Diljit Dosanjh Delhi Concert: पंजाबी सिंगर और एक्टर दिलजीत दोसांझ ने शुक्रवार को दिल्ली के जवाहरलाल नेहरू स्टेडियम में अपने ऑरा इंडिया (Aura India Tour) की शुरुआत धमाकेदार अंदाज में की।
हजारों फैंस की मौजूदगी में दिलजीत ने अपने सुपरहिट गानों से समां बांधा। लेकिन इस कॉन्सर्ट में सिर्फ म्यूजिक ही नहीं, बल्कि उनका एक बयान भी चर्चा में आ गया। विरोधियों को जवाब देते हुए दिलजीत ने कहा, “पंजाबियों को लड़ना मत सिखाओ।” दिलजीत के इस बयान पर लोगों ने जमकर तालियां बजाई। इसके बाद उन्होंने सभी के लिए अपना प्यार जाहिर करते हुए कहा, ‘आई लव यू ऑल।’
क्या है पूरा विवाद?
दरअसल, इस विवाद की शुरुआत जुलाई 2026 में हुई थी। जंतर-मंतर पर कॉकरोच जनता पार्टी की लीडरशिप में छात्र प्रदर्शन हुए थे। प्रदर्शन के दौरान दिलजीत से पूछा गया कि क्या वह छात्रों के प्रदर्शन में शामिल होंगे या इस पर अपनी राय रखेंगे. इस सवाल के जवाब में उन्होंने कहा था, ‘मुझे इन सब चीजों से दूर रखो। भाई, मैं एक कलाकार हूं, कोई नेता नहीं हूं.’ उन्होंने यह भी कहा था कि उन्हें प्रदर्शन के बारे में जानकारी नहीं थी और वह राजनीति से दूर रहना चाहते हैं. उनका यह जवाब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गया. कई लोगों ने उनकी टिप्पणी को एक अहम मुद्दे पर चुप्पी साधने के तौर पर देखा और उनकी आलोचना की थी।
हालांकि, जुलाई में ही दिलजीत ने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट साझा कर प्रदर्शन कर रहे छात्रों के प्रति समर्थन जताया था. उन्होंने कहा था कि छात्रों के साथ जिस तरह का व्यवहार हुआ, वह दुखद है और उनके साथ ऐसा नहीं होना चाहिए था. उन्होंने अधिकारियों से छात्रों की मांगों को सुनने की अपील भी की थी. इस दौरान उन्होंने ‘लोगों की आवाज ही भगवान की आवाज है’ जैसी बात कही थी.
सीआरपीएफ जवान को स्टेज पर बुलाकर किया सम्मान
कॉन्सर्ट का एक भावुक पल तब आया, जब दिलजीत ने एक CRPF महिला जवान को स्टेज पर बुलाया। उन्होंने जवान की सेवा के लिए उनका आभार जताया और दर्शकों से उनके लिए तालियां बजाने को कहा। दिलजीत ने कहा, “अगर आप यहां नहीं हैं तो हम खुद को सुरक्षित महसूस नहीं कर सकते। आपने हमारे लिए बहुत कुछ किया है। आपका बहुत-बहुत धन्यवाद।” उन्होंने जवान को देखकर अपनी मां की याद आने की बात भी कही। दिलजीत ने बताया कि कॉन्सर्ट के दिन उनकी मां ने फोन करके उन्हें अपना ध्यान रखने को कहा था।
