Independence Day 2026: स्वतंत्रता दिवस समारोह को देखते हुए दिल्ली के लाल किले और आसपास के क्षेत्रों में सुरक्षा व्यवस्था को बेहद मजबूत किया जा रहा है। इस बार सुरक्षा एजेंसियां पारंपरिक निगरानी के साथ आधुनिक तकनीक का भी बड़े पैमाने पर इस्तेमाल कर रही हैं। इसी व्यवस्था में ANPR कैमरों को भी महत्वपूर्ण भूमिका दी गई है।
ANPR से गाड़ियों की नंबर प्लेटों की स्कैनिंग
ANPR यानी Automatic Number Plate Recognition तकनीक की मदद से सड़क से गुजरने वाले वाहनों की नंबर प्लेट को कैमरे खुद ही स्कैन कर सकेंगे। वाहन के कैमरे के सामने से गुजरते ही उसकी नंबर प्लेट की जानकारी सिस्टम में दर्ज हो जाएगी। इसके बाद जरूरत के अनुसार इस डेटा को पुलिस के रिकॉर्ड से मिलाकर संदिग्ध या चोरी के वाहनों का पता लगाने में मदद ली जा सकती है।
लाल किला और उसके आसपास सुरक्षा का अभेद्य कवच
इस तकनीक से सुरक्षा कर्मियों को हर वाहन को रोककर उसकी नंबर प्लेट की अलग से जांच करने की जरूरत कम होगी। अगर किसी वाहन का नंबर पुलिस के संदिग्ध या चोरी हुए वाहनों के रिकॉर्ड से मेल खाता है, तो संबंधित टीम को सतर्क कर आगे की कार्रवाई की जा सकेगी। 15 अगस्त के मद्देनजर लाल किले और आसपास के इलाकों में बहुस्तरीय सुरक्षा व्यवस्था लागू की जा रही है।
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फेस रिकग्निशन सिस्टम, एंटी-ड्रोन तकनीक...
निगरानी के लिए CCTV कैमरों के अलावा फेस रिकग्निशन सिस्टम, एंटी-ड्रोन तकनीक, बम निरोधक दस्ते और मैनुअल चेकिंग जैसे कई सुरक्षा उपाय भी तैनात किए जा रहे हैं। इस तरह इस बार सुरक्षा व्यवस्था में सिर्फ लोगों की गतिविधियों पर ही नहीं, बल्कि सड़क पर आने-जाने वाले वाहनों पर भी लगातार नजर रखने की तैयारी है। ANPR कैमरे संदिग्ध वाहनों की पहचान को तेज करने और संभावित सुरक्षा खतरे पर समय रहते कार्रवाई में पुलिस की मदद कर सकते हैं।
