Padayatra In Hyderabad: एसआइआर प्रक्रिया को लेकर कांग्रेस द्वारा फैलाए जा रहे कथित झूठे प्रचार के खिलाफ तेलंगाना बीजेपी ने पदयात्रा निकाला। इस पदयात्रा में गृह मंत्री अमित शाह भी शामिल हुए। उनके अलावा, इस पदयात्रा में वकील, डाक्टर, बुद्धिजीवी, पार्टी के हजारों कार्यकर्ता और आम लोग शामिल हुए। पदयात्रा के बाद अमित शाह ने लोगों को संबोधित भी किया।
उन्होंने कहा, "सबसे पहले मैं मां भाग्यलक्ष्मी के चरणों में सिर झुकाता हूं और सरदार पटेल साहब को दिल से श्रद्धांजलि देकर अपना भाषण शुरू करता हूं। अगर सरदार पटेल ने उस समय निजाम को झुकाया न होता, तो हैदराबाद आज भारत का हिस्सा नहीं होता।"
दिल्ली में घुसपैठियों को बचाओ रैली थी: अमित शाह
अमित शाह ने आगे कहा,"आज हैदराबाद में हज़ारों लोग सड़कों पर खड़े हैं। कल दिल्ली में भी एक रैली हुई थी। राहुल जी ने एक रैली की थी। उन्होंने दावा किया कि यह "वोट बचाओ" रैली थी। यह "वोट बचाओ" रैली नहीं थी। यह "घुसपैठियों को बचाओ" रैली थी।" अमित शाह ने कहा, "कांग्रेस पार्टी बोगस वोटिंग के ज़रिए चुनाव पर कब्ज़ा करना चाहती है। अगर एक आदमी के दो वोट हैं, तो उनमें से एक कैंसल होना चाहिए या नहीं? अब हम 'राहुल बाबा' के पेट दर्द की वजह पर आते हैं। तीन करोड़ वोट ऐसे हैं जिनके वे लोग हैं ही नहीं। ये बांग्लादेशी घुसपैठिए हैं।"
राहुल जी, कम से कम अगर आप मॉक पार्लियामेंट में प्रधानमंत्री बन जाते: अमित शाह
अमित शाह ने आगे कहा, "राहुल जी, मेरी बात सुनिए। दो दिन पहले आपने एक मॉक पार्लियामेंट की थी। अगर आपने मुझसे पूछा होता, तो मैं कहता कि आप इस मॉक पार्लियामेंट में कम से कम एक बार प्रधानमंत्री बन जाएं, बिना विपक्ष का नेता बने। क्यों? क्योंकि आप असली पार्लियामेंट में कभी प्रधानमंत्री नहीं बन पाएंगे। कम से कम अगर आप मॉक पार्लियामेंट में प्रधानमंत्री बन जाते हैं, तो सोनिया जी के दिल को थोड़ी शांति मिलेगी।" "राहुल जी, आप इस तरह से चुनाव नहीं जीत सकते। आप तीन या चार महीने देश में बिताते हैं और फिर विदेश चले जाते हैं। आपको देश में पसीना बहाना होगा। आपको लोगों के साथ एकजुट होकर उनकी समस्याओं को हल करने के लिए काम करना होगा।"
उन्होंने विपक्ष पर निशाना साधते हुए कहा, "देश की संसद के ज़रिए संविधान की ज़िम्मेदारियां निभाई जाती हैं, लेकिन राहुल जी, आप संसद को चलने नहीं देते। मैं आज हैदराबाद की धरती से आपको चुनौती देता हूं। हम संसद का स्पेशल सेशन बुलाने के लिए तैयार हैं। आइए और चर्चा में हिस्सा लीजिए। लेकिन वह चर्चा में हिस्सा नहीं लेंगे क्योंकि उन्हें पता है कि सिर्फ़ अराजकता और अव्यवस्था के जरिए ही कांग्रेस पार्टी खुद को खबरों में रख सकती है। अगर संसद चलेगी, तो हमारे मोदी जी उनकी बातों को पूरी तरह से खत्म कर देंगे।"
बता दें कि रविवार को विपक्षी इंडी गठबंधन ने दिल्ली के रामलीला मैदान में महारैली का आयोजन किया था। यह मार्च मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग और मतदाता सूचियों के 'स्पेशल इंटेंसिव रिविजन' (SIR) में कथित अनियमितताओं व गड़बड़ियों के विरोध में आयोजित किया गया था।
