UP Nagar Nikay Chunav 2023: उत्तर प्रदेश के प्रत्येक जिले में नगर निकाय चुनाव (Nagar Nikay Chunav) को लेकर सियासी सरगर्मियां तेज हैं। वहीं, टिकट के बंटवारे को लेकर भी प्रत्याशियों के बीच रस्साकशी चल रही है। किसी प्रत्याशी को टिकट मिलने पर उसके समर्थक पटाखे फोड़ रहे हैं तो कहीं टिकट कटने से नाराज प्रत्याशी हंगामे पर आमादा हैं। ऐसा ही एक ताजा वाकया सामने आया है आगरा जिले के निकट फिरोज़ाबाद शहर से, जहां समाजवादी पार्टी (Samajwadi Party) से टिकट कटने पर एक कार्यकर्ता ने हाईवोल्टेज ड्रामा किया और विधायक की गाड़ी को रोक उसके आगे लेट गया।
'आखिर मेरा टिकट क्यों काटा ?'
समाजवादी पार्टी ने फिरोज़ाबाद से मशहूर फातिमा को हाल ही में महापौर प्रत्याशी घोषित किया है। इसी के बाद जब अन्य उम्मीदवारों के नामों पर संगठन ने मुहर लगाई तो सपा कार्यकर्ता अंशुल विक्रम सिंह का नाम घोषित प्रत्याशियों की सूची में नहीं था। इसी बात से अंशुल खासे नाराज हो गए। तभी कस्बे के मुख्य चौराहे से गुजर रहे जसराना विधायक इंजीनियर सचिन यादव को अंशुल ने घेर लिया और अपनी नाराजगी जाहिर की। विधायक के कुछ न कहने पर नाराज कार्यकर्ता और आक्रोशित हो गया और उन्हीं की गाड़ी के आगे लेट गया और दोबारा पूछने लगा कि, 'आखिर मेरा टिकट क्यों काटा ?'
विधायक से जमकर हुई तू-तू मैं-मैं
सपा कार्यकर्ता के हाईवोल्टेज ड्रामे को काफी देर तक विधायक सचिन देखते रहे। इसी बीच अंशुल ने उन पर कई गंभीर आरोप लगाए। इस तू-तू मैं-मैं को देखते हुए मौके पर बड़ी संख्या में लोग इकठ्ठा हो गए। ख़ास बात ये है कि कार्यकर्ता अपनी नाराजगी जाहिर करने के लिए पत्नी के साथ विधायक के पास पहुंचा था। काफी देर बाद पूरे मामले पर जसराना विधायक सचिन ने अपनी चुप्पी तोड़ी और ऐसी बात कह डाली, जिसे आप चौंक सकते हैं।
नाराज कार्यकर्ता ने किया यह ऐलान
जसराना विधायक के सामने अंशुल ने काफी देर हंगामा किया। इसके बाद वह विधायक की गाड़ी के सामने भी लेट गया, लेकिन उस समय सचिन यादव उसकी बात को अनसुना कर जाने लगे तभी अंशुल ने उन पर अभद्रता का आरोप लगाया। इस दौरान विधायक के सुरक्षाकर्मियों ने अंशुल को हटाया और रास्ता खाली कराया। इस पूरे मामले के संबंध में जब अंशुल से बात की गई तो उन्होंने बताया कि उन्हें समाजवादी पार्टी से टिकट नहीं मिला है, लेकिन अब वे बतौर निर्दलीय प्रत्याशी चुनाव लड़ेंगे।
मामले पर क्या बोले विधायक
विधायक सचिन यादव जसराना उम्मीदवार कुंवरपाल सिंह यादव और फरिहा उम्मीदवार पिंकी देवी का नॉमिनेशन फाइल करवाने के लिए तहसील जा रहे थे। इसी दौरान टिकट कटने से नाराज कार्यकर्ता अंशुल उनकी कार के सामने लेट गया और पूछा कि, आखिर मेरा टिकट क्यों काटा ? जब इस पूरे मामले पर विधायक से सवाल किया गया तो उन्होंने कहा कि, मैं पार्टी प्रत्याशियों के नामांकन में शामिल होने के लिए जा रहा था। इसी दौरान अंशुल पत्नी के साथ वहां पहुंचा और हंगामा करने लगा, जबकि प्रत्याशियों को टिकट देना या न देना पार्टी पदाधिकारियों का काम है। इससे हमारा कोई लेना-देना नहीं है।
