Narendra Modi on Budget 2022: 'एमएसपी पर भ्रम फैलाया गया, बजट से साफ हम किसानों के साथ'
Budget 2022 PM Narendra Modi Speech Live Updates: पीएम नरेंद्र मोदी खुद बजट से संबंधित विपक्ष के सवालों का जवाब देने के लिए बीजेपी कार्यकर्ताओं को संबोधित कर रहे हैं। वित्त वर्ष 2022-23 के बजट तो विपक्ष ने दिशाहीन करार दिया। विपक्ष का कहना है कि जब बजट एक साल का लेखा जोखा होता है तो उसमें 25 वर्षीय योजना की तरह पेश करने का मतलब ही नहीं है। आखिर इस देश में अलग अलग दीर्घकालीन योजनाएं बनती हैं तो क्या वो अप्रासंगिक हो चुकी हैं, हालांकि सरकार ने विपक्ष के आरोपों को सिरे से खारिज कर दिया।
Budget 2022 PM Narendra Modi Speech Live Updates:मंगलवार को वित्त वर्ष 2022-23 के लिए आम बजट पेश किया गया। बजट पेश होने के बाद पीएम नरेंद्र मोदी ने कहा कि यह बजट तात्कालिक और दीर्घकालीन उद्देश्य को हासिल करने में कामयाब होगा। यब बात अलग है कि कांग्रेस के साथ साथ दूसरे विपक्षी दलों ने इसे निराशाजनक बताया। कांग्रेस की नजर में यह बजट जीरो था तो अलग अलग राज्यों के गैर भाजपाई सीएम ने कहा उनके साथ सौतेला व्यवहार हुआ है। इन सबके बीच पीएम नरेंद्र मोदी ने कहा था कि वो बुधवार को संसद में सभी सवालों का जवाब देंगे।
देश में 4 जगहों पर मल्टी मॉडल लॉजिस्टिक पार्क
देश में 4 जगहों पर Multimodal Logistics Parks बनाए जाएंगे। Multimodal logistics facilities के लिए 100 PM Gatishakti Cargo Terminals विकसित किए जाएंगे। इससे उद्योगों, व्यापार के लिए किसी भी चीज के लाने ले जाने में लगने वाला समय कम होगा, भारत से निर्यात बढ़ाने में मदद मिलेगी।
किसानों को सोलर पैनल लगाने में दी जा रही है मदद
हर साल जो लाखों करोड़ रुपए हम खाद्य तेल खरीदने के लिए विदेश भेजते हैं वो देश के किसानों को ही मिले, इसके लिए विशेष योजनाएं लागू की जा रही हैं। अन्नदाता को ऊर्जादाता बनाने का एक बड़ा अभियान निरंतर चल रहा है जिसके माध्यम से खेत में ही सोलर पैनल लगाने के लिए मदद दी जा रही है।किसान पर बोझ न पड़े इसलिए सरकार ने इस बढ़ी हुई कीमत को वहन किया। इस बजट में इस सब्सिडी को 79 हजार करोड़ से बढ़ाकर 1.5 लाख करोड़ रुपये किया गया है। पिछले बजट में फर्टिलाइजर की सब्सिडी 80 हजार करोड़ रुपये से भी कम रखी गई थी, लेकिन कोरोना के कारण अंतरराष्ट्रीय कीमतों में, सप्लाई चेन में गड़बड़ होने के कारण बहुत बड़ा उछाल आया। अब जहां हमने करीब 80 हजार करोड़ रुपये का प्रावधान किया था, हमें 60 हजार करोड़ रुपये और लगाने पड़े।
सेंट्रल बैंक डिजिटल करेंसी की खास चर्चा
आज के अखबारों में Central Bank Digital Currency की भी काफी चर्चा है। इससे डिजिटल इकॉनॉमी को बहुत बल मिलेगा। ये डिजिटल रुपया अभी जो हमारी फिजिकल करेंसी है उसका ही डिजिटल स्वरूप होगा और इसे RBI द्वारा control किया जाएगा। इसको फिजिकल करेंसी से एक्सचेंज किया जा सकेगा।
सस्ता और तेज इंटरनेट अब भारत की पहचान
आज सस्ता और तेज इंटरनेट भारत की पहचान बन चुका है। बहुत जल्द सभी गांव तक ऑप्टिकल फाइबर कनेक्टिविटी पूरी होगी। 5G सर्विस भारत में ease of living और ease of doing business को एक अलग ही आयाम देने वाली है।
पोस्ट ऑफिस बैंकों की तरह काम करेंगे
अब पोस्ट ऑफिस के खातों में भी बैंकों की तरह ही मोबाइल बैंकिंग, इंटरनेट बैंकिंग, एटीएम और ऑनलाइन फंड ट्रांस्फर की सुविधा मिल पाएगी। अभी देश में डेढ़ लाख से अधिक पोस्ट ऑफिस हैं, जिसमें से अधिकतर गांवों में हैं।पोस्ट ऑफिस में जिनके सुकन्या समृद्धि अकाउंट और पीपीएफ अकाउंट हैं, उनको भी अब अपनी किश्त जमा करने पोस्ट ऑफिस जाने की ज़रूरत नहीं है। अब वो सीधे अपने बैंक अकाउंट से ऑनलाइन ट्रांसफर कर पाएंगे।
