उत्तर प्रदेश में योगी आदित्यनाथ सरकार को 8 साल पूरे हो चुके हैं। इस अवसर पर आज यानी सोमवार 24 मार्च को स्वयं CM योगी आदित्यनाथ ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस की। इस दौरान उन्होंने एक-एक करके अपनी सरकार की उपलब्धियों को गिनाया। इसके साथ ही राज्य सरकार की 8 साल की उपलब्धियों से सुसज्जित एक किताब का विमोचन भी किया गया। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने राज्य की कानून व्यवस्था को लेकर अपनी बात रखी। उन्होंने बताया कि 2017 से पहले राज्य की कानून व्यवस्था कैसी थी और आज 8 साल बाद उसमें कितना सुधार हुआ है। मुख्यमंत्री ने एक-एक बिंदु को सिलसिलेवार तरीके से रखा। चलिए जानते हैं।
तब न बेटी सुरक्षित थी न उद्योग, अब कानून का राज
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि साल 2017 में उनकी सरकार बनने से पहले राजय में कानून व्यवस्था का संकट था। उन्होंने कहा कि स समय राज्य के युवा के सामने पहचान का संकट का था। 2017से पहले यहां न तो बेटी सुरक्षित थी न ही उद्योग-धंधे। उन्होंने कहा, आज कानून व्यवस्था में राज्य ने लंबी छलांग लगाई है और हाल ही में प्रयागराज में आयोजित हुआ महाकुंभ इसका बड़ा उदाहरण है। 45 दिनों के इस आयोजन में कोई अपराध, लूट, छेड़छाड़, अपहरण कोई भी घटना नही हुई, यहां आने वाले श्रद्धालुओं के मन मे कोई असंतोष का भाव नही मिला। उन्होंने कहा, प्रदेश वही है, तंत्र वही है, बस सरकार बदलने से इतना फर्क पड़ गया।
पुलिस बल में सुधार किए
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने 2017 में हमारी सरकार आने पर पुलिस बल में डेढ़ लाख से ज्यादा पद खाली थे। सरकार की नीयत पर जनता और न्यायालय को भी संदेह था। उन्होंने कहा, इन 8 वर्षों में हमने पुलिस बल को एक सिस्टम के साथ जोड़ा है। इन 8 वर्षों में हमने 1.56 लाख पुलिस कर्मियों की भर्ती की, जो आज अपनी सेवा दे रहे हैं। इसके साथ 60 हजार, 200 से अधिक नए पुलिस कर्मियों की भर्ती प्रक्रिया हाल ही में समाप्त हुई है। फिलहाल वह ट्रेनिंग ले रहे हैं और जल्द ही राज्य के पुलिस बल के साथ जुड़ जाएंगे।
दंगाइयों का काल PAC को वापस शुरू किया
योगी आदित्यनाथ ने परोक्ष रूप से पिछली सरकार पर दंगाईयों का साथ देने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि पिछली सरकारों ने दंगाईयों का काल मानी जाने वाली PAC की 54 कंपनियों को बंद कर दिया था, ताकी दंगाई खुलेआम दंगा कर सकें। उन्होंने कहा, हमने सरकार में आते ही उन सभी PAC कंपनियों को वापस बहाल किया और 3 नई महिला बटालियन भी बनाईं।
महिला और स्पेशल फोर्स भी बनाई
योगी आदित्यनाथ ने बताया कि 1947 से 2017 तक राज्य में सिर्फ 10 हजार महिला पुलिस कर्मी थीं। लेकिन उनकी सरकार ने पुलिस में महिलाओं की भागीदारी को बढ़ाया। उन्होंने कहा, अकेले क भर्ती में जो होली से क दिन पहले हुई, उसमें ही हमने 12 हजार से अधिक महिला पुलिस कर्मियों की भर्ती की है। इसके साथ ही उन्होंने बताया कि यूपी में महिला वर्क फोर्स जो पिछली सरकार के समय मात्र 13-14 फीसद था अब वह बढ़कर 35 फीसद हो गया है। इसके अलावा उन्होंने बताया कि एयरपोर्ट, मेट्रो और अन्य संस्थानों की सुरक्षा के लिए उनकी सरकार ने स्पेशल फोर्स भी बनाई।
पुलिस का रिस्पॉन्स टाइम 25 से 7 मिनट किया
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बताया कि जब वह सत्ता में आए, तब 10 जिलों में पुलिस लाइन नहीं थी। बैरक टूट-फूटे थे। इसके अलावा राज्य में सिर्फ 6000 पुलिस कर्मियों की ट्रेनिंग की ही व्यवस्था थी। लेकिन आज राज्य में ऐसी व्यवस्था है कि आज 60 हजार 244 पुलिसकर्मी एक साथ ट्रेनिंग ले सकते हैं। उन्होंने कहा कि हर जिले के हर पुलिस थाने में बैरक की व्यवस्था की गई है। राज्य में साइबर थानों की व्यवस्था की गई है। यही नहीं, उन्होंने बताया कि पिछली सरकार के समय पुलिस का रिस्पॉन्स टाइम जो 25.42 मिनट था वह अब घटकर 7 मिनट के आसपास रह गया है।
