Kal Ka Mausam 14 July 2026: देशभर में मानसून की रफ्तार अलग-अलग राज्यों में अलग-अलग रंग दिखा रही है। 14 जुलाई को उत्तर प्रदेश और बिहार में बारिश की संभावना बनी हुई है, जबकि राजस्थान में मानसून कमजोर पड़ने से मौसम शुष्क रहेगा। वहीं, पहाड़ी राज्यों, गुजरात और दक्षिण भारत के कुछ हिस्सों में भी मौसम विभाग ने बारिश और बदलते मौसम को लेकर ताजा पूर्वानुमान जारी किया है। बात अगर वेदर सिस्टम की करें तो समुद्र तल पर सक्रिय मानसूनी द्रोणी (Monsoon Trough) का पश्चिमी सिरा अपनी सामान्य स्थिति के आसपास बना हुआ है, जबकि इसका पूर्वी सिरा सामान्य स्थान से उत्तर की ओर स्थित है। वहीं, पश्चिमी विक्षोभ (Western Disturbance) अब निचले क्षोभमंडलीय स्तर पर मध्य पाकिस्तान के ऊपर चक्रवाती परिसंचरण (Cyclonic Circulation) के रूप में सक्रिय है और मध्य क्षोभमंडल की पश्चिमी हवाओं में 72° पूर्व देशांतर के साथ 32° उत्तर अक्षांश के उत्तर में एक ट्रफ भी बनी हुई है। इसके अलावा, उत्तर बंगाल की खाड़ी और उससे सटे दक्षिण बांग्लादेश के ऊपर मध्य क्षोभमंडलीय स्तरों में एक ऊपरी हवा का चक्रवाती परिसंचरण मौजूद है, जबकि पूर्वी बांग्लादेश और आसपास के क्षेत्रों में निचले क्षोभमंडलीय स्तर पर भी एक अन्य चक्रवाती परिसंचरण सक्रिय है। साथ ही, उत्तर-पश्चिम बिहार से मणिपुर तक निचले क्षोभमंडलीय स्तरों में एक ट्रफ फैली हुई है, जिसका असर मौसम की गतिविधियों पर पड़ सकता है।
दिल्ली में कल का मौसम
दिल्ली में कल आसमान आंशिक रूप से बादलों से ढका रहने का अनुमान है। इस दौरान अधिकतम तापमान 36 से 38 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 26 से 28 डिग्री सेल्सियस के बीच रहने की संभावना है। न्यूनतम तापमान अधिकांश इलाकों में सामान्य स्तर के आसपास रहेगा, जबकि अधिकतम तापमान भी अधिकतर स्थानों पर सामान्य रहने का अनुमान है। हालांकि, कुछ अलग-अलग क्षेत्रों में अधिकतम तापमान सामान्य से 1.6 से 3 डिग्री सेल्सियस तक अधिक दर्ज किया जा सकता है। सुबह के समय पश्चिमी दिशा से करीब 20 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से सतही हवाएं चलेंगी। दोपहर में हवाओं की दिशा उत्तर-पश्चिम की ओर हो जाएगी और उनकी गति घटकर लगभग 16 किलोमीटर प्रति घंटा रह सकती है। वहीं, शाम और रात के दौरान पश्चिमी हवाएं फिर से तेज होकर करीब 25 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार तक पहुंचने की संभावना है।
यूपी में कल का मौसम कैसा रहेगा?
14 जुलाई को उत्तर प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में मौसम का मिजाज बदला हुआ रहेगा। पूर्वी और पश्चिमी उत्तर प्रदेश के कई इलाकों में हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना है, जबकि कुछ स्थानों पर गरज-चमक के साथ बारिश देखने को मिल सकती है। पूर्वी उत्तर प्रदेश में 14 से 17 जुलाई के बीच कई स्थानों पर व्यापक वर्षा के आसार हैं। भारी बारिश की चेतावनी 17 से 19 जुलाई के दौरान अधिक प्रभावी रहने का अनुमान है। वहीं, पश्चिमी उत्तर प्रदेश में 14 से 19 जुलाई तक अलग-अलग स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। IMD का यह भी कहना है कि 14 जुलाई को कुछ जिलों में बादल छाए रहने, गरज-चमक के साथ बारिश होने और मौसम सुहावना बने रहने के आसार हैं।
बिहार में कल के मौसम का हाल
बिहार के अधिकांश हिस्सों में कल मानसून सक्रिय रहेगा। राज्य के कई जिलों में हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना है, जबकि कुछ स्थानों पर भारी से बहुत भारी वर्षा भी दर्ज की जा सकती है। मौसम विभाग ने अगले 3–4 दिनों तक बिहार में बारिश का दौर जारी रहने का अनुमान जताया है। 14 जुलाई को राज्य के विभिन्न इलाकों में गरज-चमक के साथ बारिश और 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं, जिनके झोंके 60 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकते हैं, चलने की संभावना है। इस दौरान बिजली गिरने की आशंका भी बनी रहेगी। मौसम विभाग के पूर्वानुमान के मुताबिक, 15 से 19 जुलाई के बीच भी राज्य के अलग-अलग स्थानों पर भारी वर्षा का सिलसिला जारी रहने की संभावना है।
