Uttarakhand: केदारनाथ में हर साल भारी संख्या में यात्री दर्शन के लिए पहुंचते हैं। प्रशासन यहां आने वाले लोगों को किसी भी तरह की कोई असुविधा न हो इसका पूरा ध्यान रख रही है। वहीं किसी भी हादसे से बचने के भी पूरे इंतजाम किए गए हैं। हाल ही केदारनाथ में एक निजी कंपनी के हेलीकॉप्टर में तकनीकी गड़बड़ी की वजह से इसकी इंमरजेंसी लैडिंग करानी पड़ी। इस स्थिति में हेलीपैड को कुछ ही मीटर की दूरी पर उतारना पड़ा। हेलीकॉप्टर में छह श्रद्धालु समेत सात लोग सवार थे।
हेलीकॉप्टर इंमरजेंसी लैडिंग
एक अधिकारी ने यह जानकारी दी गई। उन्होंने कहा कि हेलीकॉप्टर में सवार पायलट और सभी श्रद्धालु सुरक्षित हैं और श्रद्धालुओं को भगवान केदारनाथ के दर्शन करा दिए गए हैं। रुद्रप्रयाग जिला प्रशासन की ओर से दी गई जानकारी के अनुसार, घटना सुबह सात बजे की है, जब क्रिस्टल एवियेशन कंपनी के हेलीकॉप्टर ने गुप्तकाशी और सोनप्रयाग के बीच शेरसी हेलीपैड से उड़ान भरी।
पायलट की समझदारी से टला हादसा
प्रशासन की ओर से बताया गया कि इसी बीच, तकनीकी खामी की जानकारी मिलते ही पायलट ने हेलीकॉप्टर को केदारनाथ हेलीपैड से कुछ दूरी पर आपात स्थिति में उतारा। रुद्रप्रयाग के जिलाधिकारी सौरभ गहरवार ने कहा कि पायलट की सूझबूझ के कारण एक बड़ा हादसा टल गया।
तकनीकी खामी से आई दिक्कत
उन्होंने कहा कि तकनीकी खामी की जानकारी मिलने के बाद पायलट ने अपना धैर्य नहीं खोया और हेलीकॉप्टर को आपात स्थिति में सुरक्षित उतारा। जिलाधिकारी ने कहा कि सभी तीर्थयात्री सुरक्षित हैं और सभी को बाबा केदारनाथ के दर्शन करा दिए गए हैं। गहरवार ने कहा कि हेलीकॉप्टर में आई तकनीकी खराबी की जांच कराई जा रही है।
पायलट की सूझबूझ से यात्री सुरक्षित
वहीं घटना को गंभीरता से लेते हुए डीएम डाॅ सौरभ गहरवार ने जांच के आदेश दे दिए हैं। उन्होंने कहा कि क्रिस्टल कंपनी के हेलीकाॅप्टर में तकनीकि खराबी के कारण आज सुबह बड़ा हादसा होते-होते टल गया। बाबा केदार की कृपा रही कि कोई बड़ी घटना नहीं घटी। पायलट की सूझबूझ से सभी यात्री सुरक्षित हैं। उन्होंने कहा कि मामले में जांच के आदेश दे दिए हैं।
