Indian Navigation System Navic Will Mandatory Soon:अब भारत में किसी लोकेशन पर पहुंचने के लिए गूगल मैप यानी अमेरिका के GPS सिस्टम की जरूरत नहीं पड़ेगी। सरकार जल्द ही भारत में इस्तेमाल होने वाले सभी स्मार्टफोन में Navic ऐप का यूज करना होगा। Navic इसरो द्वारा विकसित मेड इन इंडिया नेविगेशन प्लेटफॉर्म है। जिसे अब भारत सरकार सभी स्मार्टफोन के लिए अनिवार्य करने जा रही है। अभी भारत में नेविगेशन के लिए अमेरिका द्वारा विकसित GPS का इस्तेमाल किया जाता है। हाल ही में Apple ने नए लांच हुए iPhone 15 Pro और iPhone 15 Pro Max में नाविक (Navic) का इन बिल्ट किया है। ऐसा पहली बार है जब एप्पल में मेड इन इंडिया नेविगेशन एप नाविक का इस्तेमाल किया गया है।
सरकार की क्या है तैयारी
ईटी की रिपोर्ट के अनुसार केंद्रीय इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी राज्य मंत्री राजीव चंद्रशेखर ने गुरूवार को कहा है कि सरकार नाविक ऐप को अनिवार्य करने जा रही है। इसके लिए डिवाइस में या तो नाविक सपोर्ट चिप लगाना होगा या फिर नाविक चिप सेट यूज करना होगा। 5 G फोन के लिए एक जनवरी 2025 से नाविक ऐप का इस्तेमाल अनिवार्य होगा। जबकि L1 बैंड पर काम करने वाले फोन जो कि GPS (Global Positioning System ) का इस्तेमाल करते हैं। उनके लिए दिसंबर 2025 से नाविक सपोर्ट वाले फोन डेवलप करना अनिवार्य हो सकता है।
क्या Navic
इसरो द्वारा विकसित नेविगेशन विद इंडियन कांस्टेलेशन (NavIC) एक सैटेलाइट आधारित नेविगेशन तकनीक है। जो 7 सेटेलाइट के जरिए काम करता है। इसके डेवलपमेंट में इंडियन रीजनल नेविगेशन सैटेलाइट सिस्टम (IRNSS) ने भी सहयोग किया है। यह भारत और भारतीय मुख्य भूमि के आसपास लगभग 1500 किमी तक फैले क्षेत्र में सटीक रियल- टाइम लोकेशन और समय सेवाएं प्रदान कर रहा है। इस प्रोग्राम को 2006 में करीब 17 करोड़ डॉलर के बजट से शुरू किया गया था। और 2018 से नाविक ऑपरेशनल है।
