म्यूचुअल फंड में निवेश करने वाले लोगों की संख्या लगातार बढ़ रही है। खासतौर पर लंबी अवधि में पैसा बढ़ाने के लिए लोग SIP (Systematic Investment Plan) को एक आसान तरीका मानते हैं। हालांकि, कई निवेशकों के मन में यह सवाल रहता है कि SIP शुरू करने के लिए महीने की कौन-सी तारीख सबसे बेहतर होती है? हर कोई जानना चाहता है कि वह कौन-सी तारीख है जब SIP करने से ज्यादा रिटर्न मिल सकता है? इस आर्टिकल में आपके इन्हीं सवालों का जवाब दे रहे हैं-
तारीख नहीं रखती मायने
जानकारों की मानें तो SIP में निवेश की तारीख को लेकर बहुत ज्यादा चिंता करने की जरूरत नहीं है। लंबी अवधि में SIP की सफलता किसी खास तारीख पर निर्भर नहीं करती, बल्कि नियमित निवेश और लंबे समय तक निवेश बनाए रखने की आदत पर निर्भर करती है।
जल्द से जल्द शुरू किया जाए निवेश
कई निवेशक मानते हैं कि अगर बाजार गिरने वाले दिन SIP की किस्त कटेगी तो ज्यादा यूनिट मिलेंगी और भविष्य में ज्यादा रिटर्न मिलेगा। इसी सोच के कारण लोग बार-बार अपनी SIP की तारीख बदलने की कोशिश करते हैं। हालांकि, लंबे समय के आंकड़े बताते हैं कि अलग-अलग तारीखों पर SIP करने से रिटर्न में बहुत बड़ा अंतर नहीं आता। इसका मतलब यह है कि निवेशक को सही तारीख खोजने में महीनों तक सोचने के बजाय जल्द से जल्द निवेश शुरू करने पर ध्यान देना चाहिए।
SIP में अनुशासन सबसे ज्यादा जरूरी
SIP का मुख्य उद्देश्य नियमित रूप से निवेश की आदत बनाना है। बाजार में उतार-चढ़ाव हमेशा बना रहता है। कभी बाजार ऊपर होता है तो कभी गिरावट देखने को मिलती है। SIP की खासियत यह है कि बाजार गिरने पर निवेशकों को ज्यादा यूनिट खरीदने का मौका मिलता है और लंबे समय में खरीद मूल्य का औसत बनता रहता है।
एसआईपी जारी रखना ही फायदेमंद
कई निवेशक बाजार गिरने पर SIP रोक देते हैं या बेहतर समय का इंतजार करते हैं। लेकिन ऐसा करने से निवेश की निरंतरता टूट सकती है। लंबी अवधि में वही निवेशक ज्यादा फायदा उठा पाते हैं जो बिना भावनात्मक फैसले लिए अपनी SIP जारी रखते हैं।
SIP की तारीख कैसे चुनें?
हालांकि SIP की तारीख से रिटर्न पर ज्यादा असर नहीं पड़ता, लेकिन सुविधा के हिसाब से तारीख चुनना बेहतर होता है। निवेशक अपनी सैलरी आने के कुछ दिन बाद की तारीख चुन सकते हैं ताकि बैंक खाते में बैलेंस बना रहे। उदाहरण के लिए, अगर किसी व्यक्ति की सैलरी महीने की पहली तारीख को आती है तो वह 5 या 7 तारीख को SIP की तारीख रख सकता है। वहीं, अगर सैलरी महीने की 15 तारीख के आसपास आती है तो उसके अनुसार SIP डेट चुनी जा सकती है।
