Greater Noida flats: अगर आप एनसीआर में रेडी टू मूव फ्लैट ढूंढ रहे हैं तो आपके लिए सुनहरा मौका है। ग्रेटर नोएडा अथॉरिटी फ्लैट की नई स्कीम लेकर आई है। इस स्कीम में आज से आवेदन की प्रक्रिया शुरू हो गई है। अथॉरिटी की ओर से दी गई जानकारी के अनुसार, एप्लीकेंट 18 फरवरी तक इस स्कीम के लिए रजिस्टर कर सकते हैं। मिली जानकारी के अनुसार, ये फ्लैट ग्रेटर नोएडा के सेक्टर ओमिक्रॉन 1A में है। इस स्कीम में 90 फ्लैट्स की ई-नीलामी होगी। अथॉरिटी ने फ्लैट्स की रिजर्व कीमत 73.2 लाख रुपये से 74.3 लाख रुपये के बीच रखी है। ये फ्लैट बिल्डिंग की पहली और 15वीं मंज़िल पर हैं। हर यूनिट का कारपेट एरिया 83.38 स्क्वायर मीटर और सुपर एरिया 104.7 स्क्वायर मीटर है।
किस तरह कर सकते हैं पेमेंट
अथॉरिटी की ओर से दी गई जानकारी के अनुसार, खरीदार फ्लैट का पेमेंट या तो एक साथ कर सकते हैं या चार किस्तों में। किस्तें दो साल की अवधि में देनी होंगी। ग्रेटर नोएडा अथॉरिटी के अनुसार, फ्लैट्स की लोकेशन काफी प्राइम है। ये ईस्टर्न और वेस्टर्न डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर, एनसीआर एक्सप्रेसवे, शैक्षणिक संस्थानों, कमर्शियल सेक्टर और रेजिडेंशियल इलाकों के पास स्थित हैं। इससे यहां रहने वालों को बेहतर कनेक्टिविटी और सुविधाएं मिलेंगी। इस सेक्टर की 130 मीटर चौड़ी सड़क से सीधी कनेक्टिविटी है, जिससे ग्रेटर नोएडा के दूसरे हिस्सों तक आसानी से पहुंचा जा सकता है। यह स्कीम खासकर उन निवासियों के लिए फायदेमंद है जो ग्रेटर नोएडा में घर चाहते हैं। क्योंकि ये फ्लैट पहले से बने हुए हैं, इसलिए अलॉटमेंट और लीज डीड की औपचारिकताएं पूरी होने के तुरंत बाद पजेशन दे दिया जाएगा, जिससे किराए के खर्च से तुरंत राहत मिलेगी।
इस तरह ई-नीलामी में ले सकते हैं भाग
ई-नीलामी की प्रक्रिया पूरी तरह ऑनलाइन होगी। इच्छुक खरीदारों को https://gnida.etender.sbi पोर्टल पर जाकर रजिस्ट्रेशन करना होगा। नीलामी से जुड़ी सभी शर्तें और नियम अथॉरिटी की वेबसाइट और अलॉटमेंट ब्रोशर में उपलब्ध हैं। बोली लगाने से पहले ब्रोशर को ध्यान से पढ़ने की सलाह दी गई है।
फ्लैट्स की कीमतें उनके साइज और सेक्टर के अनुसार तय की गई हैं। विज्ञापन में 102.1 वर्गमीटर से लेकर 130.7 वर्गमीटर तक के फ्लैट्स शामिल हैं। रिजर्व प्राइस लगभग ₹73.23 लाख से ₹74.35 लाख के बीच रखी गई है। सफल बोलीदाता को तय समयसीमा के भीतर राशि जमा करनी होगी।
अथॉरिटी ने साफ किया है कि अगर तय समय में भुगतान नहीं किया गया तो आवंटन रद्द किया जा सकता है। साथ ही, नीलामी में हिस्सा लेने वाले किसी भी बोलीदाता को बिना कारण बताए बोली से बाहर किया जा सकता है।
