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Bihar Election: नामांकन दाखिल करने के तुरंत बाद गिरफ्तार हुए RJD उम्मीदवार, पढ़ें क्या है मामला?

बिहार विधानसभा चुनाव में सासाराम सीट से आरजेडी उम्मीदवार सत्येंद्र साह को नामांकन दाखिल करने के तुरंत बाद झारखंड पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। उनके खिलाफ एक गैर-जमानती वारंट (NBW) लंबित था। अधिकारी के मुताबिक, झारखंड पुलिस ने उन्हें नामांकन दाखिल करने की अनुमति दी, लेकिन बाद में हिरासत में ले लिया। फिलहाल यह स्पष्ट नहीं है कि मामला किस प्रकृति का है।

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नामांकन दाखिल करने के बाद राजद का उम्मीदवार गिरफ्तार।(फोटो सोर्स: ANI)

Photo : ANI

बिहार विधानसभा चुनाव में सासाराम सीट से राष्ट्रीय जनता दल (राजद) के उम्मीदवार सत्येंद्र साह को सोमवार को नामांकन दाखिल करने के तुरंत बाद गिरफ्तार कर लिया गया। एक अधिकारी ने यह जानकारी दी।

पुलिस अधिकारी ने बताया कि साह की गिरफ्तारी झारखंड पुलिस ने की, क्योंकि उनके खिलाफ एक गैर-जमानती वारंट (एनबीडब्ल्यू) लंबित था। उनके समर्थक इस कार्रवाई से अनजान थे और गिरफ्तारी की खबर फैलते ही आश्चर्यचकित रह गए।

जानकारी के मुताबिक, झारखंड के 2004 के डकैती मामले में आरोपी होने के कारण गिरफ्तार कर लिया गया है. पुलिस टीम उन्हें झारखंड कोर्ट में पेश करने के लिए अपने साथ ले गई.

झारखंड पुलिस ने किया गिरफ्तार

रोहतास जिले के एक वरिष्ठ अधिकारी ने नाम न बताने की शर्त पर कहा, ‘‘जैसे ही सत्येंद्र साह सासाराम सीट से अपना नामांकन दाखिल करने के लिए क्षेत्राधिकारी (सीओ) के कार्यालय पहुंचे, झारखंड पुलिस की एक टीम वहां पहुंची और उनके खिलाफ लंबित गैर जमानती वारंट की तामील की।’’

उन्होंने बताया, ‘‘उन्हें नामांकन दाखिल करने की अनुमति दी गई, लेकिन तुरंत बाद गिरफ्तार कर लिया गया। हमें यह जानकारी नहीं है कि जिस मामले में वारंट जारी किया गया है, वह किस प्रकृति का है। इस बारे में केवल झारखंड पुलिस ही विस्तार से बता सकती है।’’

‘इंडिया’ गठबंधन के प्रत्याशियों की गिरफ्तारी का तीसरा मामला

बिहार की 243 सदस्यीय विधानसभा के लिए दो चरणों में मतदान होना है। पहला चरण छह नवंबर और दूसरा 11 नवंबर को है। मतगणना 14 नवंबर को की जाएगी। यह ‘इंडिया’ गठबंधन के प्रत्याशियों की गिरफ्तारी का तीसरा मामला है। इससे पहले, भाकपा (माले) लिबरेशन के दो उम्मीदवार भोरे से जितेंद्र पासवान और दरौली से सत्यदेव राम को भी नामांकन पत्र दाखिल करने के बाद गिरफ्तार किया गया था।

भाकपा (माले) लिबरेशन ने एक बयान जारी कर इन गिरफ्तारियों की निंदा की थी। पार्टी ने कहा था, ‘‘हम कॉमरेड जितेंद्र पासवान और कॉमरेड सत्यदेव राम की राजनीतिक रूप से प्रेरित गिरफ्तारियों की कड़ी निंदा करते हैं। उन्हें नामांकन केंद्र के बाहर, झूठे और बेबुनियाद आरोपों के तहत गिरफ्तार किया गया। यह राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) के नेताओं के भीतर फैले भय और घबराहट को उजागर करता है, जो बढ़ते जनाक्रोश और परिवर्तन की इच्छा से भयभीत हैं।’’

Piyush Kumar
पीयूष कुमारauthor

पीयूष कुमार टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल के न्यूज डेस्क पर Senior Copy Editor के रूप में कार्यरत हैं। देश-दुनिया की हलचल पर उनकी पैनी नजर रहती है और इन घटनाओं को सटीक, सरल और असरदार अंदाज में खबरों की भाषा देना उनकी सबसे बड़ी ताकत है। ब्रेकिंग न्यूज की रफ्तार हो या किसी जटिल मुद्दे को आसान बनाकर समझाने वाले एक्सप्लेनर—पीयूष दोनों में बराबर दक्षता रखते हैं। न्यूज जजमेंट, फैक्ट-बेस्ड राइटिंग और एंड-टू-एंड कॉपी प्रोडक्शन पर इनकी पकड़ मजबूत है और अबतक 4,000 से अधिक स्टोरी लिख चुके हैं।

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