SBI Q4 results: देश के सबसे बड़े सरकारी बैंक स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (SBI) ने वित्त वर्ष 2024-25 की चौथी तिमाही (Q4FY25) के नतीजे घोषित कर दिए हैं। इस तिमाही में बैंक का शुद्ध लाभ 10% की गिरावट के साथ ₹18,642.59 करोड़ रहा, जबकि पिछले साल इसी तिमाही में यह ₹20,698.35 करोड़ था। हालांकि, नेट इंटरेस्ट इनकम (NII) में 2.7% की वृद्धि हुई और यह ₹42,774.55 करोड़ रही।
वित्तीय प्रदर्शन (Key Financial Highlights)
भारतीय स्टेट बैंक (SBI) ने वित्त वर्ष 2024-25 की चौथी तिमाही (Q4FY25) के नतीजे जारी करते हुए बताया कि उसका शुद्ध लाभ साल-दर-साल (YoY) आधार पर 10% घटकर ₹18,642.59 करोड़ रह गया है। हालांकि, नेट इंटरेस्ट इनकम (NII) 2.7% की वृद्धि के साथ ₹42,774.55 करोड़ पर पहुंच गई। बैंक का नेट इंटरेस्ट मार्जिन (NIM) 32 बेसिस पॉइंट की गिरावट के साथ 3.15% रहा।
ऑपरेटिंग और एसेट क्वालिटी अपडेट
ऑपरेटिंग स्तर पर SBI का प्रदर्शन बेहतर रहा, जहां ऑपरेटिंग प्रॉफिट 8.83% बढ़कर ₹31,286 करोड़ हो गया। हालांकि, लोन लॉस प्रोविज़न में भी 20.35% की बढ़ोतरी दर्ज की गई और यह ₹3,964 करोड़ रहा। बैंक की एसेट क्वालिटी में सुधार देखने को मिला, जहां ग्रॉस NPA 1.82% और नेट NPA 0.47% रहा, जो क्रमशः 42 और 10 बेसिस पॉइंट का सुधार है। प्रोविजन कवरेज रेशियो 74.42% तक पहुंचा, जबकि क्रेडिट कॉस्ट 0.38% और कैपिटल एडिक्वेसी रेशियो 14.25% रही।
डिविडेंड और फंडरेजिंग की घोषणा
डिविडेंड की बात करें तो SBI ने ₹15.90 प्रति शेयर का डिविडेंड घोषित किया है। साथ ही, FY26 में ₹25,000 करोड़ तक की इक्विटी पूंजी जुटाने की योजना बनाई है, जो QIP, FPO, राइट्स इश्यू या प्रेफरेंशियल अलॉटमेंट जैसे माध्यमों से हो सकती है। बाजार में भी इस प्रदर्शन का सकारात्मक असर देखा गया, जहां शुक्रवार को SBI के शेयर 1.5% की बढ़त के साथ ₹800.05 पर बंद हुए।
डिस्क्लेमर : यहां शेयर बाजार में निवेश की सलाह नहीं दी गई है। इक्विटी मार्केट में जोखिम होता है, इसलिए निवेश अपने जोखिम पर करें। निवेश करने से पहले एक्सपर्ट की राय जरूर लें।
