GST Council Meeting: केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण की अगुवाई में और राज्यों के वित्त मंत्रियों समेत जीएसटी काउंसिल की 55वीं बैठक आज 21 दिसंबर को राजस्थान के जैसलमेर में हो रही है। लाइफ और हेल्थ इंश्योरेंस , विलासिता के सामान और विमानन टरबाइन ईंधन (एटीएफ) जैसी कैटेगरी के लिए प्रमुख दर संशोधनों पर विचार-विमर्श हुआ। अधिकारियों ने जानकारी दी कि जीएसटी काउंसिल ने लाइफ और हेल्थ इंश्योरेंस पॉलिसी के प्रीमियम पर टैक्स की दर घटाने का फैसला टाल दिया। सोमवार को जब शेयर बाजार खुलेगा तो जीएसटी काउंसिल की मीटिंग के फैसले का असर हेल्थ इंश्योरेंस और लाइफ इंश्योरेंस से जुड़े शेयरों पर पड़ सकता है। हेल्थ इंश्योरेंस और लाइफ इंश्योरेंस देने वाली लिस्टेड कंपनियों के शेयरों जैसे पॉलिसीबाजार (Policy Bazaar), गो डिजिट ( Go Digit) और निवा बूपा (Niva Bupa) के स्टॉक्स पर इसका असर हो सकता है।
जीएसटी काउंसिल की 55वीं बैठक में तय हुआ कि इस संबंध में कुछ और तकनीकी पहलुओं को दूर करने की जरुरत है। इस बारे में आगे विचार-विमर्श के लिए जीओएम को काम सौंपा गया। केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण की अध्यक्षता और राज्यों के उनके समकक्षों की मौजूदगी वाली काउंसिल ने यह फैसला किया।
बिहार के डिप्टी सीएम सम्राट चौधरी ने कहा कि समूह, व्यक्तिगत, वरिष्ठ नागरिकों की पॉलिसियों पर टैक्सेशन के बारे में फैसला करने के लिए बीमा पर जीओएम की एक और बैठक होगी। चौधरी ने मीडिया से कहा कि कुछ सदस्यों ने कहा कि और चर्चा की जरुरत है। हम (GoM) जनवरी में फिर मिलेंगे।
जीएसटी काउंसिल ने चौधरी की अध्यक्षता में इंश्योरेंस पर मंत्रियों के समूह (GoM) का गठन किया है, जिसने नवंबर में अपनी बैठक में सावधि जीवन बीमा पॉलिसियों के इंश्योरेंस प्रीमियम को जीएसटी से छूट देने पर सहमति जताई थी। साथ ही हेल्थ इंश्योरेंस कवर के लिए वरिष्ठ नागरिकों द्वारा दिए गए प्रीमियम को भी टैक्स से छूट देने का प्रस्ताव किया गया है।
वरिष्ठ नागरिकों के अलावा अन्य व्यक्तियों के 5 लाख रुपये तक के हेल्थ इंश्योरेंस के लिए भुगतान किए गए प्रीमियम को जीएसटी से छूट देने का भी प्रस्ताव है। हालांकि 5 लाख रुपये से अधिक के हेल्थ इंश्योरेंस कवर वाली पॉलिसी के लिए भुगतान किए गए प्रीमियम पर 18 प्रतिशत जीएसटी जारी रहेगा।
