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8th Pay Commission से 3.25 फिटमेंट फैक्टर और 7% सालाना वेतन वृद्धि की मांग, जानें कितनी बढ़ेगी सैलरी?

8th Pay Commission News: केंद्र सरकार में काम करने वाले लाखों कर्मचारी आठवें वेतन आयोग लागू होने का बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं। इस बीच आज दिल्ली में कर्मचारी संगठनों की बैठक शुरू होने जा रही है। इसमें फिटमेंट फैक्टर से लेकर सालाना इंक्रीमेंट समेत कई मुद्दों पर चर्चा होगी।

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8वां वेतन आयोग

8th Pay Commission News: केंद्र सरकार के बड़े कर्मचारी और पेंशन संगठन बुधवार (25 फरवरी, 2020) को राजधानी में नेशनल काउंसिल (स्टाफ साइड), जॉइंट कंसल्टेटिव मशीनरी (NC-JCM) की मीटिंग में शामिल हो रहे हैं। बता दें कि जॉइंट कंसल्टेटिव मशीनरी (NC-JCM) के तहत नेशनल काउंसिल (स्टाफ साइड) की ड्राफ्टिंग कमेटी नई दिल्ली में एक हफ्ते तक चलने वाली अहम मीटिंग शुरू करेगी। इसमें 1.2 करोड़ से ज़्यादा सेंट्रल गवर्नमेंट एम्प्लॉइज और पेंशनर्स की ओर से 8th सेंट्रल पे कमीशन (CPC) को पेश किए जाने वाले मांगों के एक कॉमन मेमोरेंडम को फाइनल किया जाएगा।

इस बैठक में 3.25 का फिटमेंट फैक्टर, 7% सालाना इंक्रीमेंट और रिटायरमेंट पर एनकैश्ड लीव को 300 से बढ़ाकर 400 करने जैसी मांगे शामिल हैं। बता दें कि यह मीटिंग जनपथ पर चंद्रलोक बिल्डिंग में 8th Pay Commission को ऑफिस स्पेस अलॉट होने के तुरंत बाद हो रही है, जिससे यह इशारा मिलता है कि कमीशन फॉर्मली अपने ऑपरेशनल स्टेज में आ गया है। कमीशन की चेयरपर्सन जस्टिस रंजना प्रकाश देसाई हैं।

यह मीटिंग क्यों जरूरी है?

यह ड्राफ्टिंग एक्सरसाइज इसलिए जरूरी है क्योंकि एम्प्लॉई यूनियन कमीशन के स्ट्रक्चर्ड कंसल्टेशन शुरू करने से पहले मांगों का एक साथ और डिटेल्ड चार्टर पेश करना चाहते हैं। आसान शब्दों में कहें तो, कर्मचारी यूनियन यह पक्का करना चाहते हैं कि फिटमेंट फैक्टर, पेंशन सुधार और इंक्रीमेंट जैसे मुद्दे कमीशन के सामने मजबूती से रखे जाएं, भले ही ToR में उनका साफ तौर पर जिक्र न हो।

3.25 फिटमेंट फैक्टर की मांग

फेडरेशन ऑफ नेशनल पोस्टल ऑर्गनाइज़ेशन्स (FNPO) ने एक सिंगल यूनिफॉर्म मल्टीप्लायर के बजाय “मल्टी-लेवल फिटमेंट फैक्टर” का सुझाव दिया है। यह प्रपोजल “एक्रॉयड फ़ॉर्मूला” पर आधारित है, जो चार सदस्यों वाले परिवार की जरूरी जरूरतों के आधार पर मिनिमम लिविंग वेज कैलकुलेट करता है।

प्रपोज्ड फिटमेंट स्ट्रक्चर

लेवल 1 से 5: 3.00 फैक्टर

लेवल 6 से 12: 3.05 से 3.10

लेवल 13 से 15: 3.05 से 3.15

लेवल 16 से 18: 3.25 तक

इस टियर वाले स्ट्रक्चर के पीछे का आइडिया निचले लेवल के कर्मचारियों को ज्यादा बेहतर सैलरी बढ़ोतरी देना है। लेवल 1 एंट्री-लेवल ग्रुप C पोस्ट के लिए है, जबकि लेवल 18 कैबिनेट सेक्रेटरी के लिए है।

अगर सीपीसी फिटमेंट फैक्टर के सुझाव को मान लेती है तो सैलरी में इस तरह बढ़ोतरी हो सकती है।

  • लेवल 1–5: बेसिक सैलरी 54,000 रुपये और 87,600 रुपये के बीच हो सकती है।
  • लेवल 6–12: 1,08,000 रुपये से 2,44,300 रुपये हो सकती है।
  • लेवल 13–15: 3,61,500 रुपये से 5,74,000 रुपये हो सकती है।
  • लेवल 16–18: 6,57,300 रुपये से 8,12,500 रुपये हो सकती है।

7% सालाना इंक्रीमेंट की मांग

एक और बड़ी मांग सालाना इंक्रीमेंट से जुड़ी है। अभी, केंद्र सरकार के कर्मचारियों को 3% सालाना इंक्रीमेंट मिलता है। एम्प्लॉई फेडरेशन की मांग है कि इसे बढ़ाकर 7% किया जाए, जबकि FNPO ने कम से कम 5% का सुझाव दिया है।

Alok Kumr
आलोक कुमार author

आलोक कुमार टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में एसोसिएट एडिटर के पद पर कार्यरत हैं। इलेक्ट्रॉनिक, डिजिटल और प्रिंट मीडिया में 17 वर्षों से अधिक का व्यापक अनुभव रखने वाले आलोक ने अपने पत्रकारिता करियर में कई प्रमुख कॉर्पोरेट इवेंट्स और चर्चित स्टोरीज कवर की हैं। वह बिजनेस, बैंकिंग, शेयर मार्केट और पर्सनल फाइनेंस पर गहरी समझ रखते हैं और जटिल वित्तीय जानकारियों को सरल, स्पष्ट और पाठक-केंद्रित तरीके से प्रस्तुत करने में माहिर हैं। अब तक आलोक ने लगभग 18,000 स्टोरीज लिखी हैं। उनकी लेखन शैली भरोसेमंद, विश्लेषणात्मक और व्यावहारिक जानकारी देने वाली होती है।

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