बहादुरगढ़ में भीषण आग का तांडव; चपेट में औद्योगिक क्षेत्र की चार फैक्ट्रियां, लाखों का माल जलकर राख
- Authored by: Nilesh Dwivedi
- Updated Dec 12, 2025, 08:43 AM IST
बहादुरगढ़ के आधुनिक औद्योगिक क्षेत्र में अचानक लगी भीषण आग ने चार फैक्ट्रियों को अपनी चपेट में ले लिया। इस हादसे से व्यापारियों को लाखों रुपए का नुकसान हुआ और फैक्ट्रियों में रखा कच्चा व तैयार माल पूरी तरह जलकर राख हो गया। आग ने फैक्ट्री भवनों को भी नुकसान पहुंचाया और फायर ब्रिगेड के कर्मियों को आग पर काबू पाने में काफी मशक्कत करनी पड़ी।
Bahadurgarh Fire News: बहादुरगढ़ के आधुनिक औद्योगिक क्षेत्र में शुक्रवार को बड़ा हादसा हो गया, जब पार्ट-2 में स्थित चार फैक्ट्रियों में अचानक भीषण आग भड़क उठी। इस आगजनी में कारोबारी वर्ग को भारी आर्थिक नुकसान झेलना पड़ा, क्योंकि फैक्ट्रियों में मौजूद कच्चा माल और तैयार उत्पाद पूरी तरह जलकर नष्ट हो गए। ये यूनिट्स मुख्य रूप से जूते-चप्पलों का उत्पादन, प्लास्टिक दाना और थर्माकोल बनाने का काम करती थीं। फैक्ट्रियों के अंदर प्लास्टिक, रबर और अत्यधिक ज्वलनशील केमिकल बड़ी मात्रा में होने के कारण आग तेजी से फैल गई, जिससे दमकल कर्मियों को नियंत्रण पाने में काफी कठिनाई का सामना करना पड़ा। उद्योगपतियों का यह भी आरोप है कि समय पर सूचना देने के बावजूद फायर ब्रिगेड की टीम घटनास्थल पर देर से पहुंची, जिससे स्थिति और गंभीर हो गई।
क्या बनता था फैक्ट्रियों में?
बहादुरगढ़ चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज (BCCCI) के वरिष्ठ उपाध्यक्ष नरेंद्र छिकारा ने बताया कि आग की शुरुआत आधुनिक औद्योगिक क्षेत्र पार्ट-2 की फैक्ट्री नंबर 2249 से हुई। कुछ ही देर में आग बढ़कर पास की 2248, 2250 और एक अन्य फैक्ट्री तक फैल गई। छिकारा के अनुसार, इन इकाइयों में जूते-चप्पल, प्लास्टिक दाना और थर्माकोल का उत्पादन किया जाता था। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि फायर ब्रिगेड की टीमें देरी से मौके पर पहुंचीं, जबकि आग लगने की जानकारी समय पर दे दी गई थी। उनके मुताबिक, यदि दमकल वाहन तुरंत पहुंच जाते, तो आग को अन्य फैक्ट्रियों तक फैलने से रोका जा सकता था।
फायर ब्रिगेड की एक दर्जन से अधिक गाड़ियां मौके पर आईं
सूत्रों के अनुसार, आग इतनी भयानक थी कि फैक्ट्री में मौजूद लाखों रुपये का कच्चा माल और तैयार उत्पाद पूरी तरह नष्ट हो गए। आग की लपटों ने फैक्ट्री भवनों को भी गंभीर क्षति पहुंचाई। स्थिति पर नियंत्रण पाने के लिए बहादुरगढ़, झज्जर, रोहतक, सांपला और दिल्ली से फायर ब्रिगेड की एक दर्जन से ज्यादा गाड़ियां बुलानी पड़ीं। इस बीच, आसपास की अन्य इकाइयों में काम करने वाले कर्मचारी भी मौके पर पहुंचे और प्रभावित फैक्ट्रियों से सामान बाहर निकालने में मदद करते नजर आए, ताकि उद्यमियों के नुकसान को कुछ हद तक कम किया जा सके।