Morbi News: गुजरात के मोरबी में एक दलित युवक की पिटाई का मामला सामने आया है। पीड़ित ने पुलिस को बताया कि 15 दिन की बकाया सैलरी मांगने पर कंपनी की मालकिन और 11 लोगों ने उसे पीटा। उसके मुंह में चप्पल डाली और माफी मांगने के लिए मजबूर किया। इस मामले में मोरबी के डीएसपी पी. ए. झाला ने कहा कि पुलिस ने आरोपियों के घर पर दबिश दी गई है। लेकिन आरोपी अभी तक मिले नहीं है। तीन टीमों का गठन किया गया है जो आरोपियों की तलाश कर रह हैं।
पीड़ित की चप्पल और बेल्ट से की पिटाई
मोरबी के रहने वाले युवक ने ऑनलाइन FIR दर्ज कारवाई है। इसमें कहा है कि वो रानीबा इंडस्ट्री के एक्सपोर्ट विभाग में काम करता था। अक्टूबर को उसे काम पर रखा गया था। और अक्टूबर में ही निकाल दिया गया। कंपनी हर 5 तारीख को सभी कर्मचारियों को सैलरी देती है। इसके लिए उसने इंतजार किया। सैलरी नहीं आई तो 6 नवंबर को कंपनी की मालकिन विभूति पटेल को फोन करके जानकारी दी। इस पर मालकिन ने कहा कि वो देखकर बताएंगी। उसके बाद भी कंपनी की तरफ से कोई बात नहीं की गई। एक दिन ओम पटेल ने उसे कॉल करके धमकाया और कहा कि वो उसकी बहन को क्यों कॉल करके परेशान क्यों कर रहा है। साथ ही कहा कि सैलरी नहीं मिलेगी। आगे से बहन को फोन न करना।
6 लोगों ने मिलकर पीड़ित के साथ की मारपीट
बीते दिन पीड़ित अपने भाई और पड़ोसी के साथ रानीबा इंडस्ट्रीज के ऑफिस पहुंचा। वहां से ओम पटेल को कॉल की और कहा कि वो थोड़ी देर में वहां आ रहा है। रात 8:30 बजे ओम पटेल अपने कुछ लोगों के साथ वहां पहुंचा और थप्पड़ मार भगा दिया। इसके बाद कंपनी के मैनेजर परीक्षित और कंपनी के अन्य 6 लोगों ने मिलकर पीड़ित को घसीटकर लिफ्ट में ले गए और वहां मारपीट की।
थप्पड़ मारने के साथ ही ओम पटेल ने जाति सूचक टिप्पणी की। इतना ही नहीं साइड में ले जाकर माफी मंगवाते हुए वीडियो बनाया। इसके बाद विभूति, ओम और राज पटेल ने मिलकर पीड़ित की बेल्ट से पिटाई की।