राजस्थान में मानसून का हुआ कमजोर
राजस्थान में मानसून का पहला फेज एकदम कमजोर पड़ गया है। IMD के अनुसार, राज्य में अगले एक सप्ताह तक मानसून की गतिविधियां कमजोर रहने की संभावना है। इस दौरान प्रदेश के अधिकतर हिस्सों में मौसम मुख्य रूप से शुष्क रहने का अनुमान है। पश्चिमी राजस्थान के जोधपुर और बीकानेर संभाग के ज्यादातर क्षेत्रों में पूरे सप्ताह बारिश की गतिविधियां कम रहने की संभावना है। हालांकि, 14 और 15 जुलाई को कमजोर मौसम तंत्र के प्रभाव से बीकानेर, श्रीगंगानगर, हनुमानगढ़, चूरू और आसपास के जिलों में कुछ स्थानों पर हल्की बारिश हो सकती है। पूर्वी राजस्थान में भी अगले पांच से छह दिनों तक मौसम मुख्य रूप से शुष्क रहने का अनुमान है। मौसम विभाग आगे बताया के अनुसार, 13 से 15 जुलाई के बीच शेखावाटी क्षेत्र के अलावा जयपुर और भरतपुर संभाग के कुछ इलाकों में हल्की बारिश होने की संभावना है। अगले दो से तीन दिनों के दौरान जोधपुर और बीकानेर संभाग के अधिकांश हिस्सों में 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से धूलभरी तेज हवाएं चलने की संभावना जताई है।
पर्वतीय राज्यों में अगले पांच दिनों का मौसम
14 जुलाई से अगले पांच दिनों तक उत्तर भारत के पर्वतीय राज्यों में बारिश का सिलसिला जारी रहने की संभावना है। उत्तराखंड में इस अवधि के दौरान अधिकांश क्षेत्रों में व्यापक वर्षा होने का अनुमान है। 15 से 19 जुलाई के बीच राज्य के कुछ इलाकों में भारी बारिश भी हो सकती है। साथ ही कई स्थानों पर गरज-चमक की गतिविधियां भी देखने को मिल सकती हैं। हिमाचल प्रदेश में 14 से 17 जुलाई तक कई स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश होने के आसार हैं, जबकि 18 और 19 जुलाई को वर्षा की गतिविधियां और तेज होकर अधिक क्षेत्रों में फैल सकती हैं। जम्मू-कश्मीर और लद्दाख में भी 14 से 19 जुलाई तक रुक-रुक कर बारिश का दौर जारी रह सकता है। इस दौरान कुछ स्थानों पर गरज-चमक, बिजली गिरने और 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार वाली तेज हवाएं, जिनके झोंके 60 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकते हैं, चलने की संभावना है। 18 और 19 जुलाई को इन क्षेत्रों में कहीं-कहीं भारी वर्षा भी हो सकती है।
गुजरात में क्या बारिश होगी?
IMD का कहना है कि 14 जुलाई को गुजरात के अधिकांश हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना है। राज्य के विभिन्न जिलों में कहीं-कहीं बारिश की गतिविधियां देखने को मिल सकती हैं, हालांकि व्यापक या लगातार भारी वर्षा के आसार फिलहाल कम हैं। मौसम विभाग के पूर्वानुमान के मुताबिक, 15 से 19 जुलाई के बीच गुजरात क्षेत्र तथा सौराष्ट्र-कच्छ में अलग-अलग स्थानों पर रुक-रुक कर वर्षा जारी रह सकती है। वहीं, समग्र रूप से उत्तर-पश्चिम भारत और पश्चिम-मध्य भारत में अगले कुछ दिनों तक बारिश की गतिविधियां सामान्य से कम रहने का अनुमान है।
पश्चिमी घाट के जिलों में हल्की से मध्यम बारिश की संभावना
तमिलनाडु के पश्चिमी घाट से लगे जिलों में अगले कुछ दिनों तक अलग-अलग स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना है, जबकि राज्य के अधिकांश अन्य हिस्सों में मौसम मुख्य रूप से शुष्क बना रहेगा और सामान्य से अधिक तापमान का असर जारी रहेगा। आरएमसी के अनुसार, संभावित वर्षा का कारण वर्तमान में चल रही पश्चिमी हवाओं की गति में हो रहे बदलाव हैं। मौसम विभाग के अनुसार, पश्चिमी घाट के जिलों में 14 जुलाई से 18 जुलाई के बीच अलग-अलग स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। वहीं, तमिलनाडु के बाकी हिस्सों के साथ-साथ पुडुचेरी में भी इस अवधि के दौरान मौसम ज्यादातर शुष्क रहने की संभावना है। हालांकि, कुछ स्थानों पर हल्की बारिश की छिटपुट बौछारें पड़ सकती हैं। IMD ने यह भी चेतावनी दी है कि राज्य के कई हिस्सों में अधिकतम तापमान सामान्य से ऊपर बना रहेगा। 14 जुलाई से 16 जुलाई के बीच तमिलनाडु, पुडुचेरी और कराईकल के कुछ इलाकों में दिन का अधिकतम तापमान सामान्य से 2 से 4 डिग्री सेल्सियस अधिक रहने का अनुमान है।
