संपत्तियों पर अवैध कब्जा, किसी तरह से हथियाने की परंपरा नई नहीं है। प्राचीन काल से धोखाधड़ी होती रही है। ताज नगरी आगरा में भी दो साल पहले कुछ इसी तरह का मामला सामने आया। लेकिन बात दब गई। हालांकि आरोपियों की एक छोटी सी गलती उन पर भारी पड़ी और अब लो पुलिस की गिरफ्त में हैं। एक शख्स ने मरी हुई औरत के अंगुठे के इंप्रेसन को फर्जी विल पर लगाया उस दौरान उसने वीडियो भी बनाया था। लेकिन दो साल बाद वह वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ और पोल पट्टी खुल गई। पुलिस ने इस मामले में तीन लोगों को गिरफ्तार किया है।
वसीयत पर फर्जी दस्तखत
पुलिस का कहना है कि आरोपी फर्जी विल के आधार पर दुकान को तहस नहस कर रहे थे। पीड़ित परिवार के मुतबिक 2021 में ही इस संबंध में शिकायत दर्ज कराई गई थी। ऐसा लगा कि आरोपी फर्जीवाड़ा कर चुके हैं। उन लोगों का शक तब और पुख्ता हुआ जब वीडियो वायरल हुआ। शिकायत में जिक्र है कि 80 साल की दादी की तबीयत 2021 में खराब हो चुकी थी। वाजीनाथ राव और उनके बेटे जो दादी के रिश्ते में थे उन लोगों ने फर्जी तरीके से वसीयतनामे पर हस्ताक्षर करा लिया। लेकिन उनके फर्जीवाड़े का सच बहुत जल्द सामने आ गया।
