Assam Illegal Immigrants: असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने शनिवार को बताया कि बांग्लादेश से भारत में घुसने की कोशिश कर रहे 10 घुसपैठियों को सीमा सुरक्षा बल (BSF) और असम पुलिस के संयुक्त प्रयास से रोक दिया गया। उन्होंने कहा कि असम को सुरक्षित रखने के लिए पहचान और रोकथाम बेहद जरूरी है।
CM हिमंत ने क्या कुछ कहा?
हिमंत बिस्वा सरमा ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर लिखा, "हमारी सीमा पर सख्त निगरानी जारी है। असम पुलिस ने बीएसएफ के साथ मिलकर शनिवार तड़के 10 घुसपैठियों की पहचान की और उन्हें असम में प्रवेश करने से रोक दिया।" हालांकि, उन्होंने यह नहीं बताया कि यह घटना किस जिले में हुई। राज्य सरकार बांग्लादेश से आने वाले घुसपैठियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई कर रही है और पड़ोसी देश के साथ लगी सीमा पर घुसपैठियों को वापस भेज रही है।
हिमंत ने ईदगाह समितियों की अपील का किया स्वागत
इससे पहले, मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने आगामी ईद-उल-अजहा (बकरीद) के दौरान मुस्लिम समुदाय से गाय की कुर्बानी से परहेज करने की ईदगाह समितियों की अपील का शनिवार को स्वागत किया और कहा कि इस तरह की "स्वैच्छिक पहल" राज्य में सांप्रदायिक सौहार्द को मजबूत करेगी। बता दें कि ईद-उल-अज़हा (बकरीद) का त्योहार देश में 28 मई को मनाया जाएगा।
उन्होंने 'एक्स' पर एक पोस्ट में कहा, "होजाई, धुबरी, बोंगाईगांव, उदारबंद और अन्य स्थानों की कई ईदगाह और कब्रिस्तान समितियों ने बकरीद के दौरान गाय की कुर्बानी से परहेज करने की अपील की है और इसके कानूनी एवं धार्मिक कारण भी बताए हैं।"
उन्होंने इस पहल को "बहुसंख्यक सनातन समुदाय की भावनाओं का सम्मान" बताते हुए इसकी सराहना की। मुख्यमंत्री ने कहा, "ऐसी स्वैच्छिक पहल असम में सांप्रदायिक सौहार्द को मजबूत करने में बहुत मदद करेंगी।" उन्होंने यह भी उम्मीद जताई कि अन्य ईदगाह समितियां भी इसी तरह की अपील करेंगी।
