World Stroke Day 2025 : देश-दुनिया में स्ट्रोक के मामलों में लगातार बढ़ोतरी हो रही है। Indian Stroke Association के अनुसार भारत में 18 लाख लोग हर साल स्ट्रोक का शिकार होते हैं। स्ट्रोक एक जानलेवा कंडीशन है, इसलिए इसकी गंभीरता को देखते हुए हर साल 29 अक्टूबर को वर्ल्ड स्ट्रोक डे (World Stroke Day) मनाया जाता है। इसे मनाने का उद्देश्य लोगों में स्ट्रोक यानी मस्तिष्क आघात (Brain Stroke) के प्रति जागरूकता बढ़ाना है। स्ट्रोक एक ऐसी कंडीशन है जिसमें दिमाग की ओर खून की सप्लाई बाधित हो जाती है या दिमाग में इंटरनल ब्लीडिंग होने लगती है। यह एक मेडिकल इमरजेंसी कंडीशन होती है जिसमें यदि कुछ मिनटों की देरी हो जाए तो व्यक्ति की जान भी जा सकती है। आज के समय में बिगड़ी जीवनशैली, तनाव और असंतुलित खानपान की वजह से स्ट्रोक के मामले तेजी से बढ़ रहे हैं। आइए जानते हैं स्ट्रोक के बड़े कारण और उनसे बचाव के उपाय।
हाई ब्लड प्रेशर (High Blood Pressure)
हाई ब्लड प्रेशर स्ट्रोक का सबसे बड़ा साबित होता है। जब हमारा रक्तचाप लगातार बढ़ा रहा होता है तो दिमाग की नसों पर अतिरिक्त दबाव आता है, जिससे नस फटने या ब्लॉकेज का खतरा बढ़ जाता है। नस का फटना या ब्लॉक होना ही स्ट्रोक कहा जाता है।
कैसे करें बचाव
- रोजाना अपना ब्लड प्रेशर मॉनिटर करें।
- नमक वाले फूड्स और जंक फूड्स का सेवन कम करें।
- तनाव कम करने के लिए योग या ध्यान करें।
स्मोकिंग और अल्कोहल (Smoking & Alcohol)
सिगरेट और शराब का सेवन भी स्ट्रोक का कारण बन सकता है। जी हां इनका सेवन मस्तिष्क की नसों को नुकसान पहुंचाता है। सिगरेट में मौजूद निकोटिन और टार से ब्लड क्लॉट बनने का खतरा बढ़ता है, जिससे स्ट्रोक हो सकता है।
कैसे करें बचाव
- स्मोकिंग और ड्रिंकिंग की आदत को धीरे-धीरे पूरी तरह छोड़ें।
- जरूरत पड़े तो डॉक्टर की मदद लें या डी-एडिक्शन थेरेपी अपनाएं।
तनाव और नींद की कमी (Stress & Lack of Sleep)
लगातार तनाव में रहना और नींद की कमी शरीर में कोर्टिसोल हार्मोन बढ़ाती है, जो ब्लड प्रेशर को असंतुलित करती है। वहीं बढ़ा हुआ ब्लड प्रेशर स्ट्रोक के खतरे को बढ़ा देता है।
कैसे करें बचाव
- स्ट्रोक से बचाव के लिए रोजाना कम से कम 7–8 घंटे की नींद जरूर लें।
- सबसे आसान उपाय है कि मोबाइल और स्क्रीन का टाइम सीमित करें।
- ध्यान, मेडिटेशन और प्रकृति में समय बिताना भी फायदेमंद रहेगा।
डिस्क्लेमर - यह लेख केवल आपकी सामान्य जानकारी के लिए है। इसे हेल्थ एक्सपर्ट की राय नहीं समझना चाहिए। स्वास्थ्य संबंधि किसी भी सलाह को अमल में लाने से पहले डॉक्टर से परामर्श करना बहुत जरूरी है।
