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टेस्ला भारत में फैक्ट्री लगाने के लिए 2 बिलियन डॉलर तक का निवेश करने को तैयार, लेकिन रख रही ये शर्तें

  • Authored by: आशीष कुशवाहा
  • Updated Nov 25, 2023, 04:40 PM IST

Tesla Plan to Invest Two billion dollars For factory in India: सरकार भारत में ऑपरेशनल के पहले दो सालों के दौरान इंपोर्टिड वाहनों पर 15 फीसदी की छूट देती है तो अमेरिकी इलेक्ट्रिक कार मेकर टेस्ला लोकल फैक्ट्री स्थापित करने के लिए 2 बिलियन डॉलर (16,600 करोड़) का निवेश करने को तैयार है।

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एलन मस्क भारत में निवेश करना चाहते हैं।

Photo : Twitter

Tesla Plan to Invest Two billion dollars For factory in India: भारत में टेस्ला की एंट्री के लिए कंपनी ने केंद्र सरकार को अपना प्लान सौंपा है। उसने केंद्र सरकार अपने प्लान में बताया है कि यदि सरकार भारत में ऑपरेशनल के पहले दो सालों के दौरान इंपोर्टिड वाहनों पर 15 फीसदी की छूट देती है तो अमेरिकी इलेक्ट्रिक कार मेकर टेस्ला लोकल फैक्ट्री स्थापित करने के लिए 2 बिलियन डॉलर (16,600 करोड़) का निवेश करने को तैयार है। ईटी की रिपोर्ट के मुताबिक टेस्ला ने सरकार को एक डिटेल्ड प्लान सौंपा है। इस प्लान में इंवेस्टमेंट का वॉल्यूम टेस्ला की इंपोर्टिड कारों की संख्या से जोड़ा गया है।

टेस्ला के प्लान के अनुसार अगर सरकार 12,000 वाहनों के लिए टैरिफ में छूट देती है तो कंपनी 500 मिलियन डॉलर तक निवेश करने को तैयार है। अगर यही रियायत 30,000 वाहनों के लिए होती है तो इंवेस्टमेंट 2 बिलियन डॉलर तक बढ़ सकता है।

सरकार क्या चाह रही है ?

सरकार चाहती है कि अमेरिकी कार मेकर ने जो इंपोर्टिड कारों पर जो छूट मांगी है उसकी संख्या को कम करे। जानकारी के मुताबिक सरकार इस बात का भी मूल्यांकन कर रही है कि क्या चालू वित्त वर्ष (10,000 यूनिट्स) में भारत में बेचे जाने वाली कुल ईवी पर रियायती टैरिफ को 10 फीसदी पर किया जा सकता है और इसे अगले वित्त वर्ष में 20 फीसदी तक बढ़ाया जा सकता है। मौजूदा वित्त वर्ष 2023 में करीब 50,000 ईवी बेची गई हैं और चालू वित्त वर्ष में इसकी संख्या एक लाख जाने की उम्मीद है। टेस्ला 2 सालों में भारत में निर्मित कारों के मूल्य का 20 फीसदी तक लोकलाइज करने और 4 सालों में इसे 40 फीसदी तक बढ़ाने के लिए प्रतिबद्ध हो सकता है।

बैंक गारंटी की जरुरत क्यों?

वहीं दूसरी ओर सरकार टेस्ला से बैंक गारंटी देने की भी बात कर रही है। वास्तव में यह बैंक गारंटी इसलिए मांगी जा रही है कि अगर अमेरिकी कार मेकर वादे के मुताबिक मैन्यूफैक्चरिंग यूनिट नहीं लगाता है तो तो सरकार को आयात शुल्क के रूप में होने वाले नुकसान की भरपाई उस बैंक गारंटी से की जा सके।

आशीष कुशवाहा
आशीष कुशवाहाauthor

<p>आशीष कुमार कुशवाहा Timesnowhindi.com में बतौर सीनियर कॉपी एडिटर काम कर रहे हैं। वह 2023 से Timesnowhindi.com के साथ जुड़े हैं। वह यहां शेयर बाजार, स्टॉक्स, IPO, पर्सनल फाइनेंस, बिजनेस न्यूज, कंपनी डेवलपमेंट, सक्सेस स्टोरी, यूटिलिटी, ऑटोमोबाइल, टेक्नोलॉजी और गैजेट से जुड़ी स्टोरी पर काम करते हैं। उनके पास पिछले 3 साल के भारतीय बजट को भी कवर करने का एक्सपीरियंस है। उनके पास ऑटो एक्सपो 2023 को कवर करने का अनुभव है। इसके अलावा ग्राउंड की स्टोरी और रिसर्च बेस्ड स्टोरी करने में विशेष रुचि रखते हैं। उनके पास डिजिटल मीडिया में कुल 3 साल से ज्यादा का एक्सपीरियंस है। इससे पहले इन्होंने वन इंडिया, दैनिक भास्कर डिजिटल में काम किया है। इन्होंने माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय, भोपाल से मीडिया में पोस्ट ग्रेजुएशन की पढ़ाई की है। वहीं ग्रेजुएशन की पढ़ाई रानी दुर्गावती विश्वविद्यालय जबलपुर से मास कम्यूनिकेशन में की है। उन्हें शुरू से ही डिबेट करने, सामाजिक मुद्दों पर बात करने और शेयर बाजार में रुचि थी। उन्हें बचपन से ही अखबार के संपादकीय पेज और न्यूज पढ़ने का सौख था। स्कूल के समय उन्होंने कई क्विज कंपटीशन में भी हिस्सा लिया और प्राइज जीते हैं।</p>

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