UP News: उत्तर प्रदेश में हलाल उत्पादों पर बैन लग चुका है। ऐसे में हलाल सर्टिफिकेशन जांच के लिए गठित की गई टीमें चेन्नई दिल्ली और मुंबई जाएंगी। यूपी एसटीएफ आतंकी संगठनों को लाभ पहुंचाने की साजिश की जांच करेंगी। जांच में कंपनियों के मैनेजमेंट और कर्मचारियों के बैंक खातों की भी पड़ताल होगी। बताया जा रहा है कि, STF पता लगाएगी कि देश में हजारों करोड़ रुपए के हलाल सर्टिफिकेशन के कारोबार के जरिए आतंकी संगठनों को देश विरोधी गतिविधियों के लिए खाद पानी तो मुहैया नहीं कराया जा रहा है।
चेन्नई की हलाल इंडिया प्राइवेट लिमिटेड, दिल्ली की जमीयत उलेमा हिंद हलाल, मुंबई की हल काउंसिल आफ इंडिया जमीयत उलेमा महाराष्ट्र आदि विशेष समुदाय के नाम पर कुछ उत्पादों पर हल प्रमाण पत्र जारी कर रहे हैं। खाद्य और रसद विभाग की तरफ से भी एक टीम का गठन किया गया है जो अलग-अलग शहरों में छापा मारकर हलाल सर्टिफिकेशन वाले उत्पादों को सूचित कर रही है।
बता दें कि, उत्तर प्रदेश में हलाल सर्टिफिकेट देने वाली कंपनियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इस मामले को गंभीरता से लिया और पुलिस को बड़ी कार्रवाई करने को कहा। इतना कुछ होने के बाद ही प्रदेश में हलाल सर्टिफिकेशन से जुड़े उत्पादों की बिक्री पर पूर्णत: बैन लगा दिया गया है।
