संतकबीरनगर : जिले में ब्रिटिश मौलाना शमशुल हुदा पर ईडी का शिकंजा कसा जा जा रहा है। ईडी ने संतकबीरनगर में मौलाना के 4 ठिकानों पर छापेमारी करते हुए बड़ा खुलासा किया है। यूके नागरिकता लेने के बाद भी वेतन और पेंशन ले रहा था। ईडी ने 5.5 करोड़ के लेन-देन और 20 करोड़ की संपत्ति होने का खुलासा किया है। जानकारी के मुताबिक, समसुल हुदा खान साल 1984 में एक मदरसे में प्राथमिक शिक्षक के रूप में नियुक्त हुए थे। साल 2013 में उन्होंने यूनाइटेड किंगडम (यूके) की नागरिकता हासिल कर ली। इसके बावजूद वे वर्ष 2017 तक वेतन लेते रहे। इतना ही नहीं, सेवानिवृत्ति के बाद भी साल 2023 तक पेंशन भी लेता रहा। 2013 में UK की नागरिकता लेने के बाद भी हिंदुस्तानी पहचान पत्रों के आधार पर जमीन खरीदी है। उन्हीं परिचय पत्र को आधार बनाकर मदरसा बनाया है।
जांच में यह भी सामने आया है कि वर्ष 2013 में यूके की नागरिकता लेने के बाद भी उन्होंने कथित रूप से साल 2017 के विधानसभा चुनाव में मतदान किया। इस पूरे मामले में समसुल हुदा खान, उनकी पत्नी, बेटे और बहू के खिलाफ तीन अलग-अलग एफआईआर दर्ज की गई हैं।
जांच एजेंसियां वित्तीय अनियमितताओं, सरकारी धन के दुरुपयोग और अन्य संभावित अपराधों की गहराई से जांच कर रही हैं। वित्तीय जांच में खुलासा हुआ है कि लगभग 5.5 करोड़ रुपये चार बैंक खातों में आए। ये खाते समसुल हुदा खान, उनकी पत्नी, बेटे, बहू और उनसे जुड़े एनजीओ ‘रजा फाउंडेशन’ के नाम पर बताए जा रहे हैं। जांच एजेंसियां इन लेन-देन के सोर्स और उपयोग की पड़ताल कर रही हैं।
20 करोड़ रुपये की संपत्ति का खुलासा
जांच में पिछले 5 से 7 सालों के दौरान कमाई की गई 17 संपत्तियों की जानकारी भी सामने आई है। इन संपत्तियों की अनुमानित कीमत 20 करोड़ रुपये से अधिक है। संपत्तियों के दस्तावेजों और फंडिंग सोर्स की जांच की जा रही है, ताकि यह पता लगाया जा सके कि इनकी खरीद में कथित अवैध धन का इस्तेमाल तो नहीं हुआ। जांच को आगे बढ़ाते हुए ईडी ने संत कबीर नगर जिले में चार अलग-अलग परिसरों पर सर्च ऑपरेशन चलाया गया। छापेमारी के दौरान महत्वपूर्ण दस्तावेज, बैंक रिकॉर्ड और अन्य सबूत जुटाए गए हैं। यह मामला सरकारी सेवा में रहते हुए विदेशी नागरिकता प्राप्त करने, वेतन और पेंशन लेने, कथित अवैध वित्तीय लेन-देन और संपत्ति कमाने जैसे गंभीर आरोपों से जुड़ा है। जांच एजेंसियां अब बैंक खातों, संपत्तियों और मतदान संबंधी रिकॉर्ड की गहन पड़ताल कर रही हैं।
