वाराणसी

भारत के 5 सबसे पुराने शहर, हजारों साल पुराना है अस्तित्व; क्या आपका शहर भी है शामिल

भारत को दुनिया की सभी संस्कृतियों की जननी कहा जाता है। यहां की संस्कृति, खान-पान, भेष-भूषा, रहन-सहन सब बहुत खास है। भारत की संस्कृति और सभ्यता पुराने समय से ही अपने परंपरागत अस्तित्व के साथ अजर-अमर रही हैं। उन्हीं में शामिल हैं, भारती के कुछ शहर, जिनका इतिहास काफी पुराना और ऐतिहासिक रहा है।

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भारत के प्राचीन शहर

Photo : iStock

India's Older Cities: भारत अपनी संस्कृति और सभ्यता के लिए जाना जाता है। भारतीय सभ्यता सबसे पुरानी सभ्यताओं में से एक है। इसे दुनिया की सभी संस्कृतियों की जननी कहा जाता है। यहां की संस्कृति, खान-पान, भेष-भूषा, रहन-सहन सब बहुत खास है। भारत की संस्कृति और सभ्यता पुराने समय से ही अपने परंपरागत अस्तित्व के साथ अजर-अमर रही हैं। लेकिन, क्या आप जानते हैं कि भारत के कई ऐसे शहर भी हैं, जिनका इतिहास एक या दो नहीं, बल्कि कई हजार साल पुराना है ? अगर नहीं, तो देर किस बात कि, चलिए आज हम आपको भारत के उन प्राचीन शहरों के नाम और उसके इतिहास से रूबरू कराते हैं।

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वाराणसी

गंगा नदी के तट पर बसा वाराणसी, महादेव नगरी काशी दुनिया का सबसे पवित्र स्थान है। यहां कुल 84 घाट हैं, जिनका अपना विशेष महत्व है। वाराणसी पहले से लेकर आज तक आर्य धर्म की जगह रहा है। यह शिक्षा का भी एक बड़ा केंद्र रहा है। काशी विश्वनाथ और संकट मोचन मंदिर यहां के प्रमुख स्थान में हैं।

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उज्जैन

उज्जैन

आपको बता दें कि भारत की सबसे पुराने शहरों में पहला नाम महाकाल नगरी उज्जैन का आता है। क्षिप्रा नदी के किनारे बसे इस शहर का इतिहास काफी पुराना है। एपमी का उज्जैन कभी मध्य भारत के प्राथमिक शहरों में से एक था। यह 600 ईसा पूर्व के आस-पास सांस्कृतिक, राजनीतिक और साहित्यिक केंद्र के रूप में कार्य करता था। इसके साथ ही उज्जैन कई साम्राज्यों के उत्थान और पतन का गवाह रहा है। यहीं कालिदास के साहित्यिक कार्यों में भी इसका जिक्र मिलता है। महाभारत काल के दौरान अवंती साम्राज्य की राजधानी के रूप में उज्जैन भी कार्य किया था। यहां का महाकालेश्वर ज्योतिर्लिंग मंदिर एक महत्वपूर्ण तीर्थ स्थल है।

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मदुरै

मदुरै

भारत में यूनानी राजदूत मेगस्थनीज द्वारा लिखे गए ग्रंथों में इस मदुरै का उल्लेख तीसरी शताब्दी ईसा पूर्व में मिलता है। इब्न बतूता और मार्को पोलो ने भी अपने यात्रा का जिक्र करते हुए इस शहर की अपार समृद्धि के बारे में बताया है। मदुरै भारत के सबसे पुराने शहरों में से एक है। वहीं यह तमिलनाडु राज्य का दूसरा सबसे बड़ा शहर भी है। यहां के तिरुमलाई नायक पैलेस और मीनाक्षी अम्मन मंदिर ऐतिहासिक स्मारक हैं।

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पटना

पटना

बिहार का शहर पटना गंगा नदी के दक्षिणी तट पर स्थित है। यह दुनिया के सबसे पुराने लगातार बसे हुए जगहों में से एक है। पटना मौर्यों के शक्तिशाली साम्राज्य का केंद्र बिंदु रहा है। पटना, नालंदा और विक्रमशिला के प्राचीन विश्वविद्यालयों के साथ यह शहर प्राचीन काल में ज्ञान और कला का स्रोत भी था। आर्यभट्ट और चाणक्य जैसे महान लोग यही से थे। पटना के मशहूर जगहों में पादरे की हवेली, गोलघर और पटना संग्रहालय हैं। पटना पहले के समय में मगध साम्राज्य की राजधानी थी और आज बिहार राज्य की राजधानी है।

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तंजावुर

तंजावुर

तमिलनाडू का तंजावुर या तंजौर काफी खूबसूरत शहर है। तंजौर शैली की पेंटिंग और काफी मशहूर है। आपको बता दें कि मंदिरों के इस शहर का नाम राक्षस तंजनासुर के नाम पर पड़ा था। चोल युग की कलात्मक भव्यता और स्थापत्य कला यहां के शिवगंगा किले और शानदार बृहदेश्वर मंदिर में देखी जाती हैं। आज, यह यूनेस्को की विश्व धरोहर में शामिल है। तंजावुर ने चोल वंश की राजधानी के रूप में प्रमुखता हासिल की थी।

Maahi Yashodhar
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माही यशोधर Timesnowhindi.com में न्यूज डेस्क पर काम करती हैं। यहां वह फीचर, इंफ्रा, डेवलपमेंट, पॉलिटिक्स न्यूज कवर करती हैं। इसके अलावा वह डेवलपमेंट की खबरों पर भी नजर रखती हैं। वह सड़क, रेल और इंफ्रास्ट्रक्चर के अलावा क्राइम और पर्यावरण से जुड़ी खबरें भी लिखती हैं। राजनीति में खास रुचि होने के कारण वह राजनेताओं और राजनीति से जुड़ी खबरें ब्रेक करते हैं। इससे पहले माही ने देश के नामी मीडिया संस्थानों एनडी टीवी और न्यूज18 में काम किया है। माही यशोधर ने पत्रकारिता में डिग्री ली है। उन्होंने अपने पत्रकारिता सफर की शुरुआत देश के नामी संस्थान टाइम्स से की थी, जहां उन्होंने एंटरटेनमेंट डेस्क पर रहते हुए खबरों को धार दी। इसके बाद वह डिजिटल पत्रकारिता में आगे बढ़ती रहीं। पूर्व में माही यशोधर ने एंटरटेनमेंट, हेल्थ, एजुकेशन, एस्ट्रो, वायरल और लाइफस्टाइल की खबरों पर काम किया है। माही हर छोटी-बड़ी खबर को जल्द से जल्द अपने पाठकों तक पहुंचाने की कोशिश करती हैं। माही अपने पाठकों की नब्ज अच्छे से समझती हैं। उन्हें खबरों की अच्छी समझ है और उनकी भाषा ऐसी है कि कम शब्दों में भी पाठक को पूरी खबर समझा देती हैं।

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