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Ahmedabad News: खुले ड्रेनेज में गिरी 10 साल की मासूम, 24 घंटे बाद भी नहीं मिला कोई सुराग, साबरमती नदी तक सर्च ऑपरेशन जारी

Ahmedabad News: गुजरात के अहमदाबाद में खुले ड्रेनेज चैंबर में 10 साल की बच्ची मनीषा के गिरने की आशंका से हड़कंप मच गया है। घटना के करीब 24 घंटे बाद भी बच्ची का कोई पता नहीं चल सका है और फायर ब्रिगेड की टीमें ड्रेनेज लाइन से लेकर साबरमती नदी तक तलाशी अभियान चला रही हैं।

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घटना के बाद अहमदाबाद म्युनिसिपल कॉरपोरेशन पर उठे सवाल

Photo : टाइम्स नाउ डिजिटल

Ahmedabad News: अहमदाबाद में खुले ड्रेनेज चैंबर में 10 साल की बच्ची के गिरने की आशंका के बाद हड़कंप मच गया है। बच्ची की पहचान मनीषा के रूप में हुई है। घटना के करीब 24 घंटे बाद भी उसका कोई सुराग नहीं मिला था। फायर ब्रिगेड की टीमें ड्रेनेज लाइन और उसके डिस्चार्ज पॉइंट के पास साबरमती नदी में तलाश कर रही हैं। इस बीच कांग्रेस नेता राजेश सोनी ने अहमदाबाद म्युनिसिपल कॉरपोरेशन (AMC) पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए ड्रेनेज नेटवर्क का नक्शा उपलब्ध कराने में देरी पर सवाल उठाए हैं।

रिक्शे से उतरने के बाद खुले चैंबर में गिरने की आशंका

परिवार के बयान के मुताबिक, नवरात्रि से पहले बच्चे नहर में नहाकर घर लौट रहे थे। परिवार रिक्शे से उतरा था और बच्ची की मां रिक्शा चालक को किराया दे रही थीं। इसी दौरान बच्ची उनके पीछे खड़ी थी। परिवार का कहना है कि ड्रेनेज चैंबर का ढक्कन पूरी तरह बंद नहीं था और बच्ची उसमें गिर गई। परिवार के अनुसार, शुरुआत में अंधेरे और चैंबर की स्थिति के कारण बच्ची दिखाई नहीं दी। परिजनों ने बताया कि वे घटना के बाद से लगातार बच्ची की तलाश कर रहे हैं। परिवार में माता-पिता के अलावा चार अन्य बच्चों का भी जिक्र है। बच्ची की मां पारुल सलाट (35) और पिता भालाभाई भीखाभाई सलाट (38) हैं।

40 फीट से अधिक गहरी ड्रेनेज लाइन में तलाश

फायर ब्रिगेड के अधिकारी के मुताबिक, विभाग को घटना की सूचना शाम करीब 4:15 बजे मिली थी। जमालपुर और असलाली से फायर टीमों के साथ अन्य फर्स्ट रिस्पॉन्डर कर्मियों ने मौके पर पहुंचकर तलाश शुरू की। अधिकारी ने बताया कि शुरुआती तलाशी के दौरान ड्रेनेज चैंबर के भीतर बच्ची का पता नहीं चला। ड्रेनेज लाइन का डिस्चार्ज साबरमती नदी की दिशा में होने और पानी के तेज बहाव को देखते हुए नदी में भी तलाश शुरू की गई।

अधिकारी के मुताबिक, ड्रेनेज में औद्योगिक और मिश्रित पानी बह रहा है। संभावित जहरीली गैसों से सुरक्षा के लिए फायरकर्मी विशेष सुरक्षा उपकरण पहनकर तलाशी अभियान चला रहे हैं। शुरुआती तलाशी में इस्तेमाल किए गए उपकरणों से सीमित दूरी तक ही खोज की जा सकती है। फायर विभाग के अनुसार, रात से अलग-अलग टीमों ने अभियान चलाया। अधिकारी ने बताया कि नदी में तलाश जारी थी और प्राथमिकता बच्ची का पता लगाकर उसे परिवार तक पहुंचाना है।

