Meenakshi Natrajan's nomination : कांग्रेस की राज्यसभा उम्मीदवार मीनाक्षी नटराजन का पर्चा रद्द करने वाले रिटर्निंग ऑफिसर (RO) के फैसले के खिलाफ कांग्रेस के नेता बुधवार को चुनाव आयोग से मिले। कांग्रेस नेताओं ने चुनाव आयोग से इस फैसले को निरस्त करने की मांग की। कांग्रेस सांसद अभिषेक मनु सिंघवी ने 'आरओ के आदेश को पूरी तरह से अनुचित, स्पष्ट रूप से अवैध और कानून के विपरीत' बताया। सिंघवी ने इसे तुरंत निरस्त करने की मांग की। वहीं, कांग्रेस नेता दिग्विजय सिंह ने कहा कि रिटर्निंग ऑफिसर का फैसला असंवैधानिक है।
यह लोकतंत्र की मूल भावना पर प्रहार-सिंघवी
दिल्ली में चुनाव आयोग से मिलने के बाद मीडिया को संबोधित करते हुए वरिष्ठ वकील एवं कांग्रेस सांसद सिंघवी ने कहा कि 'हमने चुनाव आयोग को इस मामले में विस्तार से अपना पक्ष रखा है। नटराजन का नामांकन ऐसे आधार पर खारिज किया गया है, जहां किसी मामले में संज्ञान तक नहीं लिया गया है। यानी उनके खिलाफ ऐसा कोई आपराधिक मामला नहीं है, जिसका खुलासा किया जाना आवश्यक हो। चुनाव आयोग के पास न्याय करने और गलत को सही करने की शक्ति है। हमें उम्मीद और विश्वास है कि आयोग समझेगा कि यह नामांकन रद्द करना चुनावी मैदान को असमान बनाता है, जो लोकतंत्र की मूल भावना पर प्रहार है। यह संविधान की मूल संरचना के सिद्धांत का भी उल्लंघन है।'
सिंघवी ने कहा कि हमने आयोग से तत्काल निर्णय लेने का अनुरोध किया है। आज नामांकन वापस लेने का दिन है और अभी पर्याप्त समय मौजूद है। यह आदेश पूरी तरह से अनुचित, स्पष्ट रूप से अवैध और कानून के विपरीत है। हमारी मांग है कि इसे तुरंत निरस्त किया जाए।'
रिटर्निंग ऑफिसर का फैसला असंवैधानिक-दिग्विजय सिंह
कांग्रेस सांसद दिग्विजय सिंह ने इससे पहले कहा कि 'अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी (AICC) का एक प्रतिनिधिमंडल चुनाव आयोग से मुलाकात कर रहा है। उसके बाद ही इस मामले में कोई जानकारी उपलब्ध होगी। हम यह लड़ाई एकजुट होकर लड़ेंगे। रिटर्निंग ऑफिसर का फैसला असंवैधानिक है।'
हमने तथ्य-आंकड़े रखे-वेणुगोपाल
इस प्रतिनिधिमंडल में कांग्रेस के संगठन महासचिव केसी वेणुगोपाल, महासचिव जयराम रमेश, भूपेश बघेल, रणदीप सुरजेवाला और वरिष्ठ नेता दीपा दासमुंशी, विवेक तन्खा एवं अभिषेक सिंघवी शामिल थे। इसमें खुद नटराजन भी मौजूद थीं। निर्वाचन आयोग के अधिकारियों से मुलाकात के बाद वेणुगोपाल ने संवाददाताओं से कहा, 'हमने भारत निर्वाचन आयोग के साथ विस्तार से चर्चा की और तथ्य व आंकड़े रखे।’
MP में राज्यसभा की 3 सीट पर 18 जून को मतदान
मध्यप्रदेश विधानसभा के एक अधिकारी ने 'पीटीआई-भाषा’ को बताया था कि भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के उम्मीदवार महेश केवट ने निर्वाचन अधिकारी के समक्ष शिकायत दर्ज कराई थी कि नटराजन ने जानबूझकर अपने खिलाफ तेलंगाना में दर्ज एक मुकदमे का अपने शपथ पत्र में कोई उल्लेख नहीं किया है। उन्होंने कहा था कि इसे लेकर दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद निर्वाचन अधिकारी ने नटराजन का नामांकन निरस्त कर दिया। मध्य प्रदेश में राज्यसभा की तीन सीट के लिए 18 जून को मतदान होना है।
