HSSC Group D recruitment : हरियाणा सरकार ने ग्रुप-डी यानी चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों की भर्ती प्रक्रिया में बड़ा बदलाव करते हुए चयन प्रणाली को पूरी तरह कॉमन एलिजिबिलिटी टेस्ट (सीईटी) आधारित कर दिया है। मुख्य सचिव अनुराग रस्तोगी द्वारा जारी अधिसूचना के अनुसार यह संशोधन हरियाणा ग्रुप ‘डी’ कर्मचारी (भर्ती तथा सेवा शर्तें) अधिनियम, 2018 की धारा 26 के तहत किया गया है। नई व्यवस्था में कुल चयन स्कोर 100 प्रतिशत सीईटी अंकों पर आधारित होगा। अब मैट्रिक से अधिक शैक्षणिक योग्यता रखने वाले सभी अभ्यर्थियों की नियुक्ति केवल सीईटी में प्राप्त अंकों के आधार पर की जाएगी। जिन पदों के लिए न्यूनतम योग्यता मैट्रिक से कम निर्धारित है, वे इस व्यवस्था से बाहर रहेंगे।
सरकार ने स्पष्ट किया है कि 12 जनवरी 2024 को आयोजित ग्रुप-डी सीईटी परीक्षा, जिसकी वैधता 11 जनवरी 2027 तक है, में उत्तीर्ण अभ्यर्थियों के अंकों को अधिकतम 95 अंकों के सापेक्ष प्रतिशत में परिवर्तित कर संयुक्त मेरिट सूची तैयार की जाएगी। आयोग द्वारा किए गए इस बदलाव के बाद अब परीक्षा का पाठ्यक्रम दो हिस्सों में विभाजित रहेगा।
बदल जाएगा परीक्षा का स्वरूप
इसमें सामान्य जागरूकता, तर्कशक्ति, मात्रात्मक योग्यता, अंग्रेजी, हिंदी और संबंधित विषयों से 75 प्रतिशत प्रश्न होंगे, जबकि हरियाणा का इतिहास, साहित्य, समसामयिक घटनाएं, भूगोल, पर्यावरण और संस्कृति से 25 प्रतिशत प्रश्न पूछे जाएंगे। प्रश्नपत्र का स्तर माध्यमिक (मैट्रिक) शिक्षा के अनुरूप रहेगा। इस बदलाव का उद्देश्य भर्ती प्रक्रिया को सरल, पारदर्शी और विवादों से मुक्त बनाना है। पहले विभिन्न पदों के लिए अलग-अलग प्रक्रियाओं के कारण भ्रम की स्थिति बनती थी, जिसे अब समाप्त किया जा सकेगा।
पुलिस भर्ती को लेकर भी स्पष्टीकरण जारी
प्रदेश में 5500 कांस्टेबल पदों के लिए लगभग तीन लाख अभ्यर्थियों ने आवेदन किया है। आयोग ने युवाओं से अपील की है कि वे केवल आधिकारिक सूचना पर ही भरोसा करें। इधर, पुलिस भर्ती को लेकर वायरल हो रहे फर्जी शेड्यूल पर भी आयोग ने स्पष्टीकरण दिया है। सोशल मीडिया पर पीएमटी और पीएसटी की तिथियों को लेकर प्रसारित नोटिस को हरियाणा कर्मचारी चयन आयोग के अध्यक्ष हिम्मत सिंह ने जांच के बाद फर्जी करार दिया है।
