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जम्मू-कश्मीर में 25 सितंबर को होगी दूसरे चरण की वोटिंग, जानें चुनाव को लेकर क्या है तैयारी

Jammu-Kashmir Chunav: जम्मू-कश्मीर की 26 विधानसभा सीटों के लिए 25 सितंबर, 2024 यानी बुधवार को दूसरे दौर का मतदान होने हैं। चुनावी मैदान में किस्मत आजमा रहे उम्मीदवारों की किस्मत कल EVM में कैद हो जाएगी। दूसरे चरण की वोटिंग से पहले क्या कुछ तैयारी हुई है, आपको इस रिपोर्ट में बताते हैं।

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जम्मू कश्मीर विधानसभा चुनाव 2024

Photo : PTI

Assembly Elections 2024: जम्मू-कश्मीर के 26 विधानसभा क्षेत्रों में स्थापित 3,500 मतदान केंद्रों पर 13,000 से अधिक मतदान कर्मचारियों ने मंगलवार को मोर्चा संभाल लिया, जहां केंद्र-शासित प्रदेश में दूसरे चरण के मतदान के तहत बुधवार को वोट डाले जाएंगे। अधिकारियों ने बताया कि पुलिस, सशस्त्र पुलिस बल और केंद्रीय सशस्त्र अर्धसैनिक बल के जवान सुबह-सुबह मतदान केंद्रों के लिए रवाना हो गए।

मतदान केंद्र के आसपास बहुस्तरीय सुरक्षा घेरा स्थापित

उन्होंने बताया कि प्रत्येक मतदान केंद्र के आसपास बहुस्तरीय सुरक्षा घेरा स्थापित किया गया है, ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि दूसरे दौर का मतदान भयमुक्त माहौल में हो। एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने कहा, “चूंकि, दूसरे चरण का मतदान कल (बुधवार) होगा, इसलिए हमने यह सुनिश्चित करने के लिए व्यापक सुरक्षा इंतजाम किए हैं कि अधिक से अधिक लोग अपने मताधिकार का इस्तेमाल करें।”

वोटिंग के बाद ‘स्ट्रॉन्ग रूम’ में ईवीएम को रखा जाएगा

बुधवार को मतदान समाप्त होने के बाद जिन ‘स्ट्रॉन्ग रूम’ में इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (ईवीएम) रखी जाएंगी, उनकी सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं और उन्हें चौबीसों घंटे डिजिटल निगरानी में रखा जाएगा। एक आधिकारिक प्रवक्ता ने कहा, “मतदाताओं को बिना किसी परेशानी के सुचारू रूप से मताधिकार के इस्तेमाल की सुविधा देने के लिए भारत निर्वाचन आयोग (ईसीआई) ने इन क्षेत्रों में 3,502 मतदान केंद्र स्थापित किए हैं। इनमें 1,056 शहरी मतदान केंद्र और 2,446 ग्रामीण मतदान केंद्र शामिल हैं।”

जम्मू-कश्मीर में तीन चरणों में हो रहे हैं विधानसभा चुनाव

उन्होंने बताया कि चुनाव में पारदर्शिता सुनिश्चित करने के निर्वाचन आयोग के प्रयासों के तहत सभी मतदान केंद्रों पर ‘वेबकास्टिंग’ (इंटरनेट पर लाइव प्रसारण) की व्यवस्था की जाएगी। जम्मू-कश्मीर में तीन चरणों में विधानसभा चुनाव हो रहे हैं। पहले चरण में 24 विधानसभा क्षेत्रों में 18 सितंबर को वोट डाले गए थे। वहीं, दूसरे चरण में 26 सीट पर बुधवार को, जबकि तीसरे चरण में 40 सीट पर एक अक्टूबर को मतदान होगा। वोटों की गिनती आठ अक्टूबर को की जाएगी।

