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Share Market Closing: वित्त मंत्री के बयान से बाजार में जोरदार रिकवरी, सेंसेक्स-निफ्टी की शानदार क्लोजिंग

भारतीय शेयर बाजार में 13 अक्टूबर को शानदार रिकवरी देखने को मिली। वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण के LTCG और STT पर दिए बयान, IT शेयरों में खरीदारी और निचले स्तरों पर निवेशकों की दिलचस्पी ने बाजार को मजबूती दी। तेजी के चार बड़े कारण जानिए।

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शेयर बाजार में जबरदस्त रैली

भारतीय शेयर बाजार में मंगलवार, 13 अक्टूबर को शानदार तेजी के साथ कारोबार बंद हुआ। BSE Sensex 1,109.10 अंक यानी 1.54 फीसदी की बढ़त के साथ 73,033.78 के स्तर पर बंद हुआ। बाजार में आई इस तेजी से निवेशकों का भरोसा मजबूत हुआ। IT शेयरों में जोरदार खरीदारी, HCLTech और TCS जैसे दिग्गज शेयरों में उछाल और वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण के LTCG तथा STT को लेकर दिए बयान से बाजार के सेंटीमेंट को सहारा मिला। इसके अलावा, गिरावट के बाद निचले स्तरों पर हुई खरीदारी ने भी बाजार की रिकवरी में अहम भूमिका निभाई।

बाजार में रैली के 4 बड़े कारण

1. LTCG और STT पर वित्त मंत्री का बयान

बाजार में तेजी की एक बड़ी वजह वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण का लॉन्ग टर्म कैपिटल गेन (LTCG) टैक्स और सिक्योरिटीज ट्रांजैक्शन टैक्स (STT) को लेकर दिया गया बयान रहा। उन्होंने कहा कि बजट से पहले होने वाली चर्चाओं में इन टैक्स से जुड़े सुझावों पर बात की जा सकती है। निवेशक लंबे समय से शेयर बाजार में लगने वाले टैक्स पर चर्चा करते रहे हैं। ऐसे में इस बयान से बाजार में उम्मीद जगी और निवेशकों का भरोसा बेहतर हुआ। हालांकि, इसका मतलब यह नहीं है कि टैक्स में बदलाव का फैसला हो चुका है।

2. IT शेयरों में जोरदार खरीदारी

IT सेक्टर ने बाजार की तेजी को बड़ा सहारा दिया। Nifty IT इंडेक्स में करीब 4.9 फीसदी की बढ़त दर्ज हुई। HCLTech के सितंबर तिमाही के नतीजे उम्मीद से बेहतर रहे। कंपनी का शुद्ध मुनाफा सालाना आधार पर 21.2 फीसदी बढ़कर 5,132 करोड़ रुपये पहुंच गया। इसके बाद HCLTech, TCS और Tech Mahindra जैसे शेयरों में खरीदारी बढ़ी। इन कंपनियों के शेयरों में करीब 2 से 5 फीसदी तक की तेजी ने बाजार को मजबूती दी।

3. निचले स्तरों पर वैल्यू बाइंग

बाजार में पहले आई गिरावट के बाद कई निवेशकों ने कम कीमत पर अच्छे शेयर खरीदने का मौका देखा। इसे वैल्यू बाइंग कहा जाता है। IT शेयरों के अलावा रियल्टी और FMCG सेक्टर में भी खरीदारी देखने को मिली। Hindustan Unilever और ITC जैसे शेयरों ने भी बाजार की तेजी को सपोर्ट दिया। साथ ही India VIX में गिरावट से निकट अवधि में बाजार की घबराहट कुछ कम होने के संकेत मिले।

4. तकनीकी स्तरों से मिला सहारा

बाजार के तकनीकी संकेतों ने भी निवेशकों का ध्यान खींचा। रिपोर्ट के मुताबिक, निफ्टी के लिए 22,350 से 22,400 का दायरा अहम सपोर्ट स्तर माना जा रहा था। इस स्तर के आसपास खरीदारी आने से बाजार को संभलने में मदद मिली। हालांकि, आगे बाजार की चाल कंपनी के नतीजों, वैश्विक संकेतों, कच्चे तेल की कीमतों और निवेशकों की खरीद-बिक्री पर निर्भर करेगी। इसलिए तेजी के बावजूद निवेशकों को सावधानी के साथ फैसला लेना चाहिए।

Richa Tripathi
रिचा त्रिपाठीauthor

रिचा त्रिपाठी टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में बिजनेस डेस्क पर सीनियर कॉपी एडिटर के रूप में कार्यरत हैं। मीडिया इंडस्ट्री में 7 वर्षों के अनुभव के साथ रिचा, पर्सनल फाइनेंस, स्टॉक मार्केट, टैक्स प्लानिंग और अर्थव्यवस्था से जुड़े विषयों पर मजबूत पकड़ रखती हैं। अब तक 8,000 से अधिक कंटेंट लिख चुकी रिचा की विशेषता है—जटिल वित्तीय जानकारियों को सरल, स्पष्ट और भरोसेमंद तरीके से पाठकों तक पहुंचाना। वह ऐसी स्टोरीज तैयार करती हैं जो न केवल जानकारीपूर्ण होती हैं, बल्कि आम पाठक की वित्तीय समझ को बेहतर बनाने में भी मदद करती हैं।

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