IND vs SL: टीम इंडिया ने पांच खिलाड़‍ियों को दिया वनडे डेब्‍यू का मौका, 41 साल बाद हुआ ये कारनामा

  • Authored by: टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल
  • Updated Jul 23, 2021, 04:25 PM IST

India vs Sri Lanka: भारतीय टीम ने श्रीलंका के खिलाफ तीसरे व अंतिम वनडे मैच में एकसाथ पांच खिलाड़‍ियों को डेब्‍यू का मौका दिया। यह विशेष मौका बन गया क्‍योंकि भारतीय क्रिकेट में ऐसा सिर्फ दूसरी बार हुआ है।

IND vs SL: टीम इंडिया ने पांच खिलाड़‍ियों को दिया वनडे डेब्‍यू का मौका, 41 साल बाद हुआ ये कारनामा
Photo Credit: Twitter

कोलंबो: भारत और श्रीलंका के बीच शुक्रवार को कोलंबो के आर प्रेमदासा स्‍टेडियम में तीसरा व अंतिम वनडे मैच खेला जा रहा है। भारतीय टीम के कप्‍तान शिखर धवन ने टॉस जीतकर पहले बल्‍लेबाजी का फैसला किया है। भारतीय टीम ने अपने फैंस का दिल खुश करते हुए एकसाथ पांच खिलाड़‍ियों को वनडे डेब्‍यू करने का मौका दिया है। श्रीलंका के खिलाफ तीसरे वनडे में संजू सैमसन, राहुल चाहर, कृष्‍णप्‍पा गौतम, नवदीप सैनी और चेतन सकारिया डेब्‍यू कर रहे हैं।

इसी के साथ भारतीय क्रिकेट इतिहास में दूसरा मौका आया है जब एकसाथ पांच खिलाड़‍ियों ने वनडे मैच में डेब्‍यू किया है। क्रिकेट में इस तरह के क्षण दुर्लभ ही देखने को मिलते हैं। बता दें कि 1980 में पहला मौका था, जब भारतीय टीम ने पांच खिलाड़‍ियों को डेब्‍यू का मौका दिया था। तब दिलीप दोषी, कीर्ति आजाद, संदीप पाटिल, रोजर बिन्‍नी और तिरुमलई श्रीनिवासन को डेब्‍यू का मौका मिला था। इस टीम की कमान सुनील गावस्‍कर के हाथों में थी।

अब 2021 में यानी भारतीय टीम ने 41 साल बाद यही कारनामा दोबारा दोहराया है। वैसे, श्रीलंका के खिलाफ मौजूदा सीरीज में कुल सात खिलाड़‍ियों ने अपना वनडे डेब्‍यू किया है। पहले वनडे में इशान किशन और सूर्यकुमार यादव ने डेब्‍यू किया था। हालांकि, देवदत्‍त पडिक्‍कल और रुतुराज गायकवाड़ के हाथों निराशा लगी, जिन्‍हें डेब्‍यू का मौका नहीं मिल सका। 

बता दें कि श्रीलंका दौरे पर भारतीय टीम के हेड कोच राहुल द्रविड़ पहले ही कह चुके थे कि हमारा प्रमुख लक्ष्‍य सीरीज जीतना है। द्रविड़ ने कहा था, 'हमारा प्रमुख लक्ष्‍य सीरीज जीतना है। हमारी कोशिश होगी कि दौरे पर जा रहे अधिकांश खिलाड़‍ियों को मैच खेलने का मौका मिले। मैं भी खिलाड़ी रह चुका हूं और दौरे से बिना मैच खेले लौटने पर बहुत बुरा लगता है। ऐसे में हम देखेंगे कि परिस्थितियां अगर साथ रहीं तो हर किसी को खेलने का मौका मिले।' द्रविड़ ने एक तरह अपनी बात को साबित किया और ज्‍यादातर खिलाड़‍ियों को मैच खेलने को मिला।

1980 में जीता था भारत, डेब्‍यूटेंट बना था हीरो

भारतीय टीम ने सुनील गावस्‍कर की अगुवाई में ऑस्‍ट्रेलिया को इस मैच में मात दी थी। भारत ने पहले बल्‍लेबाजी करके 49 ओवर में 9 विकेट खोकर 208 रन बनाए थे। जवाब में ऑस्‍ट्रेलियाई टीम 42.1 ओवर में 142 रन पर ढेर हो गई थी। इस मैच में मैन ऑफ द मैच संदीप पाटिल बने थे, जिन्‍होंने 70 गेंदों में चार चौके की मदद से 64 रन बनाए थे। दिलीप दोषी ने तीन जबकि रोजर बिन्‍नी ने दो विकेट चटकाए थे।

End of Article
Subscribe to our daily Newsletter!