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Anant Singh: पटना हाई कोर्ट ने AK-47 मामले में अनंत सिंह को किया बरी, जेल से बाहर आने का रास्ता साफ

Anant Singh: पटना उच्च न्यायालय ने बिहार के मोकामा विधानसभा क्षेत्र से पूर्व विधायक अनंत कुमार सिंह को उनके आवास से भारी मात्रा में हथियार, गोला-बारूद और विस्फोटक बरामद होने के मामले में बुधवार को बरी कर दिया। बता दें कि पटना की एक निचली अदालत ने चार साल पुराने इस मामले में सिंह को दस साल के जेल की सजा सुनाई थी।

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फाइल फोटो।

Photo : PTI
KEY HIGHLIGHTS
  • साक्ष्य के अभाव में अनंत सिंह बरी।
  • कोर्ट ने 10 साल की सजा सुनाई थी।
  • 15 दिन के पैरोल पर आए थे बाहर।

Anant Singh: बिहार के मोकामा क्षेत्र के पूर्व विधायक और बाहुबली नेता अनंत सिंह को बुधवार को पटना हाई कोर्ट से बड़ी राहत मिली। हाई कोर्ट ने बड़ी राहत देते हुए उन्हें एके 47 मामले में बरी कर दिया। कोर्ट ने बताया कि इस मामले में साक्ष्य का अभाव है, जिस वजह से उन्हें रिहा किया जा रहा है। अब इस फैसले के बाद उनके जेल से बाहर आने का रास्ता साफ हो गया है। बता दें कि हाल ही में अनंत सिंह पटना के बेउर जेल से 15 दिनों के पैरोल पर बाहर आए थे।

कोर्ट ने सुनाई थी 10 साल की सजा

जस्टिस चंद्र शेखर झा ने अनंत सिंह की चुनौती याचिका पर यह फैसला सुनाया है। पटना की एक निचली अदालत ने चार साल पुराने इस मामले में उन्हें 10 साल जेल की सजा सुनाई थी। पूर्व विधायक ने निचली अदालत के फैसले को पटना हाई कोर्ट में चुनौती दी थी। पूर्व विधायक के अधिवक्ता सुनील कुमार ने कहा कि हमने तर्क दिया कि सिंह को उस परिसर से आपत्तिजनक वस्तुओं की बरामदगी के लिए दोषी ठहराया गया था, जहां वह नहीं रह रहे थे।

आपको बता दें कि पटना हाई कोर्ट ने बाढ़ के गांव नदवां के उनके घर में मिले एके-47, कारतूस और 2 ग्रेनेड मिलने के मामले में उन्हें रिहा किया है। अनंत सिंह पर गैरकानूनी गतिविधियां (रोकथाम) अधिनियम के तहत मामला चल रहा था, जिसमें पटना की एक अदालत ने उन्हें 10 साल जेल की सजा सुनाई थी।

जेल से बाहर आने का रास्ता साफ

'छोटे सरकार' के रूप में चर्चित अनंत सिंह मोकामा से विधायक रहे हैं, लेकिन कोर्ट द्वारा दोषी ठहराए जाने के बाद उन्हें अपनी विधायकी गंवानी पड़ी थी। जानकारी के अनुसार, अनंत सिंह 25 अगस्त 2019 से न्यायिक हिरासत में जेल में बंद हैं। बताया जाता है कि इस मामले में 13 गवाहों को पेश किया गया, जबकि अनंत सिंह की ओर से 34 गवाह पेश किए गए। इस मामले को विशेष श्रेणी में रखा गया और स्पीडी ट्रायल किया गया।

इस पूरे मामले की जांच बाढ़ अनुमंडल की तत्कालीन एएसपी लिपी सिंह ने की, जिन्होंने पांच नवंबर 2019 को कोर्ट में चार्जशीट दायर की थी। पटना हाई कोर्ट के इस फैसले के बाद अनंत सिंह के समर्थकों में खुशी की लहर दौड़ गई है। लोकसभा चुनाव के पहले सिंह को पैरोल दी गई थी। वह जल्द ही जेल से बाहर आएंगे।

Devshanker Chovdhary
Devshanker Chovdhary author

<p>देवशंकर चौधरी मार्च 2024 से Timesnowhindi.com के साथ करियर को आगे बढ़ा रहे हैं और बतौर कॉपी एडिटर काम कर रहे हैं। टाइम्स नाउ सिटी टीम में वह इंफ्रा, डेवलपमेंट, पॉलिटिक्स और लोगों से जुड़ी स्टोरी करते हैं। हर स्टोरी में अलग एंगल निकालने पर फोकस रहता है। इसके अलावा ग्राउंड की स्टोरी और रिसर्च बेस्ड स्टोरी करने में विशेष रुचि रखते हैं।&nbsp;बीते वर्षों में टेलीविजन और डिजिटल मीडिया संस्थानों में काम कर चुके हैं। इससे पहले इन्होंने दैनिक जागरण, यूनीवार्ता, एबीपी न्यूज और रोहतास पत्रिका में काम किया है। दैनिक जागरण में रियल टाइम डेस्क पर काम कर चुके हैं, जहां वर्ल्ड अफेयर्स और नेशनल बीट की खबरें करते थे। यूनीवार्ता में नेशनल और विदेश डेस्क पर काम कर चुके हैं। एबीपी न्यूज में डिजिटल टीम का हिस्सा रह चुके हैं। रोहतास पत्रिका में काम करने के दौरान कोविड काल में बिहार के कई जिलों में घूम-घूम कर काम करने का अनुभव है। ग्रेजुएशन के दौरान ही पत्रकारिता से जुड़ गए थे, जिस दौरान दैनिक अखबारों के साथ काम किया है। अकाउंटिंग एंड मैनेजमेंट ऑनर्स में स्नातक और जनसंचार में स्नातकोत्तर हैं।</p>

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