Tick-Borne Virus: क्या है टिक बोर्न वायरस? चीन में फैलने वाले इस वायरस से हो चुकी है 7 लोगों की मौत

  • Authored by: टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल
  • Updated Aug 6, 2020, 12:42 PM IST

China New Virus: चीन में एक नए इंफेक्शन ने 60 ज्यादा लोगों को अपने चपेट में ले लिया है। इस संक्रमण की चपेट में आने वाले लोगों में लक्षण खांसी-बुखार जैसे ही हैं।

Tick-Borne Virus: क्या है टिक बोर्न वायरस? चीन में फैलने वाले इस वायरस से हो चुकी है 7 लोगों की मौत

कोरोना महामारी के बीच चीन में अब एक और नए वायरस ने दस्तक दे दी है। इस वायरस की चपेट में अब तक 60 से ज्यादा लोग आ चुके हैं। वहीं इस संक्रामक बीमारी से 7 लोगों की मौत हो चुकी है। चीन के सरकारी मीडिया ने बुधवार को इस बारे में जानकारी देते हुए लोगों के बीच संक्रमण फैलने की आशंका को लेकर चेतावनी दी है। बता दें कि इस संक्रमण की चपेट में आने वाले लोगों में लक्षण खांसी-बुखार जैसे ही हैं।

पूर्वी चीन के जियांग्सू प्रांस में SFTS वायरस से 37 से अधिक लोग साल की पहली छमाही में संक्रमित हुए हैं। ग्लोबल टाइम्स की रिपोर्ट के मुताबिक बाद में पूर्वी चीन के अन्हुई प्रांत में 23 लोगों के संक्रमित होने की खबर सामने आई। इस वायरस की खबर तब सामने आई जब जियांग्सू की राजधानी नानजियांग की एक महिला को खांसी और बुखार के लक्षण दिखाई दिये थे। जांच के बाद डॉक्टरों ने पाया कि उसके शरीर में ल्यूकोसाइट और प्लेटलेट कम हो रहे हैं। हालांकि एक महीने के इलाज के बाद उसे अस्पताल से छुट्टी दे दी गई।

क्या है tick-borne virus

रिपोर्ट के मुताबिक अन्हुई और पूर्वी चीन के झेजियांग प्रांत में कम से कम 5 लोगों को मौत हो चुकी है। SFTSV वायरस कोई नया वायरस नहीं है, चीन ने 2011 में वायरस के रोगजनक को अलग कर दिया था, और यह बनिएवायरस श्रेणी का है। वहीं वैज्ञानिकों पशुओं के शरीर पर चिपकने वाले किलनी(टिक) जैसे कीड़े से मनुष्य में फैल सकता है और फिर यह एक व्यक्ति से दूसरे व्यक्ति में फैल सकता है।

मनुष्यों में SFTSV संक्रमण में एक उच्च मामले की मृत्यु दर (30% की प्रारंभिक दर) है। रिचर्स के बाद बीमारी नियंत्रण और रोकथाम के लिए चीन के इंफॉर्मेशन सिस्टम के अनुसार SFTSV के मामलों की संख्या में काफी वृद्धि हुई है। इस समय मामले की घातक दर 10 से 16 प्रतिशत है।

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