कानपुर

Navratri Special: जानिए कानपुर की बारा देवी मंदिर का इतिहास, दिलचस्प है 12 बहनों से जुड़ी कहानी, नवरात्रि में होती है भारी भीड़

  • Agency by: Agency
  • Updated Sep 26, 2022, 08:57 PM IST

Kanpur News: कानुपर दक्षिण में प्रसिद्ध बारा देवी माता का मंदिर स्थित है। पूरे साल यहां लोगों का जमघट लगा रहता है। नवरात्रि में इस मंदिर में भारी भीड़ होती है। इस मंदिर का इतिहास लगभग 1700 साल पुराना बताया जाता है। मंदिर के पुजारी दीपक बताते हैं कि, पिता से हुई अनबन और उनके कोप से बचने के लिए घर से एक साथ 12 सगी बहनें घर से भाग गईं थीं। सारी बहनें कानपुर के किदवई नगर में स्वत: मूर्ति बनकर स्थापित हो गईं। कई सालों के बाद यही 12 बहनें बारादेवी नाम से प्रसिद्ध हो गईं।

Image

कानपुर के बारा देवी मंदिर का जानिए रहस्य। (Photo- Facebook)

KEY HIGHLIGHTS

  1. कानपुर दक्षिण के किदवई नगर में स्थित है भव्य मंदिर
  2. 1700 साल पुराना बताया जाता है इतिहास
  3. आस-पास के जिलों से लोग पहुंचते हैं माता के दरबार

Kanpur Bara Devi Mandir: नवरात्रि का पावन पर्व शुरू हो चुका है। देवी मंदिरों में भक्तों की भारी भीड़ देखनी को मिल रही है। कानपुर में भी कई चमत्कारिक और रहस्यमयी देवी मंदिर स्थित हैं। कानपुर के दक्षिण में स्थित बारा देवी का मंदिर प्राचीनतम मंदिरों में से एक माना जाता है। इस मंदिर के इतिहास के बारे में कोई सटीक जानकारी नहीं दे पाता है। बता दें कि, कानपुर और उसके आस- पास के जिलों में रहने वाले लोगों की इस मंदिर में गहरी आस्था जुड़ी हुई है।

बता दें कि नवरात्रि के दिनों में हजारों की संख्या में रोज भक्त माता के दर्शन करने के लिए आते रहते हैं। माता बारा देवी के दरबार में भक्त लाल चुनरी बांधते हैं और मन्नत पूरी हो जाने पर उसे खोल कर ले जाते हैं। इस मंदिर में दर्शन करने आने वाले भक्त माता को प्रसन्न करने के लिए बेहद खतरनाक तरीके से करतब भी दिखाते रहते हैं। कोई मुंह से आग के गोले निकालता हुआ दिखाई देगा तो कोई नुकीली धातु को गालों के आर-पार कर देने की कला दिखाता रहता है।

मंदिर का इतिहास सैकड़ों साल पुरानामिली जानकारी के अनुसार मंदिर के इतिहास के बारे में अब तक कोई भी पुख्ता जानकारी तो नहीं मिल सकी है। मंदिर के पुजारी और आसपास के लोगों का कहना है कि, एक बार एएसआई की टीम मंदिर के सर्वेक्षण के लिए आई हुई थी। उन्होंने मंदिर का सर्वेक्षण कर बताया कि, मूर्ति लगभग 15 से 17 सौ साल पुरानी है। बता दें कि बारा देवी मंदिर को यूपी के पर्यटन स्थल के रूप में विकसित करने की तैयारी है।

जानिए क्या है 12 बहनों की कहानी

मंदिर के पुजारी दीपक बताते हैं कि, पिता से हुई अनबन और उनके कोप से बचने के लिए घर से एक साथ 12 सगी बहनें घर से भाग गईं थीं। सारी बहनें कानपुर के किदवई नगर में स्वत: मूर्ति बनकर स्थापित हो गईं। कई सालों के बाद यही 12 बहनें बारादेवी नाम से प्रसिद्ध हो गईं। बताया जाता है कि, बहनों के श्राप देने की वजह से उनके पिता भी पत्थर के रूप में हो गए। इस मंदिर के आस-पास के इलाकों के नाम भी बारा देवी के नाम पर ही रख दिए गए हैं।

टाइम्स नाउ नवभारत
टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटलauthor

अक्टूबर 2017 में डिजिटल न्यूज़ की दुनिया में कदम रखने वाला टाइम्स नाउ नवभारत अपनी एक अलग पहचान बना चुका है। अपने न्यूज चैनल टाइम्स नाउ नवभारत की सोच एवं नजरिए के साथ आगे बढ़ते हुए यह न्यूज़ प्लेटफॉर्म आम लोगों से जुड़े मुद्दों का गहराई से विश्लेषण एवं उसे आसान भाषा में पेश करता आया है। राजनीति से लेकर खेल, मनोरंजन, कारोबार और आम लोगों के जीवन पर असर डालने वालीं खबरों का मायने समझाते हुए यह डिजिटल प्लेटफॉर्म लोगों के भरोसे पर खरा उतरा है। \n\nसाथ ही यह अपने न्यूज़ चैनल पर दिखाए जाने वाली खबरों, शोज, स्पशेल कार्यक्रमों एवं रिपोर्टों को पेश करता है। चैनल के ये कार्यक्रम एवं शोज देश-दुनिया के घटनाक्रमों पर एक नया एवं विश्वसनीय नजरिया देते हैं। अपनी खबरों एवं विश्लेषण के चलते पसंदीदा न्यूज़ प्लेटफॉर्म बन चुका टाइम्स नाउ नवभारत, डिजिटल लोगों के भरोसे को लगातार मजबूत कर रहा है।

और पढ़ें
End of Article