Good Friday Stock Market Holiday: भारतीय शेयर बाजार से जुड़ी एक अहम खबर सामने आई है। अप्रैल 2026 की शुरुआत में ही निवेशकों को लगातार छुट्टियों का सामना करना पड़ रहा है। आज शुक्रवार 3 अप्रैल को भारतीय शेयर बाजार बंद रहेगा। इस दिन गुड फ्राइडे के कारण बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज (BSE) और नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) दोनों में ट्रेडिंग नहीं होगी। इसके अलावे दुनिया के कई बड़े शेयर बाजार भी बंद रहेंगे। यह अप्रैल महीने की पहली और इस सप्ताह की दूसरी छुट्टी है, जिससे निवेशकों की गतिविधियों पर असर पड़ सकता है।
इस हफ्ते दूसरी बार बंद है बाजार
गौरतलब है कि इससे पहले 31 मार्च को भी बाजार बंद रहा था। उस दिन महावीर जयंती के कारण ट्रेडिंग नहीं हुई थी। इस तरह एक ही सप्ताह में दो बार बाजार बंद रहने से ट्रेडिंग वॉल्यूम और निवेशकों की रणनीतियों पर असर देखने को मिल सकता है।
वैश्विक बाजारों पर भी असर
गुड फ्राइडे के अवसर पर सिर्फ भारत ही नहीं, बल्कि दुनिया के कई बड़े शेयर बाजार भी बंद रहते हैं। अमेरिका, एशिया और यूरोप के अधिकांश प्रमुख बाजारों में भी इस दिन छुट्टी रहती है। इसका मतलब है कि ग्लोबल ट्रेडिंग गतिविधियां भी सीमित रहती हैं और अंतरराष्ट्रीय निवेशकों की भागीदारी कम हो जाती है।
MCX भी रहेगा पूरी तरह बंद
केवल इक्विटी बाजार ही नहीं, बल्कि कमोडिटी मार्केट में भी इस दिन कारोबार नहीं होगा। मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) ने अपने कैलेंडर में पहले ही साफ कर दिया है कि 3 अप्रैल को सुबह और शाम दोनों सत्रों में ट्रेडिंग बंद रहेगी। यानी कमोडिटी ट्रेडर्स को भी इस दिन पूरी तरह विराम लेना होगा।
अप्रैल में एक और बड़ी छुट्टी
अप्रैल महीने में एक और महत्वपूर्ण छुट्टी आने वाली है। 14 अप्रैल को डॉ. बाबा साहेब अंबेडकर जयंती के अवसर पर भी शेयर बाजार बंद रहेगा। इस तरह अप्रैल में कुल मिलाकर दो अतिरिक्त छुट्टियां रहेंगी, जो वीकेंड से अलग होंगी।
पूरे साल में कितनी छुट्टियां?
शेयर बाजार के कैलेंडर के अनुसार, साल 2026 में BSE और NSE ने कुल 20 छुट्टियां तय की हैं। इनमें से 4 छुट्टियां वीकेंड पर पड़ रही हैं, इसलिए वास्तविक रूप से 16 दिन ऐसे होंगे जब कार्यदिवस पर बाजार बंद रहेगा। इनमें से अब तक 5 छुट्टियां बीत चुकी हैं, और गुड फ्राइडे को मिलाकर आगे 11 छुट्टियां और बाकी हैं।
आने वाले महीनों का शेड्यूल
आगे के महीनों की बात करें तो मई में दो छुट्टियां रहेंगी, जिनमें महाराष्ट्र दिवस और बकरीद शामिल हैं। इसके अलावा अक्टूबर और नवंबर में त्योहारों के कारण दो-दो दिन बाजार बंद रहेगा। जून, सितंबर और दिसंबर में एक-एक छुट्टी होगी, जबकि जुलाई और अगस्त में कोई अतिरिक्त बाजार अवकाश नहीं है।
निवेशकों के लिए क्या है मतलब?
लगातार छुट्टियों के कारण ट्रेडिंग के अवसर कम हो जाते हैं, जिससे बाजार में वॉल्यूम और लिक्विडिटी पर असर पड़ सकता है। निवेशकों को अपनी रणनीति पहले से तैयार रखनी चाहिए, खासकर जब एक ही सप्ताह में कई छुट्टियां पड़ रही हों। अप्रैल 2026 की शुरुआत शेयर बाजार के लिए धीमी रहने वाली है, और निवेशकों को इन छुट्टियों को ध्यान में रखकर ही अपने निवेश फैसले लेने चाहिए।
