लखनऊ

Luknow News: यूपी के सरकारी अस्पतालों में निजी एंबुलेंस पर रोक, इन लोगों के प्रवेश पर भी पाबंदी

यूपी के सरकारी अस्पताल में निजी एंबुलेंस के प्रवेश पर रोक लग गई है, इसके अलावा अस्पताल में कोई अनधिकृत व्यक्ति भी नहीं आ सकेगा। ऐसा करने वाले के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।

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प्राइवेट एंबुलेंस पर रोक (फोटो साभार - ट्विटर)

उत्तर प्रदेश के सरकारी अस्पतालों में अब निजी एंबुलेंस नहीं आ सकेंगी। सरकार ने इन प्राइवेट एंबुलेंस के प्रवेश पर पूरी तरह से रोक लगा दी है। इसके साथ ही अनाधिकृत लोगों के प्रवेश पर भी पाबंदी लगाई है। इस संबंध में चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग की ओर से दिशा-निर्देश जारी कर दिए गए हैं। साथ ही सभी सरकारी अस्पतालों के जिलाधिकारी को निर्देश दिया गया है कि अस्पताल के परिसर में या उसके आसपास प्राइवेट एंबुलेंस मिलती है, तो उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।

स्वास्थ्य विभाग के सचिव रंजन कुमार ने सभी मंडलीय निदेशकों, चिकित्सा अधीक्षकों समेत सभी विभागीय अधिकारियों को इस संबंध में निर्देश जारी किया है। जिसके तहत यह सुनिश्चित करने की जिम्मेदारी अस्पतालों के प्रभारी चिकित्साधिकारी की होगी कि परिसर के आसपास या परिसर के अंदर कोई प्राइवेट एंबुलेंस ना जाए। इसके अलावा सरकारी अस्पताल में भर्ती मरीजों को निजी अस्पताल में जाने के लिए या उनकी एंबुलेंस के इस्तेमाल के लिए भी प्रोत्साहित नहीं किया जाएगा।

निर्धारित ड्रेस में आएगा हॉस्पिटल स्टाफ

जिलाधिकारियों को यह भी सुनिश्चित करने के लिए कहा गया है कि अस्पतालों में तैनात स्टॉफ के अलावा कोई अनधिकृत व्यक्ति अंदर न जाए। किसी बाहरी व्यक्ति की पहचान करने के लिए अस्पताल का पूरा स्टॉफ अपने निर्धारित ड्रेस में ही आएगा, जिसमें उनका नाम प्लेट भी लगा होगा। इसके अलावा सीएमओ सभी पीएचसी और सीएचसी के प्रभारियों के साथ हर दिन वीडियो कांफ्रेसिंग करेंगे, और स्थिति का जायजा लेंगे।

Pooja Kumari
पूजा कुमारीauthor

पूजा टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल की सिटी डेस्क पर कार्यरत हैं। जर्नलिज़्म में पीजी डिप्लोमा कर चुकी पूजा को टीवी मीडिया में भी काम करने का अनुभव है। शहरी मुद्दों की गहरी समझ के कारण पूजा लोकल न्यूज, मेट्रो व रेल अपडेट्स, रोड और इंफ्रास्ट्रक्चर, लोकल डेवलपमेंट, मौसम, क्राइम, स्थानीय राजनीति और सामाजिक मुद्दों पर मजबूत पकड़ रखती हैं। शहरों की नब्ज पहचानने और स्थानीय संवेदनशीलताओं को खबरों में प्रभावी ढंग से पिरोने की क्षमता उनकी राइटिंग स्किल को विशेष बनाती है। पूजा अब तक 3,000 से अधिक न्यूज रिपोर्ट्स लिख चुकी हैं, जिनमें कई महत्वपूर्ण लोकल अपडेट्स, विश्लेषणात्मक स्टोरीज और रिपोर्ताज शामिल हैं।

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