कल का मौसम कैसा रहेगा : उत्तर भारत में मौसम बदल चुका है। आसमान पर बादल तैर रहे हैं और ठंड हवाओं के झोकों ने वातावरण में तरावट घोल दी है। मौसम विभाग का पूर्वानुमान है कि अगले 24 से 36 घंटे के दौरान वेस्टर्न डिस्टर्बेंस का असर दिखाई देगा और दिल्ली-एनसीआर, हरियाणा, पंजाब, राजस्थान और उत्तर प्रदेश के पश्चिमी हिस्से समेत कई स्थानों पर मेघ गर्जन और आंधी-तूफान के साथ हल्की से मध्यम स्तर की बारिश दर्ज की जाएगी। खराब मौसम के दौरान ओलावृष्टि और आकाशीय बिजली गिरने का अलर्ट है। इससे तापमान में कई डिग्री सेल्सियस की गिरावट रिकॉर्ड की जाएगी। उधर, पहाड़ों पर बर्फबारी का दौर शुरू हो गया है। अगले दो दिन उत्तराखंड में कम, लेकिन हिमाचल प्रदेश और जम्मू-कश्मीर के कई हिस्सों पर तेज आंधी के साथ बारिश व ओले गिर सकते हैं। माना जा रहा है कि अब तेजी के साथ पारा में गिरावट होने से सर्दियों की आहट मिलने लगेगी। उधर, दक्षिण भारत में उत्तर-पूर्वी मानसून सक्रिय होने जा रहा है, जिससे अगले कई दिनों तक मूसलाधार बारिश हो सकती है। पूर्वोत्तर भारत में भी मौसमी गतिविधियां जारी रहने का अनुमान है।
दिल्ली में कल का मौसम
दिल्ली-एनसीआर में मौसम का मिजाज बदला हुआ है। मौसम विभाग ने अगले 24 घंटे के दौरान बादलों की आवाजाही रहेगी और मेघ गर्जन के साथ हल्की बारिश हो सकती है। गुरुवार को दिन में घने काले बादल छाए रहने के साथ झमाझम बारिश हुई, जिससे तापमान में गिरावट दर्ज की गई, जिससे मौसम काफी ठंड हो गया। आईएमडी ने शहर में मध्यम स्तर की बारिश, गरज के साथ छींटे पड़ने, बिजली चमकने और तेज हवाएं चलने का ’रेड अलर्ट’ जारी किया है। 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने और हवा के झोंकों की गति 50 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंचने का अनुमान जताया गया। न्यूनतम तापमान 23.3 डिग्री सेल्सियस और अधिकतम तापमान 29 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने की संभावना है। बारिश के कारण पॉल्यूशन के स्तर पर कमी आई है, जिससे लोगों को शुद्ध हवा में सांस मिल रही है।
राजस्थान में बारिश होगी क्या?
राजस्थान में एक नए पश्चिमी विक्षोभ के असर से कई जगह हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना है, इसके साथ ही कहीं-कहीं ओलावृष्टि भी होने की चेतावनी है। मौसम विभाग के अनुसार एक नया पश्चिमी विक्षोभ पश्चिमी राजस्थान के ऊपर सक्रिय होने से 15 अक्टूबर को बीकानेर, जयपुर व भरतपुर संभाग के जिलों के कुछ भागों में 30-40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं। इसके साथ ही कहीं-कहीं हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना है।
इस दौरान जयपुर, भरतपुर संभाग में कहीं-कहीं ओलावृष्टि भी होने की संभावना है। पूर्वी राजस्थान के कुछ भागों में 16 अक्टूबर को भी कहीं-कहीं हल्की बारिश होने की संभावना है। बृहस्पतिवार सुबह तक के 24 घंटे के दौरान जैसलमेर, फलौदी, गंगानगर व हनुमानगढ़ जिलों में मे कहीं कहीं हल्की से मध्यम बारिश हुई। पूर्वी भाग में मौसम मुख्यतः शुष्क रहा। इस दौरान सर्वाधिक वर्षा गजसिंहपुर (गंगानगर) में 55.0 मिलीमीटर दर्ज की गई। सर्वाधिक अधिकतम तापमान जैसलमेर में 40.0 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।
जम्मू-कश्मीर में बर्फबारी
उत्तर भारत में बदले मौसम का सबसे अधिक असर पहाड़ों पर है। पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने से हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड और जम्मू-कश्मीर के कई जगहों पर बर्फबारी से मौसम पूरी तरह सुहावना हो गया है। मौसम विभाग की मानें तो कश्मीर के डोडा और पुंछ की पीर गली में सीजन की पहली बर्फबारी रिकॉर्ड की जा रही है, जिससे सुबह शाम सर्दी महसूस हो रही है। अब अगले कुछ घंटे राज्य के कई हिस्सों पर बादलों की आवाजाही और हल्की से मध्यम स्तर की बारिश होने का अनुमान जताया गया है। इस दौरान बर्फबारी के साथ ओलावृष्टि की चेतावनी जारी की गई है। स्थानीय मौसम विभाग ने लोगों को खराब मौसम के दौरान सचेत रहने के लिए कहा है।
उत्तराखंड में बारिश का होगी क्या
उत्तराखंड में भी वेस्टर्न डिस्टर्बेंस एक्टिव हो गया है। माना जा रहा है कि अगले दो से चार दिन मौसम खराब रह सकता है। हालांकि, मूसलाधार बारिश की चेतावनी नहीं है। फिर भी पहाड़ी हिस्सों खासकर, शिमला, मनाली, बागेश्वर, उत्तरकाशी और चमोली समेत कई हिस्सों पर बादलों की गर्जन के साथ हल्की बारिश रिकॉर्ड की जा सकती है। आईएमडी ने इस दौरान आंधी और ओले गिरने का अलर्ट जारी किया है। मौसमी गतिविधियां होने से तापमान में कमी आने की संभावना व्यक्त की जा रही है। कुछ भागों में बर्फबारी का अनुमान जताया जा रहा है।
हिमाचल में बर्फबारी
हिमाचल प्रदेश के कई हिस्सों पर बर्फबारी शुरू हो गई है, जिससे गर्मी का असर कम हुआ है और लोग सर्दी महसूस कर रहे हैं। खासकर, पहाड़ी हिस्सों पर हिमपात होने से पारा गिरा है। रोहतांग दर्रा, लाहौल घाटी, शिंकुला दर्रा और बारालाचा दर्रा में ताज़ा बर्फबारी हुई है, और ऊंचाई वाले इलाकों में 6 इंच तक बर्फ दर्ज की गई है।
