पटना

Bihar: जहानाबाद में जर्जर स्कूल बस से गिरकर 5 साल के बच्चे की मौत, बस की फर्श में था छेद; ग्रामीणों ने किया सड़क जाम

बिहार के जहानाबाद जिले में एक जर्जर स्कूल बस से गिरकर पांच वर्षीय छात्र की मौत हो गई है। घटना को ग्रामीणों ने बस में तोड़फोड़ कर सड़क जाम कर दिय। हादसे के बाद से प्रशासन की लापरवाही पर लगातार सवाल उठे हैं। डीएसपी ने घटना के जांच का आश्वासन दिया है।

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कुछ दिनों पहले भी हुई थी ऐसी ही घटना

Photo : Times Now Digital

Jehanabad News: राजधानी पटना से करीब 50 किलोमीटर दूर जहानाबाद जिले में एक ऐसी दर्दनाक घटना हुई है, जिसने सुनने वालों को झकझोर कर रख दिया है। जिले के सिकरिया थाना क्षेत्र में एक जर्जर स्कूल बस से महज पांच साल के मासूम की गिरकर मौत हो गई है। जाहिर है, इस घटना को लेकर ग्रामीणों में रोष होना ही था और हुआ भी। बस में जमकर तोड़फोड़ हुई और लोगों ने घंटों सड़क को जाम रखा।

क्या है मामला

मृतक छात्र की पहचान मिल्की गांव निवासी अमर कुमार का पांच वर्षीय पुत्र पीयूष कुमार उर्फ चक्कू के तौर पर हुई है। मासूम पीयूष एक प्राइवेट स्कूल में पढ़ाई करता था और रोज की तरह वह बस से स्कूल जा रहा था, लेकिन रास्ते में सिकरिया मोड़ के पास बस की फर्श में बने एक बड़े छेद से वह नीचे गिर गया। घटना के तुरंत बाद बच्चे की मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई। हादसे की खबर फैलते ही पूरे इलाके में आक्रोश फैल गया। ग्रामीणों ने न सिर्फ स्कूल बस में जमकर तोड़फोड़ की, बल्कि विरोधस्वरूप घंटों तक सड़क को जाम कर दिया। स्थिति को काबू में करने के लिए सिकरिया, ओकरी और काको थाना की पुलिस को मौके पर बुलाया गया। साइबर डीएसपी गोपाल कृष्ण ने स्थिति को नियंत्रित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई और लोगों को समझा-बुझाकर जाम को समाप्त करवाया।

पहले भी हो चुकी है ऐसी घटना

स्थानीय लोगों ने बताया कि यह पहली बार नहीं है जब इस स्कूल बस से दुर्घटना हुई है। महज चार-पांच दिन पहले भी एक छात्रा इसी बस से गिरकर घायल हो गई थी, लेकिन स्कूल प्रशासन ने उस घटना से कोई सबक नहीं लिया। ग्रामीणों ने स्कूल प्रबंधन और बस चालक पर घोर लापरवाही का आरोप लगाया है।

प्रशासन की भूमिका पर भी उठे सवाल

ग्रामीणों का आरोप है कि पुलिस प्रशासन आमतौर पर वाहनों की जांच तो करता है लेकिन स्कूल बसों की ओर कोई ध्यान नहीं दिया जाता। पीड़ित परिजनों और स्थानीय लोगों ने दावा किया कि उक्त बस का कागजात सही नहीं है और वह पूरी तरह से जर्जर हालत में है। इसके बावजूद पुलिस या परिवहन विभाग ने कभी भी इसकी जांच नहीं की। उनका कहना है कि अगर समय रहते कार्रवाई की जाती, तो आज यह दर्दनाक हादसा टाला जा सकता था।

डीएसपी का बयान

घटना पर प्रतिक्रिया देते हुए डीएसपी गोपाल कृष्ण ने कहा, "स्कूल बस से गिरकर एक पांच वर्षीय बच्चे की मौत हुई है। घटना के बाद लोगों में आक्रोश था, लेकिन स्थिति को संभाल लिया गया है। पूरे मामले की गहराई से जांच की जा रही है और जांच के बाद उचित कार्रवाई की जाएगी।"

इस हादसे ने एक बार फिर स्कूल बसों की सुरक्षा व्यवस्था और प्रशासन की निगरानी व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। अब देखना यह होगा कि प्रशासन इस मामले में कितनी सख्त कार्रवाई करता है और भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए क्या कदम उठाए जाते हैं।

Nishant Tiwari
निशांत तिवारीauthor

निशांत तिवारी टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल की सिटी टीम में कॉपी एडिटर हैं। शहरों से जुड़ी खबरों, स्थानीय मुद्दों और नागरिक सरोकार को समझने की उनकी गहरी दृष्टि उन्हें इस बीट का एक भरोसेमंद और प्रभावी कंटेंट राइटर बनाती है। वे जटिल लोकल इश्यूज को सहज, स्पष्ट और असरदार अंदाज में पेश करने में दक्ष हैं और अबतक 2,000 से अधिक न्यूज रिपोर्ट लिख चुके हैं। उनकी लेखन शैली शहर की नब्ज पकड़ते हुए ऐसे कंटेंट पर केंद्रित रहती है, जो सीधे पाठकों के जीवन और उनकी रोजमर्रा की चिंताओं से जुड़ा होता है।

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