बिजनेस

कितने साल में पैसा होगा तीन गुना? जानें रूल ऑफ 114 का कमाल

अगर आप भी ये सोचते हैं कि आपका निवेश कब दोगुना या तीन गुना होगा तो ये खबर आपके काम की साबित हो सकता है। जी हां, फाइनेंस की दुनिया में एक ऐसा मैजिकल रूल है जो बताता है कि कब आपका पैसा तीन गुना होगा। आइए आपको डिटेल में उदाहरण के साथ समझाते हैं फाइनेंस का ये रूल।

Image

ये रूल आएगा काम

आकाश ने 5 लाख रुपये एक निवेश स्कीम में लगाए। दिमाग में उसके सिर्फ एक ही सवाल था “ये पैसा आखिर कब 15 लाख बनेगा?” हर निवेशक की तरह वो भी यही जानना चाहता था कि उसका पैसा कितने साल में तीन गुना होगा। अब सोचिए, अगर बार-बार कैलकुलेटर या एक्सेल शीट निकालनी पड़े तो कितना झंझट हो जाएगा। लेकिन फाइनेंस की दुनिया में एक ऐसी आसान ट्रिक है, जो तुरंत ये जवाब दे देती है। इसे कहते हैं रूल ऑफ 114 एक ऐसा जादुई फॉर्मूला, जिससे आप आसानी से पता कर सकते हैं कि आपका निवेश कितने साल में 3 गुना होगा।

रूल ऑफ 114 क्या है?

जैसे "रूल ऑफ 72" से हम यह निकालते हैं कि पैसा कितने साल में दोगुना होगा, वैसे ही रूल ऑफ 114 से हम पता लगा सकते हैं कि पैसा कितने साल में तीन गुना होगा। 114 ÷ ब्याज दर (Rate of Return) = पैसा तीन गुना होने में लगने वाले साल

मान लीजिए आपने ₹5,00,000 का निवेश किया है और उस पर आपको सालाना 12% रिटर्न मिल रहा है। तो 114 ÷ 12 = 9.5 साल। यानि लगभग 9.5 साल में आपका पैसा 5 लाख से 15 लाख हो जाएगा।

अगर ब्याज दर 15% हो, तो 114 ÷ 15 = 7.6 साल। यानि पैसा सिर्फ 7–8 साल में तीन गुना हो जाएगा।

क्यों है यह फॉर्मूला खास?

रूल ऑफ 114 को खास इसलिए माना जाता है क्योंकि यह निवेश की गणित को बेहद आसान बना देता है। आमतौर पर जब हम यह सोचते हैं कि हमारा पैसा कितने साल में तीन गुना होगा, तो दिमाग में तुरंत कैलकुलेटर, मोबाइल ऐप या लंबी-चौड़ी गणना का ख्याल आता है। लेकिन इस फॉर्मूले में ऐसा कुछ भी करने की ज़रूरत नहीं पड़ती। बस आपको अपने निवेश पर मिलने वाले रिटर्न का प्रतिशत पता होना चाहिए और उसी से कुछ सेकंड में अंदाज़ा लगाया जा सकता है कि पैसा कितने साल में ट्रिपल हो जाएगा।

इसका एक और फायदा यह है कि निवेशक आसानी से अलग-अलग स्कीम या विकल्पों की तुलना कर सकते हैं। जैसे मान लीजिए, एक जगह 6% ब्याज मिल रहा है और दूसरी जगह 12% – रूल ऑफ 114 से तुरंत समझ में आ जाएगा कि किस निवेश से पैसा कितने साल में तीन गुना होगा और किससे नहीं। यानी यह ट्रिक न सिर्फ़ आपके समय की बचत करती है, बल्कि आपको समझदारी से निवेश का फैसला लेने में भी मदद करती है। यही वजह है कि इसे निवेश की दुनिया का एक स्मार्ट और प्रैक्टिकल फॉर्मूला कहा जाता है।

रूल ऑफ 114 एक अनुमान देता है, कोई गारंटी नहीं। असल रिटर्न निवेश के प्रकार, मार्केट की हालत और महंगाई पर निर्भर करता है। इसलिए यह केवल एक गाइडलाइन है, न कि पक्का हिसाब।

Richa Tripathi
रिचा त्रिपाठीauthor

रिचा त्रिपाठी टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में बिजनेस डेस्क पर सीनियर कॉपी एडिटर के रूप में कार्यरत हैं। मीडिया इंडस्ट्री में 7 वर्षों के अनुभव के साथ रिचा, पर्सनल फाइनेंस, स्टॉक मार्केट, टैक्स प्लानिंग और अर्थव्यवस्था से जुड़े विषयों पर मजबूत पकड़ रखती हैं। अब तक 8,000 से अधिक कंटेंट लिख चुकी रिचा की विशेषता है—जटिल वित्तीय जानकारियों को सरल, स्पष्ट और भरोसेमंद तरीके से पाठकों तक पहुंचाना। वह ऐसी स्टोरीज तैयार करती हैं जो न केवल जानकारीपूर्ण होती हैं, बल्कि आम पाठक की वित्तीय समझ को बेहतर बनाने में भी मदद करती हैं।

और पढ़ें
End of Article