Ayush Sinha
आयुष सिन्हाauthor

मैं टाइम्स नाउ नवभारत (Timesnowhindi.com) से जुड़ा हुआ हूं। कलम और कागज से लगाव तो बचपन से ही था, जो धीरे-धीरे आदत और जरूरत बन गई। मुख्य धारा की पत्रकारिता से जुड़े हुए 10 साल पूरे हो चुके हैं। लोकसभा चुनाव 2014 से पहले ही मैंने पत्रकारिता की पढ़ाई के बीच में ही देश की राजधानी दिल्ली आने की ठान ली थी। उससे पहले मैंने कभी ये सोचा तक नहीं था कि मैं बनारस बोले तो वाराणसी शहर से बाहर भी जा सकता हूं। जी हां, मेरा नाता काशी से है। जन्म के साथ-साथ शिक्षा दीक्षा भी बनारस में ही हुई। राष्ट्रपिता मोहनदास करमचंद गांधी (बापू) द्वारा स्थापित किए गए विश्वविद्यालय- 'महात्मा गांधी काशी विद्यापीठ' से मैंने पत्रकारिता में स्नातक किया है। ग्रेजुएशन के दौरान ही विश्वविद्यालय के पत्रकारिता एवं जनसंचार विभाग के अध्यापकों ने बड़ी ही सख्ती से मेरी नक्काशी करने की कोशिश की। ग्रेजुएशन के आखिरी वर्ष आते-आते मैंने दिल्ली की ट्रेन पकड़ी और यहां पहुंच गया। आव देखा न ताव, दिल्ली NCR में बड़े-बड़े मीडिया समूहों के दफ्तरों के बाहर अपना बायोडेटा डाल कर प्रयास में जुट गया। काफी धैर्य के बाद ZEE मीडिया समूह से जुड़ने का मौका मिला। मेरे पत्रकारिता के सफर की शुरुआत टेलीविजन के इनपुट डिपार्टमेंट से हुई। यहां मैं असाइनमेंट डेस्क पर था। कुछ महीनों तक खुद को इस समूह के साथ जोड़े रखने के बाद वर्ष 2015 में मैंने प्रिंट मीडिया का रुख कर लिया और ALL RIGHTS नाम की मैगज़ीन के साथ जुड़ गया। बतौर विशेष संवाददाता (Special Correspondent) मेरे कंधों पर बड़ी जिम्मेदारी सौंपी गई थी। मैं उन दिनों देशभर के अलग-अलग लोकसभा क्षेत्र के सांसदों, केंद्रीय मंत्रियों और दिल्ली सरकार के विधायकों और मंत्रियों का साक्षात्कार करता था। मैगज़ीन के संपादकीय पृष्ठ के लिए मैं लेख भी लिखता था। राजनीतिक खबरों से लगाव होने के चलते मैंने इस बीट को ही अपना हमसाया बना लिया। मैगजीन के बाद फिर टेलीविजन का रुख किया और इसी साल दोबारा ज़ी मीडिया से जुड़ गया। यहां साढ़े 3 सालों तक काम करने के बाद मैंने डिजिटल मीडिया में कदम रखने की ठान ली। रिपब्लिक भारत की लॉन्चिंग से पहले मुझे इसकी वेबसाइट से जुड़ने का मौका मिला। रिपब्लिक से जुड़ने के साथ ही मैंने दिल्ली छोड़कर मुंबई का रुख कर लिया। समंदर किनारे बसे इस शहर में मैंने डिजिटल पत्रकारिता के गुर को सीखा। इस संस्थान में मुझे रिपोर्टर के तौर पर मौका दिया था। कुछ ही महीने बाद मैं वापस दिल्ली आ गया और मैंने न्यूज़ वर्ल्ड इंडिया में एसोसिएट प्रोड्यूसर और रिपोर्टर की भूमिका में काम किया। चंद महीने बाद ही ज़ी मीडिया समूह के डिजिटल प्लेटफॉर्म पर काम करने का अवसर मिला। ज़ी हिन्दुस्तान के लिए मैंने स्पेशल खबरों पर काम किया और इस समूह का पहला डिजिटल रिपोर्टर बन गया। इसके बाद मुझे वीडियो सेक्शन का हेड बना दिया गया। मैंने चुनावी कवरेज की, ग्राउंड रिपोर्टिंग की और साथ ही साथ वीडियो सेक्शन को नए शिखर पर पहुंचाने की कोशिश की। मैं कविताएं और किस्से-कहानियां भी लिखता रहता हूं। पढ़ाई के दौरान ही मैंने दो किताबें भी लिखी, एक नॉवेल और दूसरी पोएट्री बुक। पत्रकारिता में रहते हुए मैंने कई "स्टिंग ऑपरेशन" भी किए। मेरे सफर को और भी खूबसूरत बनाने के लिए टाइम्स समूह ने मुझे मौका दिया। मैं जुलाई, 2023 में इस संस्थान से जुड़ा और मुझे मेन डेस्क पर खबरों से दो-चार होते रहने की जिम्मेदारी सौंपी गई। राजनीतिक विश्लेषण के साथ विस्तार से खबरों को परोसता हूं और अपने पाठकों को कुछ नया देने का प्रयास करता हूं।

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