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देश के इस प्रमुख एयरपोर्ट को करना पड़ा बंद, न विमान उड़ेंगे और न ही उतरेंगे; जानिए वजह

एयरपोर्ट अथॉरिटी ने कोलकाता एयरपोर्ट को बंद करने का फैसला लिया है। इस दौरान एयरपोर्ट पर से कोई भी फ्लाइट न उड़ान भर सकती है और न भी यहां लैंड कर सकती है। इस कारण से 394 फ्लाइटों को रद्द किया गया है, जिससे 63,000 यात्री प्रभावित हुए हैं।

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21 घंटे के लिए बंद होगा ये कोलकाता एयरपोर्ट

Photo : iStock

पश्चिम बंगाल के कोलकाता एयरपोर्ट को बंद करने का फैसला लिया गया है। इस दौरान एयरपोर्ट पर न कोई फ्लाइट उतरेगी और न ही यहां से उड़ान भरेगी। एयरपोर्ट अथॉरिटी ने रविवार दोपहर से अगले 21 घंटे के लिए फ्लाइटों के संचालन को पूरी तरह से बंद करने की तैयारी कर ली है। लेकिन इसके पीछे की वजह क्या है? क्यों हवाई अड्डे से 21 घंटे के लिए फ्लाइट का संचालन बंद किया जा रहा है। आइए आपको बताएं...

क्यों बंद हो रहा है कोलकाता एयरपोर्ट

दरअसल, कोलकाता के मौसम को ध्यान में रखते हुए ये फैसला लिया गया है। बताया जा रहा है कि चक्रवात रेमल के बंगाल-बंग्ला तट पर आधी रात के दौरान दस्तक देने की आशंका है। ऐसे में इस क्षेत्र में फ्लाइटों की उड़ान सुरक्षित नहीं है। एयरपोर्ट के बंद होने से 394 उड़ानों को रद्द किया गया है। इसमें घरेलू फ्लाइटों के साथ 54 अंतर्राष्ट्रीय फ्लाइट भी हैं। एयरपोर्ट बंद करने के फैसले से 63,000 यात्री प्रभावित हुए हैं। क्योंकि फ्लाइटों का संचालन बंद किया गया है, ऐसे में रद्द फ्लाइटों के यात्रियों को टिकट के पैसे वापस किए जाएंगे। वहीं जिन यात्रियों के लिए यात्रा बहुत आवश्यक है उन्हें अलगी उपलब्ध फ्लाइट में शामिल करने की कोशिश की जाएगी।

सिंगापुर एयरलाइंस की घटना को देखते हुए लिया फैसला

बता दें कि कोलकाता एयरपोर्ट अथॉरिटी ने सिंगापुर एयरलाइंस में हुई घटना को देखते हुए ये फैसला लिया है। 21 मई को म्यांमार के इरावदी डेल्टा क्षेत्र के ऊपर से उड़ान भरने के समय हुई उथल-पुथल के कारण फ्लाइट 62 सेकंड के दौर दो बार तेजी से ऊपर-नीचे चढ़ी और उतरी थी। इस दौरान के व्यक्ति की हार्टअटैक से मौत हो गई। वहीं 43 यात्रियों को अस्पताल में भर्ती करना पड़ा। इनमें से कई यात्रियों को रीढ़ की हड्डी में गंभीर चोटें आई थी। यही कारण है कि इस स्थिति से बचने के लिए ये फैसला लिया गया है।

मौसम विभाग का पूर्वानुमान

कोलकता एयरपोर्ट के संबंध में मौसम विभाग ने जानकारी दी कि एप्रोच पथ पर 93 किमी से लेकर 111 किमी प्रतिघंटी की रफ्तार से हवाएं चलेंगी, जिससे उड़ान के दौरान टर्बुलेंस की स्थिति हो सकती है। यही कारण है कि फ्लाइट के संचालन को बंद करने का फैसला लिया गया है। मौसम विभाग ने आगे बताया कि जमीन पर इन हवाओं की गति 60 से 70 किमी प्रति घंटा की हो सकती है। जानकारी के अनुसार, एक अधिकारी ने बताया कि सभी एयरलाइंस को ये सुनिश्चित करना के लिए कहा गया है ग्राउंड उपकरणों को सुरक्षित रहे।

Varsha Kushwaha
वर्षा कुशवाहाauthor

वर्षा कुशवाहा टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल की एजुकेशन डेस्क पर बतौर कॉपी एडिटर कार्यरत हैं और पिछले 5 वर्षों से मीडिया में सक्रिय हैं। जर्नलिज़्म में पोस्ट ग्रेजुएशन डिप्लोमा पूरा करने के बाद उन्होंने न्यूज रूम में तेजी, सटीकता और गहराई के साथ काम करते हुए अपनी मजबूत संपादकीय पहचान बनाई है। वर्षा की विशेषज्ञता हाइपर-लोकल खबरों, इवेंट कवरेज और स्टेट पॉलिटिक्स से जुड़ी रिपोर्टिंग में भी है। अब तक वर्षा कुशवाहा 8,000 से अधिक खबरें लिख चुकी हैं, जिनमें कई अहम लोकल रिपोर्ट्स, एजुकेशन और करियर की खबरें तथा फीचर-आधारित स्टोरीज शामिल हैं।

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