IAS अधिकारी अशोक खेमका का 28 साल की सेवा में 53वीं बार ट्रांसफर, ट्विटर पर लिखा- ईमानदारी का ईनाम जलालत है  

  • Authored by: टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल
  • Updated Nov 27, 2019, 09:14 PM IST

Ashok Khemka transferred 53rd time in 28 years: आईएएस अधिकारी अशोक खेमका को 28 साल की सेवा में 53वीं बार तबादला का सामना करना पड़ा है। ट्विटर उन्होंने अपना दर्द बयां किया है।

IAS अधिकारी अशोक खेमका का 28 साल की सेवा में 53वीं बार ट्रांसफर, ट्विटर पर लिखा- ईमानदारी का ईनाम जलालत है  
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चंडीगढ़ : ईमानदार आईएएस अधिकारी के तौर पर मशहूर अशोक खेमका को एक बार फिर तबादले का सामना करना पड़ा है। हरियाणा सरकार ने बुधवार को खेमका समेत 14 आईएएस अधिकारियों का तबादला आदेश जारी किया। अशोक खेमका को साइंस एंड टेक्नोलॉजी विभाग से अभिलेख, पुरातत्व एवं संग्रहालय विभाग में प्रधान सचिव के तौर पर तबादला किया गया है। उन्हें मार्च में साइंस एंड टेक्नोलॉजी विभाग में प्रधान सचिव के पद पर नियुक्त किया गया था। 28 साल की सेवा के भीतर यह उनका 53वां तबादला है। उन्हें मार्च में खेल और युवा मामले के विभाग से तबादला किया गया था, यहां वे 15 महीने बिताए थे।

अपने तबादले से परेशान अशोक खेमका ने बुधवार को ट्विटर पर तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए लिखा कि ईमानदारी का ईनाम जलालत है। फिर तबादला। लौट कर फिर वहीं। उन्होंने कहा कि कल (26 नवंबर) संविधान दिवस मनाया गया। आज सुप्रीम कोर्ट के आदेश एवं नियमों को एक बार और तोड़ा गया। कुछ खुश होंगे। अंतिम ठिकाने जो लगा।

अशोक खेमका 2012 में तब चर्चा में आए थे, जब उन्होंने कांग्रेस नेता सोनिया गांधी के दामाद राबर्ट वाड्रा से संबद्ध स्काईलाइट हॉस्पिटैलिटी और रियल एस्टेट कंपनी डीएलएफ के बीच हुए भूमि सौदे के दाखिल खारिज को रद्द कर दिया था।

हरियाणा विधानसभा चुनाव का परिणाम 24 अक्टूबर को आया और उसके बाद बीजेपी-जननायक जनता पार्टी सरकार की पार्टी बनी। एक महीने पहले फिर से सत्ता में आने वाली मनोहर लाल खट्टर की सरकार ने आज पहला बड़ा प्रशासनिक फेरबदल किया है। तबादले तत्काल प्रभाव से प्रभावी हो गए।

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