ITC Hotel Business: आईटीसी ग्रुप से होटल कारोबार को अलग करने से छोटे शेयरधारकों को लाभ होगा। इसका कारण इससे उनके लिए मूल्य बढ़ेगा और डेली यूज का सामान बनाने वाली प्रमुख कंपनी का रिटर्न अनुपात सुधरेगा। कंपनी के प्रस्तावों पर इंस्टिट्यूशनल इंवेस्टर्स या शेयरधारकों को सलाह देने वाली ‘प्रॉक्सी’ कंसल्टेंसी कंपनियों ने यह अनुमान लगाया है। यह रिपोर्ट इनगवर्न रिसर्च सर्विसेज, आईएसएस और एसईएस सहित प्रॉक्सी कंसल्टेंसी कंपनियों ने जारी की है। यह रिपोर्ट ऐसे समय आयी है जब कारोबार अलग करने के प्रस्ताव पर विचार करने और मंजूरी देने के लिए आईटीसी के शेयरधारकों की छह जून को बैठक होने वाली है।
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शेयरधारकों को होगा फायदा
शेयरधारकों को सलाह देने वाली कंपनी आईएसएस के अनुसार, होटल कारोबार को अलग करने से इसके शेयरधारकों के लिए मूल्य बढ़ने की उम्मीद है और आईटीसी के रिटर्न अनुपात में सुधार हो सकता है।
रिपोर्ट में कहा गया है कि यह व्यवस्था आईटीसी होटल को अपनी ग्रोथ आवश्यकताओं को पूरा करने के लिए कैपिटल जुटाने की कैपेसिटी के साथ एक ऑप्टिमम कैपिटल स्ट्रक्चर के साथ काम करने में सक्षम बनाएगी।
कैसे होगा शेयरों का बंटवारा
आईएसएस ने अपनी रिपोर्ट में कहा है कि यह निवेशकों, रणनीतिक साझेदारों और सहयोगियों के ग्रुप को आकर्षित कर सकता है जिनकी निवेश रणनीति होटल इंडस्ट्री से जुड़ी हुई हैं। आईटीसी के बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स ने पिछले साल अगस्त में अपने होटल कारोबार को अलग यूनिट बनाने की मंजूरी दी थी।
आईटीसी के शेयरधारकों को कंपनी में उनके प्रत्येक 10 शेयरों के लिए जल्द ही लिस्ट होने वाली होटल इकाई में एक शेयर मिलेगा।
क्या होंगे फायदे
एक अन्य कंसल्टेंसी कंपनी इनगवर्न ने होटल कारोबार के फायदे के बारे में कहा कि मौजूदा आईटीसी शेयरधारकों को पब्लिकली कारोबार करने वाली होटल यूनिट में सीधी हिस्सेदारी मिलेगी। वे पूरी तरह से होटल कारोबार पर केंद्रित एक स्पेशल कंपनी के शेयरधारक बन जाएंगे।
इसमें कहा गया है कि यह कदम ग्रोथ को बढ़ावा देने, होटल सेक्टर में लगातार रुचि सुनिश्चित करने और भविष्य में संभावित फोर्स्ड अधिग्रहण से बचाने की आईटीसी की कॉरपोरेट रणनीति के अनुरूप है।
