उत्तर प्रदेश को 'बीमारू प्रदेश' के टैग से बाहर निकालकर एक 'उत्सव प्रदेश' और देश का ग्रोथ इंजन बनाने की दिशा में राज्य सरकार ने एक और बड़ा कदम बढ़ाया है। 25 से 29 सितंबर तक ग्रेटर नोएडा के इंडिया एक्सपो सेंटर एंड मार्ट में आयोजित होने वाले 'यूपी इंटरनेशनल ट्रेड शो' (UPITS 2026) के चौथे संस्करण को लेकर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रदेशवासियों के नाम एक विशेष संदेश साझा किया है। मुख्यमंत्री ने पाती में कहा कि जब प्रदेश में डबल इंजन सरकार ने काम संभाला, तब सबसे पहली और बड़ी चुनौती रोजगार का सृजन करना था। अकेले सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्योग (MSME) और 'एक जनपद-एक उत्पाद' (ODOP) जैसी योजनाओं से अब तक 4 करोड़ से अधिक रोजगार के अवसर बने हैं। ओडीओपी की अभूतपूर्व सफलता से प्रेरित होकर राज्य सरकार ने 'एक जनपद-एक व्यंजन' (One District One Cuisine - ODOC) जैसी नई और अभिनव पहल शुरू की है, जिससे स्थानीय खान-पान और व्यंजनों को अंतरराष्ट्रीय पहचान मिल सके।
15 लाख करोड़ का निवेश धरातल पर
योगी आदित्यनाथ ने अपने पत्र में उत्तर प्रदेश की बदलती आर्थिक तस्वीर का ब्योरा देते हुए लिखा कि प्रदेश का निर्यात अब 2 लाख करोड़ से अधिक हो चुका है। राज्य में देश और दुनिया के निवेशक भरोसा जता रहे हैं, जिसके तहत 15 लाख करोड़ से अधिक का निवेश धरातल पर उतर चुका है। बड़े पैमाने पर होने वाले इस निवेश से नए उद्योगों की स्थापना हो रही है और सीधे तौर पर युवाओं के लिए नए अवसरों के द्वार खुल रहे हैं।
"युवा रोजगार मांगने वाले नहीं, रोजगार देने वाले बनें"
प्रदेश के नौजवानों को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तर प्रदेश की असली पहचान केवल विशाल बाजार और जनशक्ति नहीं, बल्कि यहां के युवाओं का कौशल, शिल्पकारों का हुनर और उद्यमियों की प्रतिभा है। CM योगी ने लिखा कि हमारी सोच है कि प्रदेश का युवा सिर्फ नौकरी तलाशने वाला न बने, बल्कि खुद का उद्यम शुरू कर दूसरों को रोजगार देने में सक्षम बने। इसके लिए स्टार्टअप नीति और विश्वकर्मा श्रम सम्मान योजना जैसे कदम उठाए गए हैं। UPITS जैसे अंतरराष्ट्रीय आयोजन हमारे युवाओं और छोटे उद्यमियों को विदेशी खरीदारों, निवेशकों और वैश्विक बाजार से जोड़ने का सबसे बड़ा जरिया हैं।
1 ट्रिलियन डॉलर इकोनॉमी और 'विकसित यूपी' का संकल्प
मुख्यमंत्री ने युवाओं और भावी उद्यमियों का आह्वान करते हुए कहा कि वे 25 से 29 सितंबर के बीच ग्रेटर नोएडा पहुंचे, नए कारोबारी संपर्कों को समझें और अपने विचारों को बड़े उद्यम में बदलने का अवसर खोजें। उन्होंने विश्वास जताया कि स्थानीय सामर्थ्य के वैश्विक बाजार तक पहुंचने से उत्तर प्रदेश जल्द ही 1 ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था के लक्ष्य को हासिल करेगा और 'विकसित उत्तर प्रदेश' का सपना हकीकत में बदलेगा।