युवाओं के सपनों को बीजेपी समझती है
भाजपा युवा आकांक्षाओं और युवा सपनों को समझती है। ये इस बजट में भी स्पष्ट रूप से दिखता है। इस बजट में स्टार्ट अप्स के लिए टैक्स बेनिफिट को आगे बढ़ाया गया है।युवाओं को शिक्षा और स्किल के बेहतर अवसर देने के लिए बीते वर्षों में तकनीक का दायरा निरंतर बढ़ाया गया है। इस बजट में इसे विस्तार देते हुए पहली डिजिटल यूनिवर्सिटी बनाने का फैसला किया गया है। इससे गरीब बच्चे भी छोटे मोटे कोर्स, क्वालिटी एजुकेशन के साथ आसानी से कर पाएगा।
एमएसपी पर भ्रम फैलाने का काम किया गया
MSP को लेकर भी अनेक प्रकार की बातें फैलाई गईं हैं। लेकिन हमारी सरकार ने बीते सालों में MSP पर रिकॉर्ड खरीद है। सिर्फ धान की ही बात करें तो इस सीज़न में किसानों को MSP के रूप में डेढ़ लाख करोड़ रुपए से अधिक मिलने का अनुमान है। पिछले बजट में फर्टिलाइजर की सब्सिडी 80 हजार करोड़ रुपये से भी कम रखी गई थी, लेकिन कोरोना के कारण अंतरराष्ट्रीय कीमतों में, सप्लाई चेन में गड़बड़ होने के कारण बहुत बड़ा उछाल आया। अब जहां हमने करीब 80 हजार करोड़ रुपये का प्रावधान किया था, हमें 60 हजार करोड़ रुपये और लगाने पड़े।इस साल के बजट में पीएम किसान सम्मान नीधि के तहत 68 हजार करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। ये राशि भी पिछले साल की तुलना में ज्यादा है। इसका लाभ भी देश के करीब 11 करोड़ किसानों को होगा।
किसानों का विकास ही हमारी प्राथमिकता
आज समय की मांग है कि भारत की कृषि भी आधुनिक बने, नए तौर-तरीके अपनाएं। किसानों पर बोझ कम हो। देश की कृषि को टेक्नॉलॉजी आधारित और कैमिकल फ्री बनाने के लिए बड़े कदम इस बजट में उठाए गए हैं।बीते बजट में हमने किसान रेल और किसान उड़ान की सुविधा सुनिश्चित की, अब किसान ड्रोन किसान का नया साथी बनने वाला है।ड्रोन तकनीक से किसान को तो मदद मिलेगी ही, उत्पादन का रियल टाइम डेटा भी उपल्बध होगा। इससे जुड़े स्टार्ट-अप्स को फंड करने के लिए नाबार्ड के माध्यम से मदद भी दी जाएगी।
खास है पर्वतमाला परियोजना
राष्ट्र की सुरक्षा के लिए हमारी सेनाएं, हमारे जवान दिन-रात जुटे रहते हैं, जान की बाजी भी लगा देते हैं। लेकिन सीमा पर जो जवान तैनात हैं, उनके लिए सीमावर्ती गांव भी किले का काम करते हैं। इसलिए उन सीमावर्ती गांवों की देशभक्ति का जज्बा भी अद्भुत होता है।राष्ट्र रक्षा से जुड़े एक और बड़े अभियान की बजट में घोषणा की गई है। ये है - पर्वतमाला परियोजना। ये हिमालय के क्षेत्रों में आधुनिक कनेक्टिविटी और आधुनिक इंफ्रास्ट्रक्चर को विस्तार देने वाली है।
आकांक्षी जिला अभियान शुरू किया गया
भारत जैसे देश में कोई क्षेत्र पिछड़ा रहे, ये ठीक नहीं। इसलिए हमने आकांक्षी जिला- Aspirational Districts अभियान शुरू किया था। इन जिलों में गरीब की शिक्षा के लिए, स्वास्थ्य के लिए, सड़कों के लिए, बिजली-पानी के लिए जो काम हुए, उसकी प्रशंसा संयुक्त राष्ट्र ने भी की है।
हमने महिलाओं को घर का मालकिन बनाया
जो गरीब थे झोपडपट्टी में रहते थे,अब उनके पास अपना घर है। पहले के मुकाबले इन घरों के लिए राशि भी बढ़ाई और घरों का साइज भी बढ़ाया है ताकि बच्चों को पढ़ाई के लिए जगह मिल जाए। बड़ी बात ये भी है कि इसमें से ज्यादातर घर महिलाओं के नाम पर है यानि हमने महिलाओं को घर की मालकिन भी बनाया।
जल जीवन मिशन में देश की तरक्की शानदार