राजेश सोनी ने AMC पर लगाए लापरवाही के आरोप

कांग्रेस नेता राजेश सोनी ने टाइम्स नाउ नवभारत से बातचीत में आरोप लगाया कि खुले ड्रेनेज चैंबर और नगर निगम की कथित लापरवाही के कारण यह घटना हुई। उन्होंने कहा कि अहमदाबाद में बड़े अंतरराष्ट्रीय खेल आयोजनों और स्मार्ट सिटी की बात की जा रही है, लेकिन बुनियादी सुरक्षा और आपातकालीन खोज उपकरणों को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं। सोनी ने दावा किया कि औद्योगिक क्षेत्र में फैक्ट्रियों से निकलने वाला पानी ड्रेनेज नेटवर्क में पहुंचता है।

उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि कुछ स्थानों पर बिना उचित प्रक्रिया के औद्योगिक पानी छोड़ा जाता है। इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि उपलब्ध जानकारी से नहीं होती है। उन्होंने मांग की कि बच्ची की तलाश में तेजी लाई जाए और घटना के लिए जिम्मेदार अधिकारियों की जवाबदेही तय की जाए। सोनी ने खुले चैंबर की स्थिति, नियमित निरीक्षण और नगर निगम की जिम्मेदारी पर भी सवाल उठाए।

ड्रेनेज नेटवर्क का नक्शा नहीं मिलने पर सवाल

मौके पर मौजूद राजेश सोनी ने टाइम्स नाउ नवभारत के कैमरे के सामने नगर निगम के अधिकारियों से फोन पर बात की। बातचीत के दौरान उन्होंने सवाल उठाया कि घटना के इतने घंटे बाद भी फायर ब्रिगेड को ड्रेनेज नेटवर्क का नक्शा क्यों नहीं दिया गया। सोनी ने कहा कि यदि अधिकारियों को यह जानकारी नहीं होगी कि ड्रेनेज लाइन किस दिशा में जाती है, तो तलाशी अभियान को सही दिशा में आगे बढ़ाने में कठिनाई हो सकती है।

उन्होंने संबंधित अधिकारी से तत्काल नक्शा उपलब्ध कराने और अतिरिक्त टीमों को तैनात करने की मांग की। सोनी ने बातचीत में सलमान शेख का नाम लेते हुए उन्हें संबंधित वार्ड का असिस्टेंट इंजीनियर बताया और ड्रेनेज नेटवर्क की जानकारी उपलब्ध कराने की जिम्मेदारी पर सवाल उठाए। हालांकि, नगर निगम की ओर से इस मामले में आधिकारिक प्रतिक्रिया इस सामग्री में उपलब्ध नहीं है।

परिवार की बच्ची को जल्द खोजने की अपील

घटना के बाद से बच्ची के परिजन मौके पर मौजूद हैं और उसकी तलाश का इंतजार कर रहे हैं। परिवार ने बच्ची को जानबूझकर नुकसान पहुंचाने के आरोपों को खारिज करते हुए अपनी पीड़ा जाहिर की। फायर ब्रिगेड की तलाश ड्रेनेज लाइन से लेकर साबरमती नदी की दिशा में जारी थी। बच्ची के मिलने, घटना की आधिकारिक जांच और खुले चैंबर के लिए जिम्मेदारी तय किए जाने को लेकर आगे की जानकारी का इंतजार है।

Dhruv Sanchania
ध्रुव संचानियाauthor

ध्रुव संचानिया गुजरात में टाइम्स नेटवर्क के सीनियर जर्नलिस्ट और ब्यूरो चीफ के पद पर कार्यरत हैं। ध्रुव ने प्रिंट, रेडियो, डिजिटल और टीवी पर शानदार काम किया है। क्राइम, इन्वेस्टिगेशन से लेकर इंसानी कहानियों तक में उनका काम गहराई से भरा होता है। जब वह हेडलाइन के पीछे नहीं भाग रहे होते तो वह सड़कों, सिनेमा और अगली छिपी हुई कहानी के पीछे भाग रहे होते हैं। उनका काम ऐसा है जो उन्हें अलग ला खड़ा करता है।

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