Delhi Electric Buses: दिल्ली की जनता को आज 150 नई इलेक्ट्रिक बसों की सौगात मिलने वाली है। इसके साथ ही पांच सार्वजनिक इलेक्ट्रिक वाहन (EV) चार्जिंग स्टेशन भी शुरू किए जाएंगे। इनमें एक स्टेशन आनंद विहार स्थित स्वामी विवेकानंद ISBT और चार स्टेशन दिल्ली परिवहन निगम (DTC) के डिपो में बनाए गए हैं। सरकार की ओर से 13 अक्टूबर को घोषित इस पहल का उद्देश्य सार्वजनिक परिवहन की क्षमता बढ़ाने के साथ शहर में स्वच्छ और टिकाऊ आवागमन को बढ़ावा देना है।
दिल्ली में इलेक्ट्रिक बसों की संख्या बढ़कर 5,238 होगी
दिल्ली सरकार की इस पहल से राजधानी में इलेक्ट्रिक बसों की संख्या बढ़कर 5,238 हो जाएगी। फिलहाल दिल्ली के पास लगभग 6,988 बसों का बेड़ा है, जिसमें 1,750 सीएनजी बसें शामिल हैं। सरकार की योजना वित्त वर्ष 2028-29 तक कुल बसों की संख्या बढ़ाकर करीब 14,000 करने की है।
लो-फ्लोर और एसी बसों में मिलेंगी आधुनिक सुविधाएं
नई इलेक्ट्रिक बसें लो-फ्लोर और वातानुकूलित होंगी। यात्रियों की सुविधा और सुरक्षा के लिए इन बसों में CCTV कैमरे, पैनिक बटन और रियल टाइम ट्रैकिंग जैसी सुविधाएं दी गई हैं। दिल्ली के परिवहन मंत्री पंकज कुमार सिंह ने कहा कि इलेक्ट्रिक बस बेड़े का लगातार विस्तार लोगों को भरोसेमंद, आरामदायक और पर्यावरण के अनुकूल सार्वजनिक परिवहन उपलब्ध कराने की सरकार की प्रतिबद्धता को दर्शाता है।
आनंद विहार ISBT में हाई-कैपेसिटी चार्जिंग स्टेशन
दिल्ली में इलेक्ट्रिक वाहनों के लिए चार्जिंग नेटवर्क का भी विस्तार किया जा रहा है। इसके तहत दिल्ली परिवहन अवसंरचना विकास निगम लिमिटेड (DTIDC) ने आनंद विहार स्थित स्वामी विवेकानंद ISBT में हाई-कैपेसिटी सार्वजनिक EV चार्जिंग स्टेशन स्थापित किया है। इसके अलावा DTC ने चार डिपो में भी सार्वजनिक EV चार्जिंग स्टेशन स्थापित किए हैं। इनमें शामिल हैं:
- नंद नगरी डिपो
- रोहिणी सेक्टर-37 डिपो
- नांगलोई डिपो
- केशोपुर डिपो
अन्य जगहों पर भी बन रहे चार्जिंग स्टेशन
आनंद विहार ISBT दिल्ली के प्रमुख अंतरराज्यीय परिवहन केंद्रों में से एक है। यहां औसतन 2,300 बसों का संचालन होता है। इन बसों में DTC, उत्तर प्रदेश राज्य सड़क परिवहन निगम (UPSRTC), उत्तराखंड परिवहन निगम और ऑल इंडिया टूरिस्ट परमिट वाली बसें शामिल हैं। दिल्ली में DTC के अन्य स्थानों पर भी उच्च क्षमता वाले EV चार्जिंग स्टेशन बनाए जा रहे हैं। इससे इलेक्ट्रिक बसों की बढ़ती संख्या के साथ-साथ दूसरे इलेक्ट्रिक वाहनों को भी चार्जिंग नेटवर्क का लाभ मिल सकेगा।