भाजपा सरकार के प्रयासों से आज देश में करीब-करीब 9 करोड़ ग्रामीण घरों में नल से जल पहुंचने लगा है। इसमें से करीब 5 करोड़ से ज्यादा पानी के कनेक्शन जल जीवन मिशन के तहत पिछले 2 वर्षों में दिए गए हैं। बजट में घोषणा की गई है कि इस साल करीब 4 करोड़ ग्रामीण घरों को पानी का कनेक्शन दिया जाएगा। विशेष रूप से केन-बेतवा को लिंक करने के लिए जो हज़ारों करोड़ रुपए का प्रावधान किया है, उससे यूपी और एमपी के बुंदेलखंड क्षेत्र की तस्वीर भी बदलने वाली है। अब बुंदेलखंड के खेतों में और हरियाली आएगी, घरों में पीने का पानी आएगा, खेतों में पानी आएगा।
देश के एक्सपोर्ट में चार गुणा बढ़ोतरी
वर्ष 2013-14 में भारत का एक्सपोर्ट 2 लाख 85 हजार करोड़ रुपये होता था। आज भारत का एक्सपोर्ट 4 लाख 70 हजार करोड़ रुपये का आसपास पहुंचा है।भारत को आधुनिकीकरण की राह पर ले जाने के लिए इस बजट में कई कदम हैं।पिछले 7 वर्षों में लिए गए निर्णय भारतीय अर्थव्यवस्था को लगातार बढ़ा रहे हैं। 7-8 साल पहले भारत की जीडीपी 1.10 लाख करोड़ रुपए थी। आज हमारी जीडीपी करीब 2.3 लाख करोड़ रुपये है।
ये समय नए अवसरों का है-पीएम मोदी
ये समय नए अवसरों का है, नए संकल्पों की सिद्धि का समय है। बहुत जरूरी है कि भारत आत्मिनिर्भर बने और आत्मनिर्भर भारत की नींव पर एक आधुनिक भारत का निर्माण हो। कल निर्मला जी ने बहुत ही खूबसूरती से, बहुत ही अच्छे ढंग से बजट के कुछ पहलुओं को हमारे सामने रखा है। बजट स्पीच में पूरा बजट संभव नहीं होता है क्योंकि बजट में बहुत बड़ा दस्तावेज होता है, बारीकियां होती हैं और सदन में ये सब बोलना संभव भी नहीं होता है।
देश को आधुनिकता की तरफ ले जाने वाला है बजट 2022
बजट पर आम लोगों की सकारात्मक प्रतिक्रिया रही। अगर राजनीतिक आलोचानाओं को किनारे रखे तो देश को आगे बढ़ाने वाला बजट है आज का बजट आम लोगों, गरीब और मिडिल क्लास को समर्पित है। इस समय 100 साल में आई सबसे बड़ी वैश्विक महामारी से देश लड़ रहा है। कोरोना का ये कालखंड दुनिया के लिए अनेक चुनौतियां लेकर आया है। दुनिया उस चौराहे पर आकर खड़ी हो गई है, जहां टर्निंग प्वाइंट निश्चित है। आगे जो दुनिया जो हम देखने वाले हैं, वो वैसी नहीं होगी, जैसी कोरोना से पहले थी।
बीजेपी अध्यक्ष जे पी नड्डा का खास बयान
प्रधानमंत्री जी का हमेशा हमें समय-समय पर मार्गदर्शन मिलता रहा है। अमृत काल, आने वाले 25 वर्ष में नए भारत की नींव रखने का जो संकल्प है, उसे पूरा करने के लिए प्रधानमंत्री जी ने जो कार्यरूप दिया है, वो देश को विकास की नई ऊंचाई पर ले जाएगा।
आत्मनिर्भर अर्थव्यवस्था पर पीएम मोदी का संवाद
पीएम मोदी की बजट क्लास अब से कुछ देर बाद
बजट 2022-23 को लेकर कई वर्गों में सवाल है कि आखिर उन्हें क्या मिला। आम जनता भी सवाल पूछ रही है कि यह कहां तक सही है कि आमदनी अठन्नी और खर्चा रुपैया हो। इसके साथ ही विपक्ष की तरफ से भी कई सवाल पूछे गए थे।
बजट के सवालों पर पीएम मोदी देंगे जवाब
1 फरवरी को बजट पेश किए जाने के बाद पीएम नरेंद्र मोदी ने इसे देश के लिए बेहतरीन बजट करार दिया। उसके साथ ही यह भी कहा कि वो बुधवार को संसद में इससे संबंधित हर सवालों का जवाब देंगे।
पेगासस पर सीपीआई ने भी दिया नोटिस
सीपीआई के राज्यसभा सांसद बिनॉय विश्वम ने पेगासस स्पाइवेयर पर चर्चा की मांग को लेकर नियम 267 के तहत बिजनेस नोटिस को निलंबित कर दिया है।
पेगासस के मुद्दे पर नियम 267 के तहत नोटिस
राज्यसभा में सीपीआई (एम) के नेता एलाराम करीम ने व्यापार को निलंबित करने और पेगासस मुद्दे पर चर्चा करने के लिए नियम 267 के तहत नोटिस दिया है, हाल की रिपोर्टों में इजरायली फर्म एनएसओ के साथ भारत सरकार की सगाई और स्पाइवेयर की खरीद का खुलासा किया गया है।

