले में पीपावाव बंदरगाह के पास एक मालगाड़ी के चालक ने सोमवार तड़के पटरियों पर शेरों को देखकर आपातकालीन ब्रेक लगा उनकी जान बचाई।

gujarat lions video: गुजरात के अमरेली में राजुला पीपावाव रेलवे ट्रैक पर आठ अलग अलग घटनाओं में शेर रेलवे ट्रैक पर पहुँचे थे, सात शेरों का झुंड था जिसमें एक शेरनी और 6 बच्चे थे,रात में चार बार अलग अलग समय पर यहाँ शेर का झुंड रेलवे ट्रैक पर पहुँचा था, इसके अलावा अलग 9 शेर अलग अलग जगह पर रेलवे ट्रैक पर देखे गये थे, वन विभाग द्वारा ड्यूटी पर मौजूद रेलवे सेवकों द्वारा सभी शेरों को सुरक्षित तौर पर रेलवे ट्रैक से जंगल की तरफ़ भेजने में सफलता मिली है।

ऐसी ही एक घटना पिछली 15 जून को भी देखी गई थी, शेर रेलवे ट्रैक पर पहुँच गया था , स्थानीय किसान द्वारा वन विभाग को जानकारी भेजे जाने के बाद वन विभाग के कर्मचारी ने अपनी जान हथेली पर लेकर उस शेर को जंगल की तरफ़ भेजा था, एक बड़ी दुर्घटना को नाकाम करने में वन विभाग को सफलता मिली है।

मई महीने में 114 शेरों को इसी रेलवे ट्रैक पर बचाने में वन विभाग को सफलता

मई महीने में 114 शेरों को इसी रेलवे ट्रैक पर बचाने में वन विभाग को सफलता मिली है, कुल 65 घटनाएँ घटी है जिस्म शेर की मौजूदगी रेलवे ट्रैक पर देखी गई है, राजुला पीपावाव रेलवे ट्रैक पर वन विभाग की टीम मुस्तैद है, किसी भी घटना को रोकने के लिए काम कर रही है, लोगों से अपील है कि जब भी वन्य जीव या शेर की मौजूदगी रेलवे ट्रैक पर या आसपास दिखे तो वन विभाग का संपर्क करें।

पिछले कुछ वर्षों में कई शेरों की मौत हो चुकी है

गौरतलब है कि पीपावाव बंदरगाह को उत्तरी गुजरात से जोड़ने वाली इस रेल पटरी पर पिछले कुछ वर्षों में कई शेरों की मौत हो चुकी है।राज्य वन विभाग शेरों को रेलगाड़ियों की चपेट में आने से बचाने के लिए नियमित अंतराल पर पटरी के किनारे बाड़बंदी करता है।

Hiten Vithalani
हितेन विठलानीauthor

2011 में ANI मुंबई ब्यूरो में इंटर्न से शुरू हुआ सफर, 2012 में समय मुंबई में ट्रेनी प्रोड्यूसर तक पहुंचा लेकिन मंत्रालय में लगी आग के बाद से रिपोर्टर के तौर पर सफर की शुरुआत हुई। मुंबई से गुजरात चुनाव 2012 के बाद गुजरात के ही संस्था में अहमदाबाद में काम किया। ETV news Gujarati में जहां से 2015 में फिर एक बार मुंबई ब्यूरो गुजराती चैनल के लिए संभालने का मौका मिला । उसके बाद 2016 में गुजराती चैनल के लिए दिल्ली ब्यूरो संभालने का मौका मिला। 1 मई 2017 के दिन Zee media के साथ दिल्ली ब्यूरो में जुड़ा और Zee का गुजराती चैनल जो लॉन्च होना था Zee 24 Kalak जिसके लिए दिल्ली नेशनल ब्यूरो हेड करने का मौका मिला। लॉकडाउन के वक्त दिल्ली में ही रीजनल ब्यूरो से नेशनल ब्यूरो में काम करने का मौका मिला, Zee Hindustan ने काम को देखते हुए अपने साथ जोड़ लिया जिसमे किसान आंदोलन, सिद्धू मूसेवाला मर्डर, पंजाब चुनाव, यूपी चुनाव, बंगाल चुनाव से लेकर गुजरात चुनाव तक कवर किया। उसके बाद गुजरात में जी के साथ अहमदाबाद में बीजेपी और गुजरात सरकार बीट में काम काफी सालों बाद शुरू किया और अब 15 अप्रैल 2024 से Times Now Navbharat गुजरात ब्यूरो में अहमदाबाद में प्रिंसिपल correspondent के तौर पर काम कर रहा हूं।

और पढ़ें
End of Article